TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    “ऑपरेशन गैंग बस्ट 2.0

    दिल्ली पुलिस की बड़ी कार्रवाई, हाशिम बाबा-राशिद गैंग के छह शूटर हथियारों समेत गिरफ्तार

    शुभेंदु अधिकारी की पहली कैबिनेट से भाजपा ने बंगाल में सामाजिक

    सुवेंदु सरकार का बांग्लादेश सीमा पर बाड़बंदी के लिए BSF को जमीन देने का ऐलान,  आखिर भारत-बांग्लादेश सीमा पर बाड़बंदी वर्षों तक क्यों अटकी रही?

    पोखरण के संकल्प से टेक्नोलॉजी शक्ति तक

    पीएम मोदी ने राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस पर पोखरण से तकनीकी शक्ति तक भारत की यात्रा को किया उजागर

    Kirtna

    धारा प्रवाह हिंदी, चंद्र बाबू नायडू की चुनाव कंसल्टेंट: कौन हैं थलपति विजय के मंत्रिमंडल की सबसे युवा मंत्री कीर्तना ?

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    साउथ एशिया का ‘एनर्जी गार्जियन’ बना भारत: संकट के दौर में पड़ोसियों को दी नई जीवनरेखा

    साउथ एशिया का ‘एनर्जी गार्जियन’ बना भारत: संकट के दौर में पड़ोसियों को दी नई जीवनरेखा

    किस्मत भारत पर मेहरबान: वैश्विक गैस कीमतों में गिरावट से बदला खेल, LPG संकट से उबरने की नई रणनीति

    किस्मत भारत पर मेहरबान: वैश्विक गैस कीमतों में गिरावट से बदला खेल, LPG संकट से उबरने की नई रणनीति

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को सीजफायर के लिए कैसे मजबूर किया

    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को युद्धविराम के लिए कैसे मजबूर किया ?

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    Donald Trump Iran ceasefire

    हॉर्मुज टोल टैक्स: अपनी जान छुड़ाने के लिए ट्रम्प पूरी दुनिया को फिरौती, महंगाई के नए दलदल में बेरहमी से झोंक चुके हैं

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    महाराणा प्रताप जयंती: भारत ने उस राजा की विरासत को पुनर्जीवित किया जिसने अधीनता के बजाय प्रतिरोध को चुना, पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि

    महाराणा प्रताप जयंती: भारत ने उस राजा की विरासत को पुनर्जीवित किया जिसने अधीनता के बजाय प्रतिरोध को चुना, पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि

    Narad jayanti

    लोक-कल्याण संचारक और संदेशवाहक देवर्षि नारद एवं वर्तमान पत्रकारिता की स्थिति

    सीबीएसई कक्षा 12 के परिणाम 2026 जल्द आने की संभावना, सत्यापन अंतिम चरण में

    सीबीएसई कक्षा 12 के परिणाम 2026 जल्द आने की संभावना, सत्यापन अंतिम चरण में

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    “ऑपरेशन गैंग बस्ट 2.0

    दिल्ली पुलिस की बड़ी कार्रवाई, हाशिम बाबा-राशिद गैंग के छह शूटर हथियारों समेत गिरफ्तार

    शुभेंदु अधिकारी की पहली कैबिनेट से भाजपा ने बंगाल में सामाजिक

    सुवेंदु सरकार का बांग्लादेश सीमा पर बाड़बंदी के लिए BSF को जमीन देने का ऐलान,  आखिर भारत-बांग्लादेश सीमा पर बाड़बंदी वर्षों तक क्यों अटकी रही?

    पोखरण के संकल्प से टेक्नोलॉजी शक्ति तक

    पीएम मोदी ने राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस पर पोखरण से तकनीकी शक्ति तक भारत की यात्रा को किया उजागर

    Kirtna

    धारा प्रवाह हिंदी, चंद्र बाबू नायडू की चुनाव कंसल्टेंट: कौन हैं थलपति विजय के मंत्रिमंडल की सबसे युवा मंत्री कीर्तना ?

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    साउथ एशिया का ‘एनर्जी गार्जियन’ बना भारत: संकट के दौर में पड़ोसियों को दी नई जीवनरेखा

    साउथ एशिया का ‘एनर्जी गार्जियन’ बना भारत: संकट के दौर में पड़ोसियों को दी नई जीवनरेखा

    किस्मत भारत पर मेहरबान: वैश्विक गैस कीमतों में गिरावट से बदला खेल, LPG संकट से उबरने की नई रणनीति

    किस्मत भारत पर मेहरबान: वैश्विक गैस कीमतों में गिरावट से बदला खेल, LPG संकट से उबरने की नई रणनीति

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को सीजफायर के लिए कैसे मजबूर किया

    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को युद्धविराम के लिए कैसे मजबूर किया ?

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    Donald Trump Iran ceasefire

    हॉर्मुज टोल टैक्स: अपनी जान छुड़ाने के लिए ट्रम्प पूरी दुनिया को फिरौती, महंगाई के नए दलदल में बेरहमी से झोंक चुके हैं

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    महाराणा प्रताप जयंती: भारत ने उस राजा की विरासत को पुनर्जीवित किया जिसने अधीनता के बजाय प्रतिरोध को चुना, पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि

    महाराणा प्रताप जयंती: भारत ने उस राजा की विरासत को पुनर्जीवित किया जिसने अधीनता के बजाय प्रतिरोध को चुना, पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि

    Narad jayanti

    लोक-कल्याण संचारक और संदेशवाहक देवर्षि नारद एवं वर्तमान पत्रकारिता की स्थिति

    सीबीएसई कक्षा 12 के परिणाम 2026 जल्द आने की संभावना, सत्यापन अंतिम चरण में

    सीबीएसई कक्षा 12 के परिणाम 2026 जल्द आने की संभावना, सत्यापन अंतिम चरण में

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

नितीश कुमार विश्वास के योग्य नहीं, भाजपा को तुरंत करना चाहिए उन्हें डंप

TFI Desk द्वारा TFI Desk
3 June 2019
in समीक्षा
नितीश कुमार जेडीयू बीजेपी
Share on FacebookShare on X

जब प्रधानमंत्री मोदी ने 57 अन्य सांसदों के साथ 30 मई को नए केन्द्रीय मंत्रिमंडल के मुखिया के तौर पर शपथ ली, तो उनके शपथ ग्रहण समारोह में सम्मिलित होने के लिए लोगों का हुजूम लग गया। जहां की देश की तमाम हस्तियां इस भव्य समारोह में हिस्सा लेने के लिए पहुंची, तो वहीं कुछ विपक्षी नेताओं ने अपनी संकीर्ण राजनीति का परिचय देते हुए इस शपथ ग्रहण समारोह से दूरी बनाए रखी।

हालांकि, एक वर्ग ऐसा भी था, जिसकी अनुपस्थिति ने कई राजनीतिक विशेषज्ञों और समारोह में मौजूद कई लोगों को हैरत में डाल दिया। यह वर्ग था जेडीयू और उनके नितीश कुमार का, जिन्होंने पीएम मोदी और उनके नए मंत्रिमंडल के शपथ ग्रहण समारोह में हिस्सा नहीं लिया। सूत्रों की माने, तो नितीश बाबू इस बात से नाराज़ हैं, कि उन्हें पीएम मोदी के नए मंत्रिमंडल में उनके ‘कद अनुसार’ प्रतिनिधित्व नहीं मिला। भाजपा ने वही ऑफर दिया जो अन्य दलों के समक्ष रखा था जबकि बिहार में नितीश कुमार की पकड़ बीते वर्षों में कमजोर हुई है 

संबंधितपोस्ट

बांग्लादेशी जमात नेता के बयान से बंगाल में राजनीतिक विवाद, ममता बनर्जी और दिल्ली पर बढ़ा तनाव

क्या ‘युवा संकल्प’ बदलेगा बंगाल का भविष्य ? असंतोष…संभावनाएँ और परिवर्तन की दस्तक !

DU एंट्रेंस में कांग्रेस का ‘जाति’ कार्ड और बिहार में ‘राजपूत’ लड़की की गैंगरेप के बाद हत्या: क्या राहुल सारण में मृतका के घर जा कर इंसाफ़ मांगेंगे?

और लोड करें

पर सच्चाई तो कुछ और ही है। नितीश कुमार को भाजपा ने 1 मंत्रालय देने की पेशकश की थी लेकिन नितीश कुमार ने ऑफर ठुकरा दिये। जबकि एनडीए के अन्य घटक दलों ने जो भी ऑफर मिला उसे स्वीकार कर लिया। 

इतना ही नहीं, नितीश कुमार ने तो पीएम मोदी को प्रधानमंत्री का पद मिलने की शुभकामनाएं भी नहीं दी। अब इतनी बेरुखी तो मोदी जी के सबसे कट्टर शत्रुओं ने भी नहीं दिखाई थी। बात तो यहां तक पहुंच गयी कि अपनी इफ्तार पार्टी में नितीश कुमार ने भाजपा नेताओं को निमंत्रण तक नहीं भेजा जबकि  हिंदुस्तान अवाम मोर्चा के मुखिया और पूर्व मुख्यमंत्री जितन राम मांझी उनकी पार्टी का हिस्सा बने।

ऐसे में अब ये कयास लगाए जा रहे हैं कि कहीं नितीश कुमार 2014 की तरह एक बार फिर अपनी बात से पलटने तो नहीं वाले? यदि ये सच है, तो भाजपा को जदयू के साथ किसी प्रकार का गठबंधन अब नहीं रखना चाहिए या यूं कहें भाजपा को अब जेडीयू के साथ गठबंधन को ही खत्म कर देना चाहिए..  इसके कुछ प्रमुख कारण हैं और वो कारण कौनसे हैं उसपर एक नजर डाल लेते हैं–

 नितीश कुमार किसी के सगे नहीं है..  

‘ऐसा कोई नहीं जिसे नितीश कुमार ने ठगा नहीं’ .. ये पंक्तियां नितीश कुमार को लेकर राजनीतिक गलियारों में मशहूर है और इसके पीछे की बड़ी वजह है नितीश कुमार का सत्ता पर खतरा मंडराने पर गिरगिट की तरह रंग बदलने और सत्ता को बनाये रखने की उनकी भूख।

यदि कोई भारत का राजनीतिक इतिहास ठीक से पढ़ा हो, तो उसे पता चल जाएगा की नितीश कुमार पलटने में कितने उस्ताद हैं। एक समय पर लालू यादव के खास माने जाने वाले नितीश कुमार 1995 के बाद एनडीए से जुड़ गए। कई वर्षों बाद जब इनके लाख विरोध के बावजूद नरेंद्र मोदी को एनडीए का प्रधानमंत्री उम्मीदवार बनाया गया, तो उन्होंने एनडीए से संबंध तोड़ते हुए राजद से एक बार फिर अपने संबंध मजबूत किए। अपने स्वार्थ के लिए नितीश कुमार कब अपने सहयोगी पार्टी को धोखा दें इसपर कुछ भी कहा नहीं जा सकता। हां, ये जरुर है कि वो भरोसे लायक नहीं है। इसी स्वभाव को लेकर राष्ट्रीय लोक समता पार्टी के अध्यक्ष उपेंद्र कुशवाहा ने मौजूदा भाजपा सरकार को आगाह भी किया और भाजपा को धोखा नंबर 2 के लिए तैयार रहने की सलाह दी।

वास्तव में नीतीश कुमार जनादेश का अपमान करने के लिए जाने जाते हैं। जनता के जनादेश और .. गठबंधन के सहयोगियों को धोखा देना उनकी पुरानी आदत है। इस बार भी कुछ ऐसा होता हुआ नजर आ रहा है. एक तरफ तो उन्होंने मंत्रिमंडल में शामिल होने के ऑफर को ठुकराया दूसरी तरफ उनका कहना है कि वो मजबूती के साथ भाजपा के साथ खड़े हैं। अब वो ऐसा कहें भी क्यों ..भाजपा के बिना राज्य में उनकी पार्टी कहां खड़ी है इस बात को वो अच्छी तरह से समझते हैं। ऐसे में भाजपा को नितीश कुमार के इस रुख को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।

बिहार की राजनीति में अलग-थलग पड़ जायेगा जेडीयू

 जेडीयू के पास बीजेपी के साथ रहने के अलावा कोई दूसरा विकल्प नहीं बचा है। यदि वो अकेले चुनाव लड़ने की सोचते हैं तो बिहार में उन्हें आरजेडी-कांग्रेस और बीजेपी दोनों के खिलाफ लड़ना होगा ऐसे में उनके हिस्से में बहुत कम ही सीटें जायेंगी। इस बार के लोकसभा चुनाव में भाजपा का प्रदर्शन काफी अच्छा रहा है जबकि जेडीयू को जो भी सीटें मिली है वो भाजपा के साथ गठबंधन की वजह से हुआ है।  बिहार में नितीश कुमार अब पहले की तरह लोकप्रिय भी नहीं रहे हैं और अगर वो एक अच्छे सहयोगी की तलाश में हैं यो दुर्भाग्यवश..वो अपनी सभी लाइफलाइन पहले ही खत्म कर चुके हैं। नितीश कुमार ने दल-बदल करने की अपनी नीति से एक बुरी छवि स्थापित की है और यही कारण है कि राजद के तेजस्वी यादव ने नितीश कुमार के लिए सभी दरवाजे पहले ही हमेशा के लिए बंद कर दिए थे।  तेजस्वी यादव ने कहा था कि, भविष्य में उनका कभी भी आरजेडी या आरजेडी के नेतृत्व वाले गठबंधन में कोई जगह नहीं होगी। उन्होंने ये भी कहा था कि, नितीश कुमार ने हमेशा विश्वासघात किया है।

स्पष्ट है कि राजद के आलाकमान पिछली बार की अपनी बेइज्जती को बिलकुल नहीं भूले हैं। यदि इस बार नितीश बाबू एनडीए से नाता तोड़ते हैं, तो इस बार राजद या कांग्रेस में से कोई भी उन्हें बचाने के लिए आगे नहीं आएगा। ऐसे में 2020 में बिहार विधानसभा चुनाव त्रिकोणीय मुक़ाबले में परिवर्तित हो जाएगा, जिसका फायदा सबसे ज़्यादा भाजपा को ही मिलेगा। 

बिहार में भाजपा का मजबूत जनाधार

यदि इस बार नितीश कुमार भी अपने रंग बदलते हैं, तो त्रिकोणीय मुक़ाबला होने के नाते भाजपा को पिछली बार के मुक़ाबले इस बार ज़्यादा फायदा होगा। शायद नितीश बाबू यह भूल गए हैं कि इस बार लोकसभा चुनाव में जदयू भाजपा की लोकप्रिय छवि के कारण ही राज्य में 16 सीट अर्जित कर पायी थी। पिछली भाजपा से अलग चुनाव लड़ने पर जदयू को केवल 4 सीट ही प्राप्त हुई थी। वहीं, 2015 में बिहार विधानसभा चुनाव में इसके वोट शेयर में 5.81% की गिरावट आयी थी। जेडीयू का  वोट शेयर सिर्फ 16.8 फीसदी था और आरजेडी के साथ गठबंधन में 71 सीटें जीती थीं वहीं बीजेपी ने अपने दम पर 53 ऐसे सीटें जीती थीं। 2015 में बिहार विधानसभा चुनावों में बीजेपी का वोट शेयर 24.4% के कुल वोट शेयर के साथ 7.9 4% बढ़ गया। ऐसे में ये स्पष्ट है कि जेडीयू पार्टी अकेले चुनाव जीतने में सक्षम नहीं है। ऐसे में भाजपा को जेडीयू के साथ बने रहने की कोई मज़बूरी नजर नहीं आती। जिस तरह से बीते वर्षों में अपनी योजनाओं और काम के दम पर भाजपा ने बिहार में अपनी पकड़ मजबूत की है वो किसी से छुपा भी नहीं और अगर वो अगले वर्ष होने वाले विधानसभा चुनाव में अकेले जाती है तो भाजपा अपने दम पर बिहार में पहली बार सरकार बनाने में सफल हो सकती है।

आखिर में हम उम्मीद करते हैं किनितीश बाबू को सद्बुद्धि मिले और वे भाजपा के साथ अपनी गलतफहमियों को दूर करते हुये एनडीए को और शक्तिशाली बनाए। लेकिन यदि वे ऐसा करने में असफल रहे, तो इस बार उन्हें हाशिये पर जाने से कोई नहीं बचा पाएगा, महागठबंधन भी नहीं।

Tags: नितीश कुमारबिहारबीजेपी
शेयर1247ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

मध्य प्रदेश में अघोषित बिजली कटौती, कांग्रेस के मंत्री ने कहा ‘भाजपा करा रही साजिश’

अगली पोस्ट

एक ओर डीयू स्टाफ वेतन को ले के हैं चिंतित, वहीं केजरीवाल बांट रहे हैं अबतक का सबसे बड़ा ‘फ्री गिफ्ट’

संबंधित पोस्ट

गवर्नर ने मांगा समर्थन का सबूत: क्या तमिलनाडु में विजय के साथ हो रहा है अन्याय?
चर्चित

गवर्नर ने मांगा समर्थन का सबूत: क्या तमिलनाडु में विजय के साथ हो रहा है अन्याय?

7 May 2026

तमिलनाडु की राजनीति आज एक ऐसे चौराहे पर खड़ी है जहाँ लोकतंत्र की परिभाषा और राज्यपाल के अधिकारों के बीच सीधी जंग छिड़ गई है।...

Modi in BJP Head Office
चर्चित

आखिर कैसे आए ये चुनाव परिणाम ?

6 May 2026

पांच राज्यों के चुनाव परिणामों पर कोई एक सुसंबद्ध टिप्पणी संपूर्ण स्थितियों का विश्लेषण नहीं कर सकता। सारे राज्यों के राजनीतिक समीकरण और स्थानीय मुद्दे...

2026 विधानसभा एग्जिट पोल: क्या देश में फिर चल रही है NDA की लहर? पाँच राज्यों का पूरा विश्लेषण
राजनीति

2026 विधानसभा एग्जिट पोल: क्या देश में फिर चल रही है NDA की लहर? पाँच राज्यों का पूरा विश्लेषण

1 May 2026

भारतीय राजनीति में 'परिणाम' से पहले का 'पूर्वानुमान' हमेशा से ही रोमांचक रहा है। 2026 के विधानसभा चुनावों के मतदान समाप्त होते ही विभिन्न सर्वे...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

00:05:40

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

00:05:21

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited