TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पुतिन ने जताया भारत पर भरोसा

    पुतिन ने जताया भारत पर भरोसा, मोदी पर पश्चिमी दबाव को किया खारिज; भारत की स्वतंत्र विदेश नीति का किया समर्थन

    राजीव गांधी

    जब राजीव गांधी ने दूरदर्शन को दिए थे तियानआनमेन स्क्वायर नरसंहार की कवरेज न करने के निर्देश

    Cockroach Janta Party

    Cockroach Janta Party ने दिल्ली प्रदर्शन से पहले तीन प्रवक्ताओं का किया ऐलान, नेताओं की पृष्ठभूमि पर छिड़ी बहस

    रुद्रम-2 मिसाइल

    रुद्रम-2 मिसाइल के सफल परीक्षण से भारत की रक्षा ताकत बढ़ी, दुश्मन के रडार सिस्टम को 300 किमी दूर से कर सकती है तबाह

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    UPI का अंतरराष्ट्रीय विस्तार भी तेजी से बढ़ रहा

    UPI ने मई में 29.9 लाख करोड़ रुपये के लेनदेन के साथ बनाया नया रिकॉर्ड, भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था हुई और मजबूत

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    एनडीए के कई पूर्व छात्र देश के बड़े सैन्य

    एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड आज, 77 साल के इतिहास का खास पल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस

    चीन को ‘कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस, बयान बना वैश्विक कूटनीतिक विवाद

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    अमेरिकी प्रतिबंधों के बावजूद रूस से तेल आयात जारी रखेगा भारत, ऊर्जा सुरक्षा पर सरकार का सख्त रुख

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    गोवा राज्य स्थापना दिवस

    गोवा राज्य स्थापना दिवस 2025: जानिए इतिहास, महत्व और इस दिन से जुड़ी खास बातें

    1950 में जेल से रिहा किए जाने के बाद सावरकर (चित्र: savarkar.org)

    अंग्रेज़ों की ही नहीं, नेहरू सरकार की कैद में भी महीनों रहे थे सावरकर

    हर चौथे छात्र ने मांगी अपनी आंसर शीट, CBSE के डिजिटल चेकिंग सिस्टम से उठा भरोसा?

    हर चौथे छात्र ने मांगी अपनी आंसर शीट, CBSE के डिजिटल चेकिंग सिस्टम से उठा भरोसा?

    मिथिलांचल के लिए ऐतिहासिक दिन: अटल सरकार में मिली थी संवैधानिक पहचान, अब मोदी सरकार में CBSE पाठ्यक्रम में शामिल हुई मैथिली!

    मिथिलांचल के लिए ऐतिहासिक दिन: अटल सरकार में मिली थी संवैधानिक पहचान, अब मोदी सरकार में CBSE पाठ्यक्रम में शामिल हुई मैथिली!

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पुतिन ने जताया भारत पर भरोसा

    पुतिन ने जताया भारत पर भरोसा, मोदी पर पश्चिमी दबाव को किया खारिज; भारत की स्वतंत्र विदेश नीति का किया समर्थन

    राजीव गांधी

    जब राजीव गांधी ने दूरदर्शन को दिए थे तियानआनमेन स्क्वायर नरसंहार की कवरेज न करने के निर्देश

    Cockroach Janta Party

    Cockroach Janta Party ने दिल्ली प्रदर्शन से पहले तीन प्रवक्ताओं का किया ऐलान, नेताओं की पृष्ठभूमि पर छिड़ी बहस

    रुद्रम-2 मिसाइल

    रुद्रम-2 मिसाइल के सफल परीक्षण से भारत की रक्षा ताकत बढ़ी, दुश्मन के रडार सिस्टम को 300 किमी दूर से कर सकती है तबाह

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    UPI का अंतरराष्ट्रीय विस्तार भी तेजी से बढ़ रहा

    UPI ने मई में 29.9 लाख करोड़ रुपये के लेनदेन के साथ बनाया नया रिकॉर्ड, भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था हुई और मजबूत

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    एनडीए के कई पूर्व छात्र देश के बड़े सैन्य

    एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड आज, 77 साल के इतिहास का खास पल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस

    चीन को ‘कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस, बयान बना वैश्विक कूटनीतिक विवाद

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    अमेरिकी प्रतिबंधों के बावजूद रूस से तेल आयात जारी रखेगा भारत, ऊर्जा सुरक्षा पर सरकार का सख्त रुख

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    गोवा राज्य स्थापना दिवस

    गोवा राज्य स्थापना दिवस 2025: जानिए इतिहास, महत्व और इस दिन से जुड़ी खास बातें

    1950 में जेल से रिहा किए जाने के बाद सावरकर (चित्र: savarkar.org)

    अंग्रेज़ों की ही नहीं, नेहरू सरकार की कैद में भी महीनों रहे थे सावरकर

    हर चौथे छात्र ने मांगी अपनी आंसर शीट, CBSE के डिजिटल चेकिंग सिस्टम से उठा भरोसा?

    हर चौथे छात्र ने मांगी अपनी आंसर शीट, CBSE के डिजिटल चेकिंग सिस्टम से उठा भरोसा?

    मिथिलांचल के लिए ऐतिहासिक दिन: अटल सरकार में मिली थी संवैधानिक पहचान, अब मोदी सरकार में CBSE पाठ्यक्रम में शामिल हुई मैथिली!

    मिथिलांचल के लिए ऐतिहासिक दिन: अटल सरकार में मिली थी संवैधानिक पहचान, अब मोदी सरकार में CBSE पाठ्यक्रम में शामिल हुई मैथिली!

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

उधर सीमा पर पाकिस्तान की नाक में दम कर रहा अफगानिस्तान, इधर पहली बार तालिबान से मिले भारत के फॉरेन सेक्रेटरी: जानें दिल्ली के काबुल से जुड़ने के 3 प्रमुख कारण

कूटनीतिक दृष्टिकोण और क्षेत्रीय सुरक्षा का नया पहलू

TFI Desk द्वारा TFI Desk
9 January 2025
in विश्व
पहली बार तालिबान से मिले भारत के फॉरेन सेक्रेटरी

पहली बार तालिबान से मिले भारत के फॉरेन सेक्रेटरी

Share on FacebookShare on X

भारत के सबसे प्रमुख कूटनीतिक विचारकों में से एक, आचार्य चाणक्य ने कभी कहा था, “दुश्मन का दुश्मन दोस्त होता है।” यह रणनीति आज भी भारत की विदेश नीति में नज़र आती है, जहां पाकिस्तान और चीन के खिलाफ भारत ने अफगानिस्तान के साथ कूटनीतिक रिश्ते को नया मोड़ दिया है। 2021 में तालिबान के सत्ता में आने के बाद, दिल्ली ने काबुल में अपने दूतावास को बंद कर दिया था, लेकिन पाकिस्तान और तालिबान के बढ़ते संघर्ष को देखते हुए, अब भारत ने अफगानिस्तान के साथ अपने रिश्तों को फिर से प्रगाढ़ करने की दिशा में कदम बढ़ाया है।

6 जनवरी 2025 को भारतीय विदेश मंत्रालय ने पाकिस्तान द्वारा अफगान नागरिकों पर किए गए एयर स्ट्राइक की कड़ी निंदा की, जिससे भारत का यह स्पष्ट संदेश था कि आतंकवाद के खिलाफ उसकी नीति कभी भी कमजोर नहीं होगी। अब, 8 जनवरी को दुबई में भारत के विदेश सचिव विक्रम मिस्री और अफगानिस्तान के कार्यवाहक विदेश मंत्री मौलवी अमीर खान मुत्तकी के बीच मुलाकात ने इस कूटनीतिक दिशा को और पुख्ता किया है। यह “दुश्मन का दुश्मन दोस्त” के सिद्धांत को पूरी तरह से उजागर करता है, जहां भारत ने अपनी सुरक्षा और क्षेत्रीय हितों को सबसे पहले रखा है।

संबंधितपोस्ट

भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

अरुणाचल प्रदेश पर चीन के दावों को लेकर पेमा खांडू का पलटवार, बोले- भारत की सीमा चीन नहीं, तिब्बत से लगती है

पुतिन ने जताया भारत पर भरोसा, मोदी पर पश्चिमी दबाव को किया खारिज; भारत की स्वतंत्र विदेश नीति का किया समर्थन

और लोड करें

दिल्ली-काबुल वार्ता

8 जनवरी 2025 को यूएई में हुई दिल्ली-काबुल वार्ता कूटनीतिक दृष्टिकोण और क्षेत्रीय सुरक्षा के एक नए पहलू के तौर पर देखि जा रही है. यह मुलाकात सिर्फ दो देशों के रिश्तों के लिए नहीं, बल्कि क्षेत्रीय और वैश्विक सुरक्षा के संदर्भ में भी अहम मानी जा रही है, और यह भारत की रणनीतिक सोच को नई दिशा प्रदान करती है।

तालिबान के सत्ता में आने के बाद से भारत और अफगानिस्तान के रिश्ते ठंडे पड़ गए थे, लेकिन अब भारत ने सक्रिय रूप से अफगानिस्तान के साथ अपने रिश्तों को मजबूत करने की दिशा में कदम बढ़ाया है। भारत के विदेश सचिव विक्रम मिस्री और तालिबान सरकार के विदेश मंत्री मौलवी अमीर खान मुत्तकी के बीच इस मुलाकात के बाद, दोनों देशों के बीच सहयोग बढ़ाने के लिए कई पहलुओं पर चर्चा की गई, जैसे कि मानवीय सहायता, व्यापार, सांस्कृतिक संबंध और क्षेत्रीय सुरक्षा।

भारत के विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने दुबई में अफगानिस्तान के कार्यवाहक विदेश मंत्री मौलवी अमीर खान मुत्तकी से की मुलाकात (Image Source: X)
भारत के विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने दुबई में अफगानिस्तान के कार्यवाहक विदेश मंत्री मौलवी अमीर खान मुत्तकी से की मुलाकात

भारत ने अफगानिस्तान को निरंतर सहायता दी है, जिसमें 50,000 मीट्रिक टन गेहूं, 300 टन दवाइयाँ, 27 टन भूकंप राहत सामग्री, 40,000 लीटर कीटनाशक, 100 मिलियन पोलियो डोज़, 1.5 मिलियन कोविड वैक्सीन डोज़, 11,000 हाइजीन किट्स, 500 यूनिट सर्दियों के कपड़े और 1.2 टन स्टेशनरी किट्स शामिल हैं। यह सहयोग ना केवल अफगानिस्तान के लोगों के लिए मददगार रहा है, बल्कि यह भारत की जिम्मेदारी और कूटनीतिक जिम्मेदारी को भी दर्शाता है।

अफगानिस्तान के तालिबानी मंत्रियों ने दिल्ली के निरंतर समर्थन के लिए आभार व्यक्त किया और दोनों देशों के रिश्तों को भविष्य में और प्रगाढ़ करने के लिए अपनी प्रतिबद्धता जताई। भारत के इस कदम ने यह साबित कर दिया कि वह न केवल अपनी कूटनीति में लचीलापन रखता है, बल्कि क्षेत्रीय सुरक्षा और वैश्विक स्थिरता के लिए सक्रिय भूमिका निभाने के लिए हमेशा तैयार है।

यह भारत की रणनीति को दिखाता है कि वह किसी भी संकट के समय अवसर की पहचान कर अपने रिश्तों को और मजबूत करने के लिए कूटनीतिक मार्ग को अपनाता है। इससे यह भी साफ होता है कि भारत अपनी ताकत और जिम्मेदारी को महसूस करता है, और पाकिस्तान द्वारा समर्थित आतंकवाद और क्षेत्रीय चुनौतियों के खिलाफ कदम उठाने से पीछे नहीं हटेगा।

जानें दिल्ली के काबुल से जुड़ने के 3 प्रमुख कारण

भारत ने तालिबान से कूटनीतिक संबंध स्थापित करने का कदम उठाया है, जो कि उसके राष्ट्रीय और सुरक्षा हितों को ध्यान में रखते हुए बेहद महत्वपूर्ण है। यह एक रणनीतिक निर्णय है, जिसे पाकिस्तान, रूस और चीन जैसे ताकतवर पड़ोसियों के साथ रिश्तों में हो रहे बदलावों के बीच लिया गया है। यह वक्त भारत के लिए अपनी सुरक्षा को मजबूत करने और कूटनीतिक स्थिति को और बेहतर बनाने का है, खासकर जब पाकिस्तान और तालिबान के रिश्तों में खटास आ चुकी है और चीन अफगानिस्तान में अपनी मजबूत उपस्थिति बनाने की कोशिश कर रहा है।

1. पाकिस्तान से बढ़ता तनाव:
जब तालिबान ने सत्ता संभाली थी, तब पाकिस्तान ने उसका समर्थन किया था, लेकिन अब पाकिस्तान और तालिबान के रिश्तों में दरार आ चुकी है। पाकिस्तान द्वारा अफगानिस्तान के नागरिकों पर 24 दिसंबर 2024 को किए गए हवाई हमले में महिलाओं और बच्चों समेत 51 लोग मारे गए थे। भारत ने इस हमले की कड़ी निंदा की और पाकिस्तान की नीतियों को आड़े हाथों लिया। यह भारत के लिए एक अहम मौका है, क्योंकि पाकिस्तान का तालिबान पर प्रभाव अब कमजोर हो रहा है, और भारत के लिए यह एक रणनीतिक लाभ साबित हो सकता है।

2. रूस की स्थिति में बदलाव:
रूस, जो इस समय यूक्रेन युद्ध में उलझा हुआ है, तालिबान के साथ अपनी स्थिति सुधारने की कोशिश कर रहा है। रूस के राष्ट्रपति पुतिन ने 2024 में कहा था कि तालिबान आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में रूस का सहयोगी बन सकता है। रूस के लिए अफगानिस्तान और आसपास के इलाकों से आतंकवाद का खतरा बड़ा है, और उसे तालिबान के साथ रिश्ते मजबूत करने का फायदामंद रास्ता नजर आ रहा है। भारत ने इसे ध्यान में रखते हुए अपनी कूटनीति को बदलते हालात के अनुसार ढाला है।

3. चीन की बढ़ती घुसपैठ:
चीन अपनी विस्तारवादी नीतियों के तहत अब अफगानिस्तान में भी अपनी उपस्थिति बढ़ा रहा है। चीन ने अफगानिस्तान में अपने राजदूत भेजे और तालिबान के साथ रिश्ते और मजबूत किए हैं। चीन अफगानिस्तान के प्राकृतिक संसाधनों पर अपनी नजरें गड़ाए हुए है और भारत यह देख रहा है कि चीन अब पश्चिमी देशों की अनुपस्थिति में अफगानिस्तान में अपनी रणनीतिक स्थिति मजबूत कर रहा है। भारत के लिए यह चिंता का विषय है, क्योंकि चीन की बढ़ती प्रभावशाली उपस्थिति क्षेत्रीय सुरक्षा को खतरे में डाल सकती है।

भारत यह समझ चुका है कि ‘दुश्मन का दुश्मन दोस्त होता है,’ और यही वह समय है जब इस रणनीतिक कूटनीतिक दृष्टिकोण को सही तरीके से अपनाना आवश्यक है।

स्रोत: भारत, अफगानिस्तान, भारत - अफगानिस्तान, दिल्ली, काबुल, पाकिस्तान, चीन, रूस, रूस यूक्रेन वॉर , Russia Ukraine War, Pakistan, China, Russia, India, Afganistan
Tags: AfganistanChinaIndiaPakistanRussiaRussia Ukraine Warअफ़ग़ानिस्तानकाबुलचीनदिल्लीपाकिस्तानभारतभारत - अफगानिस्तानरूसरूस यूक्रेन वॉर
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

पटाखे फोड़ने पर फाड़े महिलाओं के कपड़े, घर में घुसकर पीटा: मुस्लिमों से तंग हो गांव छोड़ भागने को मजबूर हुए हिंदू

अगली पोस्ट

अध्यात्म ही नहीं, पर्यावरण को भी समृद्ध कर जाएगा महाकुंभ: इस तकनीक से 56000 वर्गमीटर में उगाए गए जंगल, किन्नर अखाड़ा बाँटेगा 11 लाख पौधे

संबंधित पोस्ट

तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,
AMERIKA

तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

23 May 2026

अमेरिका में बड़ा राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है, जब अमेरिकी राष्ट्रीय खुफिया निदेशक (DNI) तुलसी गबार्ड ने अपने पद से इस्तीफा देने की घोषणा...

कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस
यूरोप

चीन को ‘कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस, बयान बना वैश्विक कूटनीतिक विवाद

22 May 2026

यूरोपीय संघ की विदेश नीति प्रमुख काया कैलस एक बार फिर विवादों के केंद्र में आ गई हैं, जब उन्होंने चीन के साथ यूरोप की...

‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?
अमेरिकाज़

‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

22 May 2026

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप इन दिनों एक बेहद अजीब और संवेदनशील दुविधा में फंस गए हैं। यह मामला सिर्फ व्हाइट हाउस की फाइलों या अंतरराष्ट्रीय...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

AIRCRAFT CARRIERS: INDIA’S MOST POWERFUL TOOL OF MARITIME POWER PROJECTION | INS Vikrant |

AIRCRAFT CARRIERS: INDIA’S MOST POWERFUL TOOL OF MARITIME POWER PROJECTION | INS Vikrant |

00:03:22

Rudram 2 Success: Made in India Missile Ready To Crush Enemy Radars| DRDO’s Big Breakthrough

00:03:46

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

00:05:40

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

00:05:21

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited