मोहन भागवत ने बताया भारत का अगला लक्ष्य, अब PoK को कब तक रोक पाएंगे मुल्ला मुनीर?
TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पीएम मोदी की 21 मई को होगी अहम बैठक

    पीएम की 21 मई बैठक पर सबकी नजर, कैबिनेट फेरबदल और बड़े सुधारों के संकेत तेज

    संजीव सान्याल

    संजीव सान्याल: क्या बंगाल को मिलने वाला है अपना ‘टेक्नोक्रेट’ वित्त मंत्री?

    मुजफ्फरनगर में मुस्लिम युवक पकड़ाया

    मुजफ्फरनगर में मुस्लिम युवक ने फर्जी पहचान छिपाकर नाबालिग लड़की का किया अपहरण, भागने की कोशिश में यूपी पुलिस मुठभेड़ में लगी गोली

    पेट्रोल-डीजल के बाद सीएनजी ने भी बढ़ाई टेंशन

    पेट्रोल-डीजल के साथ सीएनजी के दाम भी बढ़े, जनता पर महंगाई की मार

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    संजीव सान्याल

    संजीव सान्याल: क्या बंगाल को मिलने वाला है अपना ‘टेक्नोक्रेट’ वित्त मंत्री?

    ‘संकटमोचक’ बना दोस्त UAE, भारत के रणनीतिक तेल भंडारों के लिए भरी झोली, जंग के बीच मोदी की बड़ी कूटनीतिक जीत

    ‘संकटमोचक’ बना दोस्त UAE, भारत के रणनीतिक तेल भंडारों के लिए भरी झोली, जंग के बीच मोदी की बड़ी कूटनीतिक जीत

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को सीजफायर के लिए कैसे मजबूर किया

    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को युद्धविराम के लिए कैसे मजबूर किया ?

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    Donald Trump Iran ceasefire

    हॉर्मुज टोल टैक्स: अपनी जान छुड़ाने के लिए ट्रम्प पूरी दुनिया को फिरौती, महंगाई के नए दलदल में बेरहमी से झोंक चुके हैं

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    कोर्ट ने भोजशाला को 'वाग्देवी मंदिर' माना है और हिंदू पक्ष को वहां पूजा-अर्चना का पूरा अधिकार देने की बात कही।

    भोजशाला: इतिहास, संघर्ष और “विजेता भाव” की अनकही कहानी

    भोजशाला पर हिंदुओं की बड़ी जीत

    धार की भोजशाला को इंदौर हाईकोर्ट ने माना वाग्देवी मंदिर माना, मुस्लिमों के नमाज़ के अधिकार का दावा ख़ारिज

    नीट (NEET-UG) परीक्षा प्रणाली में अहम बदलाव: शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के बड़े ऐलान और भविष्य की तैयारी

    नीट (NEET-UG) परीक्षा प्रणाली में अहम बदलाव: शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के बड़े ऐलान और भविष्य की तैयारी

    महाराणा प्रताप जयंती: भारत ने उस राजा की विरासत को पुनर्जीवित किया जिसने अधीनता के बजाय प्रतिरोध को चुना, पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि

    महाराणा प्रताप जयंती: भारत ने उस राजा की विरासत को पुनर्जीवित किया जिसने अधीनता के बजाय प्रतिरोध को चुना, पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पीएम मोदी की 21 मई को होगी अहम बैठक

    पीएम की 21 मई बैठक पर सबकी नजर, कैबिनेट फेरबदल और बड़े सुधारों के संकेत तेज

    संजीव सान्याल

    संजीव सान्याल: क्या बंगाल को मिलने वाला है अपना ‘टेक्नोक्रेट’ वित्त मंत्री?

    मुजफ्फरनगर में मुस्लिम युवक पकड़ाया

    मुजफ्फरनगर में मुस्लिम युवक ने फर्जी पहचान छिपाकर नाबालिग लड़की का किया अपहरण, भागने की कोशिश में यूपी पुलिस मुठभेड़ में लगी गोली

    पेट्रोल-डीजल के बाद सीएनजी ने भी बढ़ाई टेंशन

    पेट्रोल-डीजल के साथ सीएनजी के दाम भी बढ़े, जनता पर महंगाई की मार

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    संजीव सान्याल

    संजीव सान्याल: क्या बंगाल को मिलने वाला है अपना ‘टेक्नोक्रेट’ वित्त मंत्री?

    ‘संकटमोचक’ बना दोस्त UAE, भारत के रणनीतिक तेल भंडारों के लिए भरी झोली, जंग के बीच मोदी की बड़ी कूटनीतिक जीत

    ‘संकटमोचक’ बना दोस्त UAE, भारत के रणनीतिक तेल भंडारों के लिए भरी झोली, जंग के बीच मोदी की बड़ी कूटनीतिक जीत

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को सीजफायर के लिए कैसे मजबूर किया

    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को युद्धविराम के लिए कैसे मजबूर किया ?

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    Donald Trump Iran ceasefire

    हॉर्मुज टोल टैक्स: अपनी जान छुड़ाने के लिए ट्रम्प पूरी दुनिया को फिरौती, महंगाई के नए दलदल में बेरहमी से झोंक चुके हैं

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    कोर्ट ने भोजशाला को 'वाग्देवी मंदिर' माना है और हिंदू पक्ष को वहां पूजा-अर्चना का पूरा अधिकार देने की बात कही।

    भोजशाला: इतिहास, संघर्ष और “विजेता भाव” की अनकही कहानी

    भोजशाला पर हिंदुओं की बड़ी जीत

    धार की भोजशाला को इंदौर हाईकोर्ट ने माना वाग्देवी मंदिर माना, मुस्लिमों के नमाज़ के अधिकार का दावा ख़ारिज

    नीट (NEET-UG) परीक्षा प्रणाली में अहम बदलाव: शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के बड़े ऐलान और भविष्य की तैयारी

    नीट (NEET-UG) परीक्षा प्रणाली में अहम बदलाव: शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के बड़े ऐलान और भविष्य की तैयारी

    महाराणा प्रताप जयंती: भारत ने उस राजा की विरासत को पुनर्जीवित किया जिसने अधीनता के बजाय प्रतिरोध को चुना, पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि

    महाराणा प्रताप जयंती: भारत ने उस राजा की विरासत को पुनर्जीवित किया जिसने अधीनता के बजाय प्रतिरोध को चुना, पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

मोहन भागवत ने बताया भारत का अगला लक्ष्य, अब PoK को कब तक रोक पाएंगे मुल्ला मुनीर?

संघ की भाषा में यह हमेशा से रहा है कि भारत एक परिवार है, एक सभ्यता है, जिसे देश विभाजन ने अस्थायी रूप से बांट दिया।

Vibhuti Ranjan द्वारा Vibhuti Ranjan
7 October 2025
in इतिहास, चर्चित, ज्ञान, फैक्ट चेक, भारत, भू-राजनीति, राजनीति, विश्व, संस्कृति
मोहन भागवत ने बताया भारत का अगला लक्ष्य, अब PoK को कब तक रोक पाएंगे मुल्ला मुनीर?

PoK की ओर भारत का झुकाव केवल भावनात्मक नहीं, बल्कि रणनीतिक रूप से तार्किक भी है।

Share on FacebookShare on X

भारत का रुख अब स्पष्ट है। इसे सबसे पहले दुनिया के सामने रखा है आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने। मध्य प्रदेश के सतना में एक गुरुद्वारे के उद्घाटन के दौरान उन्होंने वह कह दिया, जो शायद दिल्ली के सत्ता गलियारों में अब तक केवल संकेतों में कहा जा रहा था। उन्होंने कहा— वो घर और ये घर अलग नहीं है, पूरा भारतवर्ष एक घर है। मेरे घर का एक कमरा किसी ने हथियाया है, कल उसको वापस लेकर फिर से वहां डेरा डालना है और इसलिए स्मरण रखना है अविभाजित भारत। उनका यह वक्तव्य न तो महज़ एक भावनात्मक संबोधन था और न कोई धार्मिक उपदेश। यह बयान भारत के अगले भू-राजनीतिक कदम की वैचारिक घोषणा थी।

बता दें कि संघ की भाषा में यह हमेशा से रहा है कि भारत एक परिवार है, एक सभ्यता है, जिसे देश विभाजन ने अस्थायी रूप से बांट दिया। लेकिन, यही बात संघ प्रमुख ऐसे समय में कहते हैं, जब केंद्र में उनकी ही विचारधारा सत्ता में है और देश के प्रधानमंत्री खुद बार-बार PoK का नाम लेकर पाकिस्तान को चेतावनी दे रहे हैं, तो इसे सामान्य भाषण नहीं माना जा सकता। भागवत का घर का कमरा वापस लेने वाला कथन इस बात की उद्घोषणा है कि भारत की निगाह अब सीमाओं के पार पहुंच चुकी है।

संबंधितपोस्ट

पीएम की 21 मई बैठक पर सबकी नजर, कैबिनेट फेरबदल और बड़े सुधारों के संकेत तेज

PNS Hangor की लॉन्चिंग से बढ़ा पाकिस्तान का आत्मविश्वास, लेकिन असली चुनौती अभी बाकी है

पीएम मोदी का 5 देशों का विदेश दौरा : ऊर्जा सुरक्षा और व्यापार पर रहेगा फोकस

और लोड करें

यह बात इसलिए और महत्वपूर्ण हो जाती है क्योंकि भारत की आधिकारिक स्थिति भी इसी स्वर को पुष्ट करती है। लोकसभा में 2020 में दिए गए बयान में विदेश मंत्रालय ने साफ कहा था कि जम्मू-कश्मीर और लद्दाख का संपूर्ण क्षेत्र भारत का अभिन्न हिस्सा है और पाकिस्तान को अवैध कब्जे वाले सभी क्षेत्रों को खाली कर देना चाहिए। यह वही स्थिति है, जिसे भारत की संसद ने 1994 में सर्वसम्मति से पारित प्रस्ताव के रूप में हमेशा के लिए दर्ज किया था। आज भागवत उसी भावना को जनभावना के रूप में दोहरा रहे हैं। मानो यह याद दिलाने के लिए कि वादा अधूरा है और नक्शा अभी पूरा नहीं हुआ।

इस बीच, केंद्र सरकार के रुख में जो बदलाव दिखा है, वह किसी संयोग से नहीं है। गृह मंत्री अमित शाह ने कुछ ही महीने पहले ही कहा था, PoK हमारा है और रहेगा। सभी सरकारों को इस पर काम करना चाहिए। उनका यह वाक्य अपने आप में भारत की नीतिगत दृढ़ता का दस्तावेज है। लेकिन जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मई में राष्ट्र को संबोधित करते हुए पाकिस्तान को यह चेताया कि अब कोई बातचीत और कोई व्यापार नहीं होगा, अगर बातचीत होगी तो सिर्फ आतंकवाद और PoK पर होगी, तब यह समझना कठिन नहीं रहा कि नई दिल्ली की नीति अब प्रतीक्षा नहीं, तैयारी के चरण में है।

कश्मीर के पहलगाम में जब आतंकियों ने निर्दोषों पर कहर ढाया, तो भारत की प्रतिक्रिया तत्काल और निर्णायक रही। ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के जवाबी हमले में भारतीय बलों ने पाकिस्तान और PoK में मौजूद नौ आतंकवादी ठिकानों को ध्वस्त कर दिया। उसके बाद जो भाषण प्रधानमंत्री ने दिया, उसमें एक निर्णायक पंक्ति थी, आतंकवाद और बातचीत एक साथ नहीं चल सकते, आतंकवाद और पानी साथ नहीं बह सकता। उनके इस वाक्य में वह नई नीति समाई थी, जिसमें पाकिस्तान के लिए भारत के पास अब कोई छूट, कोई रियायत नहीं बची है।

22 मई को राजस्थान के बीकानेर में जब पीएम मोदी ने कहा कि भारत के दुश्मन अब देख चुके हैं कि जब सिंदूर बारूद बन जाए तो क्या होता है, तो उनका यह स्पष्ट संदेश था कि भारत की रणनीतिक सीमा अब नियंत्रण रेखा पर नहीं रुकती। दरअसल, यह वह वक्त है जब भारत केवल जवाब देने की नहीं, हिसाब बराबर करने की स्थिति में है। संघ प्रमुख का वक्तव्य इसी दिशा में एक वैचारिक स्वीकृति है, जैसे वह यह कह रहे हों कि देश अब तैयार है अपने घर का कब्जा छुड़ाने के लिए।

PoK का प्रश्न केवल भू-राजनीति का नहीं, बल्कि सभ्यता और सुरक्षा का भी है। पाकिस्तान ने जिस इलाके को अपने कब्जे में रखा हुआ है, वह भारत की जल-नसों पर नियंत्रण रखता है। सिंधु नदी और उसकी सहायक धाराओं का ऊपरी हिस्सा इसी क्षेत्र से होकर बहता है। चीन-पाकिस्तान आर्थिक गलियारा (CPEC) का बड़ा हिस्सा PoK से होकर गुजरता है, जो न केवल अवैध है बल्कि भारत की संप्रभुता का खुला उल्लंघन भी है। यही वह क्षेत्र है, जहां पाकिस्तान ने चीनी कंपनियों को खनिजों के दोहन का अधिकार दिया हुआ है। भारत के लिए यह सिर्फ भूमि नहीं, बल्कि संसाधन, जल और सुरक्षा के स्रोत पर नियंत्रण का प्रश्न है।

संघ का यह अखंड भारत का विचार कोई आज की राजनीति का नारा नहीं है। 1925 में इसकी स्थापना के समय से ही संघ ने विभाजित भारत को अधूरा कहा था। 1947 में जब देश बंटा, तो भी संघ के विचार में यह विभाजन अस्थायी कहा गया था। इन सबके बीच अब, जब सौवें वर्ष में RSS शताब्दी मना रहा है, तो मोहन भागवत का यह वक्तव्य उस ऐतिहासिक वैचारिक यात्रा का चरम बिंदु प्रतीत होता है। जैसे वह कह रहे हों कि हमने 100 वर्ष तक प्रतीक्षा की, अब अधूरे भूगोल को पूरा करने का समय आ चुका है।

पाकिस्तान मोहन भागवत के इस बयान से बौखलाया हुआ है। इस्लामाबाद में बैठे विश्लेषक इसे भारत के विश्लेषक इसे मानसिक युद्ध की शुरुआत बता रहे हैं। लेकिन भारत में यह बयान किसी उत्तेजना की उपज नहीं, बल्कि आत्मविश्वास का परिणाम है। मोदी सरकार ने जिस तरह से कूटनीति और सैन्य नीति का एकीकरण किया है, उससे यह स्पष्ट होता है कि भारत अब प्रतिक्रिया देने वाला राष्ट्र नहीं रहा। यह अब नीति निर्धारित करने वाला राष्ट्र बन चुका है।

PoK की ओर भारत का झुकाव केवल भावनात्मक नहीं, बल्कि रणनीतिक रूप से तार्किक भी है। पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था टूट चुकी है, उसका रक्षा ढांचा चीन पर निर्भर है और उसके कब्जे वाले क्षेत्रों में जनता खुद पाकिस्तान से असंतुष्ट है। मुजफ्फराबाद और गिलगित में हाल के महीनों में हुए विरोध प्रदर्शनों ने यह साबित कर दिया है कि PoK अब पाकिस्तान के लिए संपत्ति नहीं, बोझ बन गया है। यही वह मनोवैज्ञानिक मोड़ है, जहां से भारत के लिए अवसर शुरू होता है।

संघ प्रमुख का बयान ऐसे समय में आया है, जब अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत की प्रतिष्ठा अपने सर्वोच्च स्तर पर है। अमेरिका से लेकर यूरोप तक भारत को स्थिर शक्ति के रूप में देखा जा रहा है, जो चीन और रूस के बीच एक संतुलन बिंदु बन चुका है। ऐसे में यदि भारत अपने अधिकार की बात करता है, तो दुनिया उसे आक्रामक नहीं बल्कि सिद्ध अधिकार के रूप में स्वीकार कर रही है।

इन सबके बीच शायद यही वह क्षण है, जहां मोहन भागवत का वक्तव्य केवल संघ या सरकार का नहीं, बल्कि भारत की आत्मा का स्वर बन जाता है। वह स्वर जो यह कहता है कि यह भूमि केवल सीमा की रेखाओं से नहीं, बल्कि हजारों वर्षों के सांस्कृतिक धागों से जुड़ी हुई है। PoK केवल कागज पर एक भूभाग नहीं, बल्कि यह वह हिस्सा है जहां से भारतीय सभ्यता का एक अध्याय हमसे अलग हो गया था। अब भारत वह अध्याय फिर जोड़ने की तैयारी में है।

इसलिए जब भागवत कहते हैं कि घर का कमरा वापस लेकर फिर से वहां डेरा डालना है, तो यह किसी राजनीतिक नारे की नहीं, बल्कि सभ्यता के पुनर्जागरण की घोषणा है। अब यह प्रश्न पाकिस्तान से अधिक भारत के भीतर के आत्मविश्वास का है। क्या हम उस नक्शे को पूरा करने को तैयार हैं, जिसे हमने अधूरा छोड़ा था?

भारत की सरकार, सेना और जनता तीनों के बीच जिस सामंजस्य की झलक आज दिखती है, वह इस बात का संकेत है कि यह सपना अब केवल कागज पर नहीं रहेगा। भागवत के शब्द उस दिशा में पहला सार्वजनिक संकेत हैं कि भारत अब शब्दों से आगे बढ़ चुका है। अब संकल्प का समय है, और यह संकल्प है अखंड भारत का।

Tags: IndiaMohan BhagwatPakistanPM ModiPOKrssUnited Indiaअखंड भारतआरएसएसपाकिस्तानपीएम मोदीभारतमोहन भागवत
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

अमेरिकी ‘मिशनरी’ या छुपा एजेंट? भीवंडी में गिरफ्तारी और विदेशी कनेक्शन वाली धर्मांतरण की घटना

अगली पोस्ट

भक्ति से प्रसन्न भगवान ने की भक्त से शादी: आण्डाल रंगनायकी की दिव्य कथा

संबंधित पोस्ट

कोर्ट ने भोजशाला को 'वाग्देवी मंदिर' माना है और हिंदू पक्ष को वहां पूजा-अर्चना का पूरा अधिकार देने की बात कही।
इतिहास

भोजशाला: इतिहास, संघर्ष और “विजेता भाव” की अनकही कहानी

16 May 2026

जब किसी आक्रांता ने किसी मंदिर को तोड़ा होगा, तब शायद उसे यह विश्वास रहा होगा कि उसने केवल पत्थर नहीं गिराए, बल्कि एक सभ्यता...

बीजिंग एयरपोर्ट पर हाई वोलटेज ड्रामा: ट्रंप टीम ने चीन के सारे गिफ्ट्स कचरे के डिब्बे में फेंके, शी जिनपिंग का ‘अपमान’!
चर्चित

बीजिंग एयरपोर्ट पर हाई वोलटेज ड्रामा: ट्रंप टीम ने चीन के सारे गिफ्ट्स कचरे के डिब्बे में फेंके, शी जिनपिंग का ‘अपमान’!

16 May 2026

अमेरिका और चीन के बीच का अविश्वास अब कूटनीतिक शिष्टाचार की सीमाओं को लांघकर दुनिया के सामने आ गया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के...

पीएम मोदी की 21 मई को होगी अहम बैठक
राजनीति

पीएम की 21 मई बैठक पर सबकी नजर, कैबिनेट फेरबदल और बड़े सुधारों के संकेत तेज

16 May 2026

21 मई को  पीएम मोदी की अध्यक्षता में होने वाली केंद्रीय मंत्रिपरिषद की बैठक सिर्फ एक सामान्य प्रशासनिक समीक्षा नहीं मानी जा रही, बल्कि इसे...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

00:05:40

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

00:05:21

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited