TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    दीपावली के ‘दीपक’ में छिपा ‘स्व’ का बोध

    दीपावली के ‘दीपक’ में छिपा ‘स्व’ का बोध

    CJP का यू-टर्न क्यों? पहले अपील, अब INDIA गठबंधन की रैली से दूरी; AAP कनेक्शन पर सवाल

    CJP का यू-टर्न क्यों? पहले अपील, अब INDIA गठबंधन की रैली से दूरी; AAP कनेक्शन पर सवाल

    ‘जेन-जी’ से ‘रिजीम चेंज’ तक: शब्दों के पीछे नैरेटिव का खेल

    ‘जेन-जी’ से ‘रिजीम चेंज’ तक: शब्दों के पीछे नैरेटिव का खेल

    बैलेट पेपर से भी हारी कांग्रेस, BJP का तंज—अब कहां गई ‘वोट चोरी’ की कहानी?

    बैलेट पेपर से भी हारी कांग्रेस, BJP का तंज—अब कहां गई ‘वोट चोरी’ की कहानी?

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    दिवाली पर ₹5 लाख करोड़ का कारोबार! दिल्ली में ₹80 हजार करोड़ की उम्मीद, किन बाजारों में सबसे ज्यादा रौनक

    दिवाली पर ₹5 लाख करोड़ का कारोबार! दिल्ली में ₹80 हजार करोड़ की उम्मीद, किन बाजारों में सबसे ज्यादा रौनक

    E20 पेट्रोल को E30 कौन बना रहा है? कर्नाटक में 31.2% तक मिला एथेनॉल, आपकी गाड़ी पर क्या होगा असर?

    E20 पेट्रोल को E30 कौन बना रहा है? कर्नाटक में 31.2% तक मिला एथेनॉल, आपकी गाड़ी पर क्या होगा असर?

    धनतेरस पर ₹1.25 लाख करोड़ की खरीदारी, महंगे सोने-चांदी के आगे भी नहीं टूटा लोगों का उत्साह

    धनतेरस पर ₹1.25 लाख करोड़ की खरीदारी, महंगे सोने-चांदी के आगे भी नहीं टूटा लोगों का उत्साह

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    13,629 फीट पर IL-76MD की लैंडिंग, IAF ने कैसे बनाया विश्व रिकॉर्ड? क्या है न्योमा एयरबेस की ताकत

    13,629 फीट पर IL-76MD की लैंडिंग, IAF ने कैसे बनाया विश्व रिकॉर्ड? क्या है न्योमा एयरबेस की ताकत

    अग्निवीरों की 4 साल की सेवा अब 6 साल, सरकार का बड़ा फैसला; जानिए क्या-क्या बदलेगा

    अग्निवीरों की 4 साल की सेवा अब 6 साल, सरकार का बड़ा फैसला; जानिए क्या-क्या बदलेगा

    नए IAF चीफ का ‘VAYU’ मिशन क्या है? चार अक्षरों में भारतीय वायुसेना की नई युद्ध रणनीति

    नए IAF चीफ का ‘VAYU’ मिशन क्या है? चार अक्षरों में भारतीय वायुसेना की नई युद्ध रणनीति

    HSL-KSPL Deal: काकीनाडा में जहाज बनाएगा रक्षा मंत्रालय का PSU? 1941 से अब तक का सफर

    HSL-KSPL Deal: काकीनाडा में जहाज बनाएगा रक्षा मंत्रालय का PSU? 1941 से अब तक का सफर

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका में मौत का लाइव तमाशा! कौन हैं निदाल हसन, जिन्हें फायरिंग स्क्वाड से दी जाएगी सजा?

    अमेरिका में मौत का लाइव तमाशा! कौन हैं निदाल हसन, जिन्हें फायरिंग स्क्वाड से दी जाएगी सजा?

    भारत का JD Vance को करारा जवाब! भारतीय पेशेवरों पर टिप्पणी को बताया ‘बेहद आपत्तिजनक’, H-1B पर भी साफ की तस्वीर

    भारत का JD Vance को करारा जवाब! भारतीय पेशेवरों पर टिप्पणी को बताया ‘बेहद आपत्तिजनक’, H-1B पर भी साफ की तस्वीर

    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    BRICS 2026 में PM Modi, Putin and Xi Jinping

    BRICS Explained: क्या अमेरिकी डॉलर से दूर जा रही है दुनिया ?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    दीपावली के ‘दीपक’ में छिपा ‘स्व’ का बोध

    दीपावली के ‘दीपक’ में छिपा ‘स्व’ का बोध

    लर्निंग लाइसेंस पर गाड़ी चलाने वाले को भी मिलेगा बीमा क्लेम? हिमाचल हाई कोर्ट का बड़ा फैसला

    लर्निंग लाइसेंस पर गाड़ी चलाने वाले को भी मिलेगा बीमा क्लेम? हिमाचल हाई कोर्ट का बड़ा फैसला

    राष्ट्र सेविका समिति: प्रभाव से परिवर्तन तक 90 वर्षों की गौरवपूर्ण यात्रा

    राष्ट्र सेविका समिति: प्रभाव से परिवर्तन तक 90 वर्षों की गौरवपूर्ण यात्रा

    महर्षि वाल्मीकि: सामाजिक समरसता के शाश्वत प्रेरणास्रोत

    महर्षि वाल्मीकि: सामाजिक समरसता के शाश्वत प्रेरणास्रोत

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ‘मिस्टर रोबोट’ का नया खतरा; फोन से ऐप गायब, बैंक से पैसा साफ

    ‘मिस्टर रोबोट’ का नया खतरा; फोन से ऐप गायब, बैंक से पैसा साफ

    Liver Support vs Metabolic Support: Which Supplement Fits Which Goal?

    Liver Support vs Metabolic Support: Which Supplement Fits Which Goal?

    पीएम मोदी मिलें खिलाड़ियों से

    एशियन गेम्स 2026 के पदक विजेता खिलाड़ियों से मिले PM मोदी, 85 पदकों के साथ चौथे स्थान पर रहा भारत

    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    दीपावली के ‘दीपक’ में छिपा ‘स्व’ का बोध

    दीपावली के ‘दीपक’ में छिपा ‘स्व’ का बोध

    CJP का यू-टर्न क्यों? पहले अपील, अब INDIA गठबंधन की रैली से दूरी; AAP कनेक्शन पर सवाल

    CJP का यू-टर्न क्यों? पहले अपील, अब INDIA गठबंधन की रैली से दूरी; AAP कनेक्शन पर सवाल

    ‘जेन-जी’ से ‘रिजीम चेंज’ तक: शब्दों के पीछे नैरेटिव का खेल

    ‘जेन-जी’ से ‘रिजीम चेंज’ तक: शब्दों के पीछे नैरेटिव का खेल

    बैलेट पेपर से भी हारी कांग्रेस, BJP का तंज—अब कहां गई ‘वोट चोरी’ की कहानी?

    बैलेट पेपर से भी हारी कांग्रेस, BJP का तंज—अब कहां गई ‘वोट चोरी’ की कहानी?

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    दिवाली पर ₹5 लाख करोड़ का कारोबार! दिल्ली में ₹80 हजार करोड़ की उम्मीद, किन बाजारों में सबसे ज्यादा रौनक

    दिवाली पर ₹5 लाख करोड़ का कारोबार! दिल्ली में ₹80 हजार करोड़ की उम्मीद, किन बाजारों में सबसे ज्यादा रौनक

    E20 पेट्रोल को E30 कौन बना रहा है? कर्नाटक में 31.2% तक मिला एथेनॉल, आपकी गाड़ी पर क्या होगा असर?

    E20 पेट्रोल को E30 कौन बना रहा है? कर्नाटक में 31.2% तक मिला एथेनॉल, आपकी गाड़ी पर क्या होगा असर?

    धनतेरस पर ₹1.25 लाख करोड़ की खरीदारी, महंगे सोने-चांदी के आगे भी नहीं टूटा लोगों का उत्साह

    धनतेरस पर ₹1.25 लाख करोड़ की खरीदारी, महंगे सोने-चांदी के आगे भी नहीं टूटा लोगों का उत्साह

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    13,629 फीट पर IL-76MD की लैंडिंग, IAF ने कैसे बनाया विश्व रिकॉर्ड? क्या है न्योमा एयरबेस की ताकत

    13,629 फीट पर IL-76MD की लैंडिंग, IAF ने कैसे बनाया विश्व रिकॉर्ड? क्या है न्योमा एयरबेस की ताकत

    अग्निवीरों की 4 साल की सेवा अब 6 साल, सरकार का बड़ा फैसला; जानिए क्या-क्या बदलेगा

    अग्निवीरों की 4 साल की सेवा अब 6 साल, सरकार का बड़ा फैसला; जानिए क्या-क्या बदलेगा

    नए IAF चीफ का ‘VAYU’ मिशन क्या है? चार अक्षरों में भारतीय वायुसेना की नई युद्ध रणनीति

    नए IAF चीफ का ‘VAYU’ मिशन क्या है? चार अक्षरों में भारतीय वायुसेना की नई युद्ध रणनीति

    HSL-KSPL Deal: काकीनाडा में जहाज बनाएगा रक्षा मंत्रालय का PSU? 1941 से अब तक का सफर

    HSL-KSPL Deal: काकीनाडा में जहाज बनाएगा रक्षा मंत्रालय का PSU? 1941 से अब तक का सफर

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका में मौत का लाइव तमाशा! कौन हैं निदाल हसन, जिन्हें फायरिंग स्क्वाड से दी जाएगी सजा?

    अमेरिका में मौत का लाइव तमाशा! कौन हैं निदाल हसन, जिन्हें फायरिंग स्क्वाड से दी जाएगी सजा?

    भारत का JD Vance को करारा जवाब! भारतीय पेशेवरों पर टिप्पणी को बताया ‘बेहद आपत्तिजनक’, H-1B पर भी साफ की तस्वीर

    भारत का JD Vance को करारा जवाब! भारतीय पेशेवरों पर टिप्पणी को बताया ‘बेहद आपत्तिजनक’, H-1B पर भी साफ की तस्वीर

    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    The Moon Is Ours’! ट्रंप के दावे के बीच बड़ा सवाल- क्या कोई देश चांद पर कब्जा कर सकता है

    BRICS 2026 में PM Modi, Putin and Xi Jinping

    BRICS Explained: क्या अमेरिकी डॉलर से दूर जा रही है दुनिया ?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    दीपावली के ‘दीपक’ में छिपा ‘स्व’ का बोध

    दीपावली के ‘दीपक’ में छिपा ‘स्व’ का बोध

    लर्निंग लाइसेंस पर गाड़ी चलाने वाले को भी मिलेगा बीमा क्लेम? हिमाचल हाई कोर्ट का बड़ा फैसला

    लर्निंग लाइसेंस पर गाड़ी चलाने वाले को भी मिलेगा बीमा क्लेम? हिमाचल हाई कोर्ट का बड़ा फैसला

    राष्ट्र सेविका समिति: प्रभाव से परिवर्तन तक 90 वर्षों की गौरवपूर्ण यात्रा

    राष्ट्र सेविका समिति: प्रभाव से परिवर्तन तक 90 वर्षों की गौरवपूर्ण यात्रा

    महर्षि वाल्मीकि: सामाजिक समरसता के शाश्वत प्रेरणास्रोत

    महर्षि वाल्मीकि: सामाजिक समरसता के शाश्वत प्रेरणास्रोत

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ‘मिस्टर रोबोट’ का नया खतरा; फोन से ऐप गायब, बैंक से पैसा साफ

    ‘मिस्टर रोबोट’ का नया खतरा; फोन से ऐप गायब, बैंक से पैसा साफ

    Liver Support vs Metabolic Support: Which Supplement Fits Which Goal?

    Liver Support vs Metabolic Support: Which Supplement Fits Which Goal?

    पीएम मोदी मिलें खिलाड़ियों से

    एशियन गेम्स 2026 के पदक विजेता खिलाड़ियों से मिले PM मोदी, 85 पदकों के साथ चौथे स्थान पर रहा भारत

    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    भारत में हेयर रिस्टोरेशन: जल्दबाज़ी वाले समाधानों से ज़्यादा ज़रूरी है सही योजना

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

BJP के संगठन चुनाव सिर्फ खानापूर्ति तो नहीं?

BJP ने नए ज़िलाध्यक्ष तो बना दिए गए लेकिन ज़िलाध्यक्ष के चुनाव के लिए ज़रूरी मंडल समितियों का गठन अभी तक नहीं किया गया है

TFI Desk द्वारा TFI Desk
17 March 2025
in राजनीति
BJP के संगठन चुनाव सिर्फ खानापूर्ति तो नहीं?
Share on FacebookShare on X

BJP के नए राष्ट्रीय अध्यक्ष के नाम की घोषणा अगले कुछ ही दिनों में किए जाने की उम्मीद है और इससे पहले देशभर में बीजेपी के संगठन चुनाव चल रहे हैं। इन चुनावों को पार्टी ने ‘संगठन पर्व’ नाम दिया है। कई राज्यों में यह प्रक्रिया पूरी हो गई है और कई में जारी है या आगे होनी है। हरियाणा में बीजेपी ने बीते शनिवार (15 मार्च) को ज़िला अध्यक्षों के चुनावों के लिए सूचना जारी की थी। आज (17 मार्च) बीजेपी ने 27 ज़िलाध्यक्षों के नाम का एलान भी कर दिया है। सूत्रों की मानें तो BJP द्वारा संगठन के चुनावों में पार्टी के संविधान की शर्तों और आंतरिक तौर पर तय किए गए कई नियमों को दरकिनार किया गया है।

चुनाव किसी भी तरह की लोकतांत्रिक प्रक्रिया के लिए बेहद अहम माने जाते हैं चाहे वह देश का लोकतंत्र हो या किसी पार्टी के भीतर का आंतरिक लोकतंत्र। बीजेपी जैसी पार्टी जो आंतरिक लोकतंत्र की सबसे ज़्यादा बात करती है और कई अन्य दलों पर मनमाने तरीके से संगठन के नेता चुनने का आरोप लगती है उसके लिए पार्टी के संविधान को मानना और इसकी शर्तों के हिसाब से ही संगठन के चुनाव कराना सबसे बुनियादी ज़रूरत बन जाती है। अगर ऐसे में BJP पर अपने संविधान ना मानने के आरोप लगें तो ये आरोप बेहद गंभीर हो जाते हैं।

संबंधितपोस्ट

बैलेट पेपर से भी हारी कांग्रेस, BJP का तंज—अब कहां गई ‘वोट चोरी’ की कहानी?

हरियाणा BJP संगठन में कसावट लाने की तैयारी, स्मृति ईरानी ने नेताओं को दी नसीहत, VIP कल्चर छोड़ने को कहा

पंजाब में फिर साथ आ सकते हैं BJP और अकाली दल, अमित शाह के बयान के बाद गठबंधन की चर्चा तेज

और लोड करें

क्या है संगठन चुनाव को लेकर BJP पर आरोप?

BJP ने हरियाणा में ज़िला अध्यक्ष के चुनावों की घोषणा तो कर, नए ज़िलाध्यक्ष भी बना दिए गए लेकिन ज़िलाध्यक्ष के चुनाव के लिए ज़रूरी मंडल समितियों का गठन अभी तक नहीं किया गया है। BJP के संविधान के मुताबिक, ज़िला अध्यक्ष के चुनाव के लिए मंडल अध्यक्ष का निर्वाचन और मंडल समिति के सदस्यों का चयन किया जाना ज़रूरी है। अब मंडल समितियों का गठन ना किए जाने को लेकर पार्टी के संगठन चुनाव सवालों के घेरे में आ गए हैं। सूत्रों की मानें तो BJP ने संगठन में ज़िलाध्यक्षों के लिए उम्र की जो सीमा तय की थी, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में कई जगहों पर उस नियम को दरकिनार किए जाने के मामले भी सामने आए हैं। वहीं, कई जगहों पर आरोप लगे हैं कि कार्यकर्ताओं की मर्ज़ी से ज़्यादा ‘ताकतवर’ लोगों की पसंद को संगठन के इन चुनावों में तरजीह दी गई है। साथ ही, महिलाओं के प्रतिनिधित्व को लेकर भी आरोप लगाए गए हैं।

ज़िला अध्यक्ष के निर्वाचन पर क्या कहता है BJP का संविधान

BJP के संविधान की धारा 15 में ज़िला समिति का ज़िक्र किया गया है। इसकी उप-धारा 2 (क) में जिला अध्यक्ष के निर्वाचन को लेकर बताया गया है कि जिला अध्यक्ष के निर्वाचन के हेतु मंडल समिति के सदस्य मंडल वार अपने बीच से एक प्रतिनिधि का निर्वाचन करेंगे। पार्टी के संविधान में जिला समिति के अध्यक्ष (जिला अध्यक्ष) को लेकर आगे कहा गया है, “समिति के अध्यक्ष का चुनाव ज़िले के सभी निर्वाचित मंडल अध्यक्ष गण और मंडल से निर्वाचित प्रतिनिधिगण द्वारा किया जाएगा। ज़िला निर्वाचक मंडल के कोई 10% सदस्य संयुक्त रूप से कम-से-कम 6 वर्ष प्राथमिक सदस्य रहे व्यक्ति का नाम प्रस्तावित करेंगे किंतु यह संयुक्त प्रस्ताव कम-से-कम 1/3 निर्वाचित मण्डल इकाइयों की ओर से किया जाएगा। अध्यक्ष कार्य समिति का मनोनयन करेगा। मनोनयन करते समय यह ध्यान रखा जायेगा कि भौगोलिक, सामाजिक, व्यावसायिक, तथा संगठनात्मक विस्तार की दृष्टि से उचित प्रतिनिधित्व दिया जाए।”

BJP के संविधान में कहा गया है कि ज़िला अध्यक्ष वही व्यक्ति हो सकेगा जो कम से कम 6 वर्ष पार्टी का प्राथमिक सदस्य रहा हो। साथ ही, ज़िला समिति के अन्य सदस्य वे व्यक्ति हो सकेंगे जो साधारणतया कम से कम तीन वर्ष प्राथमिक सदस्य रहे हों। उनका सक्रिय सदस्य होना भी ज़रूरी है। विशेष परिस्थितियों में और संगठन हित में ज़िला अध्यक्ष प्रदेश अध्यक्ष की पूर्व अनुमति से अधिकतम 5 सदस्यों को इस शर्त से छूट दे सकता है ।

उम्र की सीमा को लेकर भी है विवाद

सूत्रों के मुताबिक, BJP में मंडल व ज़िला अध्यक्षों की उम्र को लेकर भी पार्टी में अंदरूनी तौर पर एक सीमा तय की गई थी, यह सीमा मंडल अध्यक्षों के लिए 35 वर्ष से 45 वर्ष के बीच थी और ज़िला अध्यक्षों के लिए 45 वर्ष से 55 वर्ष थी। लेकिन कई जगहों पर इस सीमा का उल्लंघन किया गया था। बीजेपी ने हरियाणा में पटौदी ज़िले से अजीत यादव को ज़िलाध्यक्ष बनाया है और उनकी उम्र 64 वर्ष से अधिक है। वहीं, गुरुग्राम से सर्वप्रिय त्यागी को BJP ने ज़िलाध्यक्ष बनाया है और उनकी उम्र करीब 40 वर्ष ही है। उत्तर प्रदेश के मछली शहर से ज़िलाध्यक्ष बनाए गए डॉ. अजय सिंह की उम्र भी करीब 60 वर्ष है। ऐसे में पार्टी पर खुद के बनाए नियमों को दरकिनार करने के भी आरोप लग रहे हैं। सूत्रों की मानें तो उम्र की सीमा को लेकर हरियाणा में कई मंडल अध्यक्ष बदल दिए गए थे लेकिन ज़िला अध्यक्ष के चयन में यह नियम ताक पर रख दिया गया है।

तेरा-मेरा से तय हुए अध्यक्ष

BJP के अध्यक्षों के ‘चुनाव’ में एक बड़ा आरोप यह भी लग रहा है कि पार्टी के अध्यक्ष असल में केवल लोगों की निजी पसंद से तय हुए हैं। संगठन के चुनावों में कितनी लोगों के नाम मंडलों की निर्वाचन समिति से आए हैं, यह एक बड़ा सवाल है। सूत्रों के मुताबिक, कई जगहों पर तो ऐसा हुआ कि जिस ज़िले में जिस नेता की पकड़ अच्छी रही, वहां उन्हीं की पसंद से ज़िला अध्यक्ष का नाम तय कर दिया गया। ज़िला अध्यक्ष के निर्वाचन में कई जगहों पर संघ के अधिकारियों की भी चली है और उनकी पसंद के नेता भी ज़िला अध्यक्ष बनाए गए हैं।

इन सबके चलते कई जगहों पर कार्यकर्ता खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं। एक और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी लगातार सरकार को मज़बूती से आगे बढ़ा रहे हैं तो दूसरी और संगठन के लिए इस तरह के कदम कार्यकर्ताओं के मन में शंका का बीज डालने वाले हो सकते हैं। पीएम मोदी के कंधे पर सरकार की ज़िम्मेदारी है तो ऐसे में संगठन को ज़मीनी स्तर पर मज़बूत करने के लिए प्रदेश के अन्य नेताओं को भी ज़िम्मेदारी उठानी होगा, सिर्फ प्रधानमंत्री के दम पर ही दूसरे नेताओं को सारी ज़िम्मेदारी छोड़ने से बचना होगा।

विशेषज्ञों का कहना है कि BJP के संगठनात्मक चुनावों में पारदर्शिता और निष्पक्षता की कमी, प्रभावशाली नेताओं और संघ के अधिकारियों का हस्तक्षेप और कार्यकर्ताओं की अनदेखी जैसे मुद्दे पार्टी के लिए गंभीर चुनौती बन सकते हैं।। यह ना केवल पार्टी के आंतरिक लोकतंत्र के लिए मुसीबत बन सकता है बल्कि दूसरी पार्टियों को भी इससे BJP पर हमला करने के मौके मिलेंगे। हालांकि, बीजेपी को अनुशासित पार्टी के तौर पर देखा जाता है और इन चुनावों में विरोध के स्वर सामने आएं ऐसा भी मुश्किल ही हैं लेकिन ये पार्टी के दूरगामी हितों के लिए नुकसानदायक हो सकता है।

स्रोत: हरियाणा, बीजेपी, नरेंद्र मोदी, संगठन चुनाव, Haryana, BJP, Narendra Modi, Organization election,
Tags: BJPHaryanaNarendra ModiOrganization Electionनरेंद्र मोदीबीजेपीसंगठन चुनावहरियाणा
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

सरकार ने राम मंदिर को दिया था सिर्फ 1 रुपए, अब कर ली ₹400 करोड़ की कमाई

अगली पोस्ट

रमजान के महीने में भी शिकार पर हैं जिहादी भेड़िये, चूरू से लेकर हाथरस तक कट्टरपंथियों से त्रस्त हिन्दू लड़कियां

संबंधित पोस्ट

दीपावली के ‘दीपक’ में छिपा ‘स्व’ का बोध
ज्ञान

दीपावली के ‘दीपक’ में छिपा ‘स्व’ का बोध

7 November 2026

प्रतिवर्ष दीपों का उत्सव 'दीपावली' आते ही घर-आँगन दीपों से सजने लगते हैं। बाजारों में रौनक बढ़ती है, मिठाइयों और पकवानों की सुगंध वातावरण में...

CJP का यू-टर्न क्यों? पहले अपील, अब INDIA गठबंधन की रैली से दूरी; AAP कनेक्शन पर सवाल
चर्चित

CJP का यू-टर्न क्यों? पहले अपील, अब INDIA गठबंधन की रैली से दूरी; AAP कनेक्शन पर सवाल

1 November 2026

‘वोट चोरी’ के मुद्दे पर पहले सभी को साथ आने की जरूरत बताने वाला CJP अब खुद को स्वतंत्र और न्यूट्रल प्लेटफॉर्म बता रहा है।...

‘जेन-जी’ से ‘रिजीम चेंज’ तक: शब्दों के पीछे नैरेटिव का खेल
चर्चित

‘जेन-जी’ से ‘रिजीम चेंज’ तक: शब्दों के पीछे नैरेटिव का खेल

31 October 2026

हाल ही में कुछ स्कूली छात्रों के साथ था। बातचीत के दौरान विषय ‘जेन-जी’ का चलने लगा। मैंने कहा, अंग्रेजी में ‘जेन-जी’ लिखो। सबने लिखा,...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

India Built Rudra and Prachand. Now It Wants to Make Their Gun at Home.

India Built Rudra and Prachand. Now It Wants to Make Their Gun at Home.

00:03:14

INS Samarthak: The Indigenous Warship Built to Do More Than One Job VO:

00:03:01

Why Is India Investing in Underwater Weapons?

00:02:10

How DRDO Is Making India's Military Communications More Secure

00:03:28

How Ice on Aircraft Wings Can Turn Deadly

00:03:19
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited