TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पाकिस्तान की राजनीति में सैन्य प्रभाव का बदला हुआ

    PTI के खिलाफ रणनीति: पाकिस्तान में राजनीतिक नियंत्रण का बदला हुआ चेहरा

    अजय सिंघल बने हरियाणा के नए डीजीपी

    नए साल की पूर्व संध्या पर अजय सिंघल बने हरियाणा के नए डीजीपी

    चीनी पक्ष अमेरिका के नक्शे कदम पर चल रहा है

    नई दिल्ली ने खारिज किया चीन का दावा, बताया ‘बिज़ार’ और राजनीति से प्रेरित

    खालिदा जिया के निधन से शोक में बांग्लादेश

    बांग्लादेश की राजनीति में युग का अंत: खालिदा जिया के निधन पर शेख हसीना ने जताया दुख

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    खनन क्षेत्र में बेहतरीन काम के लिए केंद्र सरकार ने धामी सरकार की तारीफ की

    खनन सुधारों में फिर नंबर वन बना उत्तराखंड, बेहतरीन काम के लिए धामी सरकार को केंद्र सरकार से मिली 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    डॉ. जयतीर्थ आर. जोशी को ब्रह्मोस एयरोस्पेस का महानिदेशक नियुक्त किया था

    ब्रह्मोस एयरोस्पेस के DG & CEO की नियुक्ति रद्द,  ट्रिब्यूनल ने DRDO की चयन प्रक्रिया को बताया मनमाना

    16 दिसंबर को पाकिस्तान के पूर्वी मोर्चे के कमांडर जनरल ए के नियाजी ने 93,000 सैनिकों के साथ सरेंडर किया था

    ढाका सरेंडर: जब पाकिस्तान ने अपने लोगों की अनदेखी की और अपने देश का आधा हिस्सा गंवा दिया

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    शिप बेस्ड ISBM लॉन्च के पाकिस्तान के दावे में कितना दम है

    पाकिस्तान जिस SMASH मिसाइल को बता रहा है ‘विक्रांत किलर’, उसकी सच्चाई क्या है ?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    ग्रेगोरियन नववर्ष

    ग्रेगोरियन नववर्ष: कब और कैसे हुई इसकी शुरुआत

    उमर ख़ालिद मामले में अमेरिकी दखल

    उमर ख़ालिद की ज़मानत को लेकर अमेरिकी सांसदों का दबाव, भारत के राजदूत को लिखा पत्र

    युद्ध समाप्ति की चुनौती: ज़ेलेंसकी का मुश्किल मोड़

    ज़ेलेंसकी और युद्ध का जटिल खेल: समाप्ति से अधिक खतरनाक बन गया संघर्ष

    बांग्लादेश में अमेरिकी जीएमओ मक्का का आगमन, क्षेत्रीय खाद्य संप्रभुता पर खतरा

    अमेरिकी जीएमओ मक्का पर पश्चिम का दबदबा, ठेकेदारों ने किया अधिग्रहण

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    भारतीय संविधान

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकारों की संकल्पना हमारे लिए नई नहीं है, ये भारतीय ज्ञान परंपरा का अभिन्न हिस्सा है

    औरंगज़ेब ने जोरावर सिंह और फतेह सिंह को दीवार मे ज़िंदा चुनवाने का आदेश दिया था

    वीर बाल दिवस: क्रिसमस-नववर्ष का जश्न तो ठीक है लेकिन वीर साहिबजादों का बलिदान भी स्मरण रहे

    गुरु गोबिंद सिंह जी ने मुगल शासक औरंगज़ेब की अधीनता स्वीकार करने से इंकार कर दिया

    वीर बाल दिवस: उत्सवों के बीच साहिबज़ादों के अमर बलिदान को नमन

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पाकिस्तान की राजनीति में सैन्य प्रभाव का बदला हुआ

    PTI के खिलाफ रणनीति: पाकिस्तान में राजनीतिक नियंत्रण का बदला हुआ चेहरा

    अजय सिंघल बने हरियाणा के नए डीजीपी

    नए साल की पूर्व संध्या पर अजय सिंघल बने हरियाणा के नए डीजीपी

    चीनी पक्ष अमेरिका के नक्शे कदम पर चल रहा है

    नई दिल्ली ने खारिज किया चीन का दावा, बताया ‘बिज़ार’ और राजनीति से प्रेरित

    खालिदा जिया के निधन से शोक में बांग्लादेश

    बांग्लादेश की राजनीति में युग का अंत: खालिदा जिया के निधन पर शेख हसीना ने जताया दुख

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    खनन क्षेत्र में बेहतरीन काम के लिए केंद्र सरकार ने धामी सरकार की तारीफ की

    खनन सुधारों में फिर नंबर वन बना उत्तराखंड, बेहतरीन काम के लिए धामी सरकार को केंद्र सरकार से मिली 100 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    तेल, हीरे और हिंदुस्तान की नई भू-राजनीति: जब अफ्रीका की धरती पर एक साथ गूंजेगी भारत की सभ्यता, रणनीति और शक्ति की आवाज

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    80% खेती सिंधु पर, तालाब भी नहीं बचे! भारत की जल-नीति और अफगानिस्तान के फैसले ने पाकिस्तान को रेगिस्तान में धकेला, अब न पानी होगा, न रोटी, न सेना की अकड़

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    हमसे दुश्मनी महंगी पड़ेगी: भारत की सतर्कता और बांग्लादेश की गलती, जानें बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर कैसे पड़ रही चोट

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    डॉ. जयतीर्थ आर. जोशी को ब्रह्मोस एयरोस्पेस का महानिदेशक नियुक्त किया था

    ब्रह्मोस एयरोस्पेस के DG & CEO की नियुक्ति रद्द,  ट्रिब्यूनल ने DRDO की चयन प्रक्रिया को बताया मनमाना

    16 दिसंबर को पाकिस्तान के पूर्वी मोर्चे के कमांडर जनरल ए के नियाजी ने 93,000 सैनिकों के साथ सरेंडर किया था

    ढाका सरेंडर: जब पाकिस्तान ने अपने लोगों की अनदेखी की और अपने देश का आधा हिस्सा गंवा दिया

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    संसद हमले की बरसी: आपको कॉन्स्टेबल कमलेश कुमारी याद हैं? 

    शिप बेस्ड ISBM लॉन्च के पाकिस्तान के दावे में कितना दम है

    पाकिस्तान जिस SMASH मिसाइल को बता रहा है ‘विक्रांत किलर’, उसकी सच्चाई क्या है ?

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    ग्रेगोरियन नववर्ष

    ग्रेगोरियन नववर्ष: कब और कैसे हुई इसकी शुरुआत

    उमर ख़ालिद मामले में अमेरिकी दखल

    उमर ख़ालिद की ज़मानत को लेकर अमेरिकी सांसदों का दबाव, भारत के राजदूत को लिखा पत्र

    युद्ध समाप्ति की चुनौती: ज़ेलेंसकी का मुश्किल मोड़

    ज़ेलेंसकी और युद्ध का जटिल खेल: समाप्ति से अधिक खतरनाक बन गया संघर्ष

    बांग्लादेश में अमेरिकी जीएमओ मक्का का आगमन, क्षेत्रीय खाद्य संप्रभुता पर खतरा

    अमेरिकी जीएमओ मक्का पर पश्चिम का दबदबा, ठेकेदारों ने किया अधिग्रहण

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारतीय संविधान और मौलिक अधिकार

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकार बाहर से नहीं आए, इनकी संकल्पना भारतीय ज्ञान परंपरा में सदियों से मौजूद है

    भारतीय संविधान

    हमारा संविधान: मौलिक अधिकारों की संकल्पना हमारे लिए नई नहीं है, ये भारतीय ज्ञान परंपरा का अभिन्न हिस्सा है

    औरंगज़ेब ने जोरावर सिंह और फतेह सिंह को दीवार मे ज़िंदा चुनवाने का आदेश दिया था

    वीर बाल दिवस: क्रिसमस-नववर्ष का जश्न तो ठीक है लेकिन वीर साहिबजादों का बलिदान भी स्मरण रहे

    गुरु गोबिंद सिंह जी ने मुगल शासक औरंगज़ेब की अधीनता स्वीकार करने से इंकार कर दिया

    वीर बाल दिवस: उत्सवों के बीच साहिबज़ादों के अमर बलिदान को नमन

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    नीतीश कुमार

    जेडी(यू) के ख़िलाफ़ एंटी इन्कंबेसी क्यों नहीं होती? बिहार में क्यों X फैक्टर बने हुए हैं नीतीश कुमार?

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    क्यों PariPesa भारत रोमांचक एविएटर क्रैश गेम्स का अनुभव लेने के लिए सबसे बेहतरीन जगह है

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

सौ प्रपंच रचे फिर भी औंधे मुंह गिरी ब्रह्मास्त्र, लाइफ टाइम कमाई से बॉलीवुड की बत्ती गुल

ब्लॉकबस्टर फ्लॉप अगर कुछ होता है तो यही है- यही है- यही है।

Animesh Pandey द्वारा Animesh Pandey
24 September 2022
in चलचित्र
ब्रह्मास्त्र बॉक्स ऑफिस

Source- TFI

Share on FacebookShare on X

ब्रह्मास्त्र बॉक्स ऑफिस: तो भाई आखिरकार वही हुआ जिसके लिए सभी को बहुत दिनों से प्रतीक्षा थी। लाख प्रपंच, 9000 स्क्रीन और भरसक PR एवं प्रोपेगेंडा के बाद भी ब्रह्मास्त्र का सत्य सबके समक्ष उजागर हो ही गया। जो करण जौहर अपने आप को बॉलीवुड का सिरमौर समझता है, वह अपनी फिल्म को हिट तक नहीं करा पाया, यह एक अविश्वसनीय पर अकाट्य सत्य है। भ्रम अवश्य फैला और धन भी खूब व्यर्थ गया परंतु जनता का क्रोध निष्फल नहीं हुआ।

असल में बॉलीवुड हंगामा की रिपोर्ट के अनुसार ब्रह्मास्त्र के तीसरे हफ्ते की रिपोर्ट्स को देखते हुए इसका लाइफटाईम बॉक्स ऑफिस का घरेलू कलेक्शन लगभग 275 करोड़ के आसपास माना जा रहा है। तो भाई करण जौहर और अयान मुखर्जी, आखिर क्या विशेष उपलब्धि प्राप्त कर ली आपने? विश्व भर में 9000 स्क्रीन कब्जिया कर, टिकटों के रेट 300 रुपये से कम न रखकर और स्टोरी के नाम पर नाना प्रकार की नौटंकी के बाद यदि आपको लगता है कि आप जनता को मनोरंजन परोस रहे हैं तो आप पता नहीं कौन सा विषपान कर रहे हैं बंधु।

संबंधितपोस्ट

बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

सलमान से शाहरुख तक, ऑपरेशन सिंदूर पर क्यों खामोश रहे ‘रील हीरोज़’?

वैष्णो देवी मंदिर के पास रशियन छोरी संग शराब पी रहा था ‘बॉलीवुड का लाल’ ओरी, पुलिस ने दिए गिरफ्तारी के आदेश

और लोड करें

बॉलीवुड हंगामा के अनुसार यदि ब्रह्मास्त्र 275 करोड़ कमा ले तो वह इंडस्ट्री के लिए एक ‘क्लीन हिट’ बन जाएगी। क्लीन हिट? सिर्फ 250 करोड़ के पार चली गई तो क्लीन हिट? राजस्व, जनता के विचार और कॉमन सेंस, सब गया तेल लेने! हाल ही में ब्रह्मास्त्र के कथित बॉक्स ऑफिस सक्सेस पर आलिया भट्ट खीसे निपोरते हुए बोल रही हैं, रिव्यूज अच्छी हैं तभी तो फिल्म चलेगी न, वरना बॉक्स ऑफिस पर फिल्म आग न लगाती। इतना ही नहीं, फिल्म के मीडिया विभाग ने प्रथम हफ्ते का वैश्विक कलेक्शन 300 करोड़ पार बता दिया था।

और पढ़ें: रणबीर, आलिया और अयान को Brahmastra बनाने के लिए इनाम में मूली मिलनी चाहिए

लाख प्रपंच के बावजूद बॉक्स ऑफिस पर फ्लॉप हो गई ब्रह्मास्त्र

भाई एक बात तो माननी पड़ेगी, आग लगायी है इस फिल्म ने। परंतु वंशवादी खेमे में मचे त्राहिमाम को अगर आप बॉक्स ऑफिस की आग समझ रहे हैं, तो सोचिए सोचिए, सोचने पर टैक्स थोड़े ही लगता है। भला हो कि आप पर फिल्म का 99 प्रतिशत फोकस नहीं था, नहीं तो फिल्म ऑस्कर के लिए छोड़िए, बाटलीवाला अवॉर्ड के योग्य भी नहीं समझी जाती। और बॉक्स ऑफिस के आग की बात कर ही रही हैं तो इन पर भी कृपा दृष्टि डालते हैं। करण जौहर ने सब कुछ कब्जिया लिया, सिस्टम, मीडिया, यहां तक कि थोड़ी सी पब्लिक भी। परंतु परिणाम? प्रथम हफ्ते में घरेलू कलेक्शन 170 करोड़ और वैश्विक कलेक्शन कुछ 280 करोड़ के आसपास। ये हम नहीं कह रहे हैं, ये बॉलीवुड हंगामा के फिगर्स कह रहे हैं तो फिर प्रथम हफ्ते का कलेक्शन 300 करोड़ कैसे पहुंच गया? ये 20 करोड़ कहां से आए? मंगल ग्रह से निकाले हो के?

आलिया भट्ट इस खेल में कोई नयी नहीं हैं। इसी वर्ष इनकी एक फिल्म और प्रदर्शित हुई- गंगूबाई काठियावाड़ी। क्रिटिक्स तो सब मानो इनकी एक झलक की प्रतीक्षा कर रहे थे कि कब आएं और कब ये अपने स्टार लुटाएं और इनके प्रशंसा के पुल बांधने वालों की कोई कमी नहीं थी। परंतु परिणाम क्या निकला? इतनी नौटंकी के बाद भी फिल्म फ्लॉप सिद्ध हुई क्योंकि 160 करोड़ के बजट पर बनी यह फिल्म पूरे भारत से मात्र 120 करोड़ जुटा पायी। बाकी के 82 करोड़ विदेश से आए। ऐसे में मीडिया और बुद्धिजीवी निरे मूर्ख हो सकते हैं, जनता नहीं!

कंटेंट में जान होगी तभी तो चलेगी फिल्म

अब राजस्व की बात चली ही है तो ब्रह्मास्त्र की औकात की बात कर लेते हैं। इसी रिपोर्ट में कहा गया है कि एक बार यह फिल्म द कश्मीर फाइल्स का 253 करोड़ का आंकड़ा पार कर ले तो साल की सबसे बड़ी हिट बन जाएगी। अच्छा जी, बंधु पता भी है द कश्मीर फाइल्स कैसे प्रदर्शित हुई थी? उसकी अवस्था क्या थी? 9000 स्क्रीन विश्व में छोड़िए, उसे भारत में 1000 स्क्रीन देने को कोई तैयार नहीं था। मात्र 650 स्क्रीन पर यह फिल्म प्रदर्शित हुई थी और केवल 15 करोड़ के बजट पर बनी फिल्म में इसने पहले ही दिन 3 करोड़ से अधिक कमा लिए। अब पहले हफ्ते का कलेक्शन सोचिए? 97.3 करोड़, वो भी केवल भारत में। इसके पश्चात क्या बच्चन पाण्डे, क्या अटैक, यहां तक कि RRR के समक्ष भी इसने अपनी लोकप्रियता विद्यमान रखी। इसे कहते हैं भौकाल।

भौकाल की बात कर ही रहे हैं तो Rocketry और सीता रामम की भी बात करते हैं। दोनों ही सीमित बजट की फिल्में थी और उन्हे प्रारंभ में न स्क्रीन्स मिले, न ही क्रिटिक्स की सहानुभूति। परंतु दर्शकों के प्रेम ने इस फिल्म को इतना संबल दिया कि दोनों ने अपने बजट से दूना तिगुना कमाया और सीता रामम को तो महीनों बाद अपना हिन्दी संस्करण तक दर्शकों की मांग पर निकालना पड़ा, जो उतना ही लोकप्रिय बना, जितना कि उसका तेलुगु संस्करण। इन दोनों का कुल बजट ब्रह्मास्त्र का एक तिहाई भी नहीं होगा लेकिन इनका कंटेंट, इनका दृष्टिकोण और इनका राजस्व, ब्रह्मास्त्र से हजार गुना बेहतर निकला।

और पढ़ें: Astraverse – Brahmastra का आधार ही बकवास और अपमानजनक है

चलिए, एक बार को यह भी मान लेते हैं कि यह सब का सब झूठ है परंतु कम से कम अपने स्वयं के पुराने फिल्मों का राजस्व तो देख लेते अयान बाबू। वेक अप सिड आपकी 13 करोड़ में बनी थी तो घरेलू कलेक्शन में कुछ नहीं तो 30 करोड़ तो कमाई ही होगी। विदेशी कलेक्शन मिलाकर उसके 47 करोड़ का लाइफटाईम कलेक्शन हुए थे। थोड़ी सी हिम्मत बढ़ी तो 4 वर्ष बाद बनाई ‘यह जवानी है दीवानी’, जिसमें रणबीर कपूर भी थे, दीपिका पादुकोण भी थी और काफी धूम धड़ाका भी था। इसका भारत में कलेक्शन लगभग 200 करोड़ था और विदेशी कलेक्शन कुल मिलाकर 319 करोड़ था, जो उसके मूल बजट 40 करोड़ से तो कहीं गुना अधिक था और अभी तो हमने KGF, RRR, विक्रम जैसे फिल्मों की चर्चा तक नहीं की, अन्यथा करण जौहर और अयान मुखर्जी को सर छुपाने का स्थान नहीं मिलेगा।

बॉलीवुड की असफलता का नग्न उदाहरण है ब्रह्मास्त्र

तो ये आडंबर किस बात का? आखिर इससे क्या प्राप्त हुआ? करण जौहर ने कई लोगों को खरीदा और ये दिखा भी! बॉलीवुड के इस कॉकरोच ने ऐसा भ्रमजाल फैलाया कि अब मीडिया में लगभग हर रिपोर्ट ब्रह्मास्त्र की विरुदावली से ही भरा पड़ा है। कोई ये नहीं बताएगा कि वास्तव में कितना कलेक्शन रहा परंतु सब लाइन से कहेंगे कि ब्रह्मास्त्र ने बॉलीवुड की लाज रख ली, ब्रह्मास्त्र ने बॉयकॉट गैंग को सबक सिखाया यानी ब्रह्मास्त्र के माध्यम से नेपोटिज्म की जीत हुई और जनता की हार।

राजस्व तो छोड़िए ब्रह्मास्त्र का कंटेंट भी विवादों से भरा पड़ा है। इसके बावजूद विराट कोहली और केएल राहुल के निजी जीवन पर इतनी चर्चा नहीं हो रही है, जितना इस ब्रह्मास्त्र के डेली बॉक्स ऑफिस स्टेटस पर हो रही है और कई ट्रेड एनालिस्ट्स एवं स्वघोषित क्रिटिक्स तो इस फिल्म को लेकर इतने उत्साहित है, जितना स्वयं इस फिल्म के खुद के स्टारकास्ट भी नहीं होंगे।

अब ऐसा है कि चीन भी बड़ा छाती ठोक के बोल रहा था कि गलवान में उसे कुछ हुआ ही नहीं, जबकि वास्तविकता क्या थी ये किसी से छिपी नहीं है। परंतु सत्य क्या है? ओपनिंग वीकेण्ड में ब्रह्मास्त्र विश्वभर में 9000 स्क्रीनों पर प्रदर्शित हुई, जिसमें से लगभग 6000 तो अकेले भारत में ही थे। अब प्रथम दिन का कलेक्शन कितना गया? मीडिया की माने तो 40 करोड़ से ऊपर और ओपनिंग वीकेंड तो भैया 140 करोड़ तक और विदेशी कलेक्शन मिलाकर लगभग 240 करोड़ तक पहुंच गया। स्वयं धर्मा प्रोडक्शन तक ने माना कि उसका ओपनिंग वीकेंड 225 करोड़ है। भाई इतना दोगलापन आता कहां से है? बांद्रा में कुछ अलग खेती होती है क्या? अंत में सबका सार स्पष्ट है – ब्रह्मास्त्र घूमकर फिरकर बॉलीवुड के असफलता का ज्वलंत और नग्न उदाहरण है, जिसे कोई कितना भी सजा ले, छिपा नहीं सकता।

और पढ़ें: ब्रह्मास्त्र एक औसत हिट भी नहीं परंतु नंबर फेंक फेंक एक अलग ही नैरेटिव बनाया जा रहा है

FI का समर्थन करें:

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की ‘राइट’ विचारधारा को मजबूती देने के लिए TFI-STORE.COM से बेहतरीन गुणवत्ता के वस्त्र क्रय कर हमारा समर्थन करें.

Tags: अयान मुखर्जीआलिया भट्टकरण जौहरबॉलीवुडब्रह्मास्त्ररणबीर कपूर
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

गॉसिप और चुगलियों में भारत की जनता को इतना आनंद क्यों आता है?

अगली पोस्ट

Vigyan ke Chamatkar Nibandh for Class 5 to 8

संबंधित पोस्ट

शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र
चर्चित

बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

24 November 2025

सोमवार की शुरुआत सिने जगत के लिए एक दुखद ख़बर के साथ हुई। बॉलीवुड का ही-मैन, धर्मेंद्र 89 साल की उम्र में मुंबई में इस...

स्मृति ईरानी की टीवी पर शानदार वापसी, रुपाली गांगुली और हिना खान को पछाड़ बनीं हाईएस्ट पेड टीवी स्टार
चलचित्र

स्मृति ईरानी की टीवी पर शानदार वापसी, रुपाली गांगुली और हिना खान को पछाड़ बनीं हाईएस्ट पेड टीवी स्टार

9 August 2025

स्मृति ईरानी एक बार फिर छोटे पर्दे पर नजर आ रही हैं, और इस बार चर्चा सिर्फ नॉस्टैल्जिया तक सीमित नहीं है। ‘क्योंकि सास भी...

“उदयपुर फाइल्स” को हरी झंडी, कन्हैया लाल के बेटे का सवाल: “मेरे पापा को इंसाफ कौन देगा?”
चलचित्र

“उदयपुर फाइल्स” को हरी झंडी, कन्हैया लाल के बेटे का सवाल: “मेरे पापा को इंसाफ कब मिलेगा?”

26 July 2025

सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को फिल्म "उदयपुर फाइल्स: कन्हैया लाल टेलर मर्डर" की रिलीज़ पर लगी रोक को बढ़ाने से इनकार कर दिया। इससे अब...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Captured Turkish YIHA drone Showed by the Indian Army |Defence News| Operation Sindoor

Captured Turkish YIHA drone Showed by the Indian Army |Defence News| Operation Sindoor

00:00:58

A War Won From Above: The Air Campaign That Changed South Asia Forever

00:07:37

‘Mad Dog’ The EX CIA Who Took Down Pakistan’s A.Q. Khan Nuclear Mafia Reveals Shocking Details

00:06:59

Dhurandar: When a Film’s Reality Shakes the Left’s Comfortable Myths

00:06:56

Tejas Under Fire — The Truth Behind the Crash, the Propaganda, and the Facts

00:07:45
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited