TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    आखिर क्यों IAF का एक औपचारिक दस्तावेज पाकिस्तान के पूरे प्रोपेगेंडा पर भारी पड़ गया ?

    संभल जिले में पुलिस के डॉग स्क्वॉड की सदस्य मैरी ने एक ब्लाइंड रेप केस सुलझाने में अहम भूमिका निभाई

    संभल में डॉग मैरी ने सुलझाया ब्लाइंड रेप केस, गमछा सूंघकर आरोपी के घर तक पहुंची

    श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऐतिहासिक भाषणों की प्रासंगिकता,

    बलिदान दिवस विशेष: डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऐतिहासिक भाषणों की प्रासंगिकता

    पीएम मोदी ने कहा भारत सबकी पसंद

    पीएम मोदी : भारत अब केवल दुनिया का हिस्सा नहीं, बल्कि दुनिया की पहली पसंद बन रहा है

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    UPI का अंतरराष्ट्रीय विस्तार भी तेजी से बढ़ रहा

    UPI ने मई में 29.9 लाख करोड़ रुपये के लेनदेन के साथ बनाया नया रिकॉर्ड, भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था हुई और मजबूत

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    एनडीए के कई पूर्व छात्र देश के बड़े सैन्य

    एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड आज, 77 साल के इतिहास का खास पल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस

    चीन को ‘कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस, बयान बना वैश्विक कूटनीतिक विवाद

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    महाभारत से जुड़े प्रमुख दृश्य

    महाभारत: श्रीकृष्ण ने पांडवों के लिए मांगे थे ये 5 गांव, आज इन नामों से जाने जाते हैं शहर

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच SIT के हाथों में, 200 करोड़ रुपये से अधिक की कथित गड़बड़ी की आशंका

    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी के माता-पिता

    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी को मरणोपरांत कीर्ति चक्र से सम्मानित किया गया

    अयोध्या राम मंदिर के चंदे को लेकर विवाद

    राम मंदिर के चंदे को लेकर विवाद, अखिलेश यादव के आरोपों पर ट्रस्ट ने दिया जवाब

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    आखिर क्यों IAF का एक औपचारिक दस्तावेज पाकिस्तान के पूरे प्रोपेगेंडा पर भारी पड़ गया ?

    संभल जिले में पुलिस के डॉग स्क्वॉड की सदस्य मैरी ने एक ब्लाइंड रेप केस सुलझाने में अहम भूमिका निभाई

    संभल में डॉग मैरी ने सुलझाया ब्लाइंड रेप केस, गमछा सूंघकर आरोपी के घर तक पहुंची

    श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऐतिहासिक भाषणों की प्रासंगिकता,

    बलिदान दिवस विशेष: डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऐतिहासिक भाषणों की प्रासंगिकता

    पीएम मोदी ने कहा भारत सबकी पसंद

    पीएम मोदी : भारत अब केवल दुनिया का हिस्सा नहीं, बल्कि दुनिया की पहली पसंद बन रहा है

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    UPI का अंतरराष्ट्रीय विस्तार भी तेजी से बढ़ रहा

    UPI ने मई में 29.9 लाख करोड़ रुपये के लेनदेन के साथ बनाया नया रिकॉर्ड, भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था हुई और मजबूत

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    एनडीए के कई पूर्व छात्र देश के बड़े सैन्य

    एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड आज, 77 साल के इतिहास का खास पल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस

    चीन को ‘कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस, बयान बना वैश्विक कूटनीतिक विवाद

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    महाभारत से जुड़े प्रमुख दृश्य

    महाभारत: श्रीकृष्ण ने पांडवों के लिए मांगे थे ये 5 गांव, आज इन नामों से जाने जाते हैं शहर

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच SIT के हाथों में, 200 करोड़ रुपये से अधिक की कथित गड़बड़ी की आशंका

    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी के माता-पिता

    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी को मरणोपरांत कीर्ति चक्र से सम्मानित किया गया

    अयोध्या राम मंदिर के चंदे को लेकर विवाद

    राम मंदिर के चंदे को लेकर विवाद, अखिलेश यादव के आरोपों पर ट्रस्ट ने दिया जवाब

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

राफिया नाज़: अपनी ही बिरादरी द्वारा सताई गयी मुस्लिम योग शिक्षिका

Atul Kumar Mishra द्वारा Atul Kumar Mishra
16 November 2017
in मत
राफिया नाज़ योग
Share on FacebookShare on X

मैं एलर्जिक हुँ। दिल्ली में रहता हूँ। मैने लगभग ७ से ८ साल तक लगातार, एक लापरवाही भरा जीवन व्यतीत किया है, जो कॉर्पोरेट पैकेज के साथ ही मिल जाता है। मैंने अपने लापरवाही भरे जीवन में कई चीजों की उपेक्षाओं की हैं, जिसमें जंक फूड के प्रति मेरा जुनून, कम से कम व्यायाम करना और अनियंत्रित नींद आदि शामिल हैं और मुझे इसका नतीजा भी भुगतान पड़ा। जिसके परिणामस्वरूप मेरे फेफड़े कमजोर हो गए। जिसके कारण मुझे लगभग पूरे वर्ष, खांसी की वजह से होने वाली कई समस्याओं का सामना करना पड़ता था, ऐसे में मेरे लिए सर्दियों का मौसम, काफी कष्टदायक रहता था। ऐसी स्थिति में, मुझे मेरे एक दोस्त ने योग से जुड़ने की सलाह दी और मैं, इच्छा न होते हुए भी, योग-कक्षा में नामांकन करा लिया। अगर मैं ईमानदारी से कहूँ, तो कम से कम पहले कुछ हफ्तों के लिए, योग को लेकर मेरा अनुभव काफी बुरा रहा। योग कक्षाओं में जिम की तरह कोई ट्रेडमिल और डंबल प्रेस करने के लिए कोई बैंच नहीं थी। मेरे चारों ओर बैठे लोग शांत दिखाई दे रहे थे, उनमें जिम जाने वाले लोगों में पाई जाने वाली प्राकृतिक आक्रामकता की पर्याप्त कमी थी। योग कक्षाओं में किसी प्रकार का कोई संगीत उपलब्ध नहीं था। वहाँ मात्र एक प्रशिक्षक था और दस-से-बारह प्रशिक्षु (योग सीखने वाले लोग), जो चटाईयों (मैट) पर बैठे थे। प्रशिक्षक का काफी सारा ध्यान शिष्यों को साँस से सम्बन्धित एक योग प्रक्रियाओं को सिखाने पर होता था। प्रत्येक सत्र के खत्म होने के पश्चात, प्रशिक्षक एक अच्छी दिनचर्या की आवश्यकताओं के बारे में बात करते और बताते कि कैसे शरीर से बेहतर परिणाम प्राप्त करने के लिए, मानव शरीर की सर्कैडियन घड़ी को सूर्य के साथ समन्वित किया जाना चाहिए। मैं इन सभी चीजों से अत्यधिक प्रभावित हुआ।

मैं पिछले 2 वर्षों से नियमित रुप से योग कर रहा हूं और योग करने से मुझे अनेक फायदे हुए हैं। मेरे फेफड़ों में पहले की तुलना में काफी सुधार हूआ है (जैसा कि पीएफटी टेस्टों द्वारा साबित होता है), मैंने योग के माध्यम से अपने जीवन को नियन्त्रित करना सीख लिया है और इससे मेरे जीवन में, पहले से कहीं अधिक सुधार हुआ है। अब आप में से कुछ लोग यह सोच रहे होंगे कि क्या इस लम्बे प्राकथन की क्या आवश्यकता थी? दरअसल में मैं यह सिद्ध करना छह रहा था कि योग सिर्फ शरीर को स्वस्थ बनाने और अपने परिवेश के साथ समन्वय बनाएं रखने के बारे में है। योग, एक प्रशिक्षु को, हाथ की मांसपेशियों का निर्माण करने के लिए ५० किलोग्राम का भार उठाने के लिए निर्देशित नहीं करता है, लेकिन योग, उन मांसपेशियों को मजबूत बनाने के लिए दबाने और खींचने जैसे विभिन्न संयोजन क्रियाओं पर ध्यान देता है। इसी तरह, योग सही आसन, सही तरीके से साँस लेने की तकनीकों आदि पर भी अत्यधिक ध्यान देता है।

संबंधितपोस्ट

स्वस्थ रहने के लिए योग सीखना चाहते हैं तो आपके लिए हैं भारत के ये पांच स्थान

आधुनिक भारत को जोड़ने वाले ‘योग पुरुष’ हैं राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के संस्थापक ‘डॉ हेडगेवार’

योग से जोड़ो, आयुर्वेद से संवारो: विश्व-व्यवस्था का भारतीय दर्शन

और लोड करें

हालांकि यह एक तथ्य है कि योग की प्रकृति, स्वाभाविक रुप से हिंदू है, कई विद्यालय शिव वंदना के साथ अपने सत्र की शुरूआत करते हैं, परन्तु इन अनुष्ठानों में भाग लेने के लिए किसी पर किसी भी प्रकार से बंधन नहीं है। योगा से सम्बन्धित कई सांस नियंत्रण अभ्यास में हमें ‘ओम’ शब्द का उच्चारण करना पड़ता है – ‘ओम’ शब्द हिंदू धर्म में सबसे महत्वपूर्ण आध्यात्मिक बीज-शब्दों में से एक है, लेकिन एक प्रशिक्षु के लिए ओम का जप करना अनिवार्य नहीं है। तो मूल रूप से यह कहा जा सकता है कि योग किसी भी धार्मिक प्रतीकवाद के बिना भी किया जा सकता है, इसलिए हम योग को शुद्ध रूप से शरीर को मजबूत बनाने और आंतरिक चेतना को जागृत करने के एक उत्तम तरीके के रूप में देख सकते हैं। लेकिन हमारे देश के कुछ लोगों के लिए योग को पूर्ण रुप से समझना, बहुत मुश्किल प्रतीत होता है। वे लोग, योग को एक हिंदू अनुष्ठान मानते हैं और यह कहते हैं कि योग मात्र हिंदूओं को ही करना चाहिए। लोगों की ऐसी विचारधारा से, अन्य धर्मों और विशेष रुप से मुसलमानों और योग के प्रशिक्षुओं (योग सिखाने वाले) को बहुत बड़ा झटका लगा और उन्होंने इस बात का बहिष्कार भी किया।

ऐसी ही एक महिला राफिया नाज़ है। राफिया नाज़, रांची की रहने वाली एक मुस्लिम योग शिक्षक हैं। राफिया चार साल की उम्र से योग कर रही हैं।

राफिया नाज़ के अनुसार, एक मुस्लिम के रूप में योग का अभ्यास करना, उसके परिवार या पड़ोस के लिए कभी भी कोई परेशानी का कारण नहीं रहा, जिनके साथ वह अपना जीवन व्यतीत करती थी। राफिया ने कहा कि उसे उसके बुजुर्गों ने बताया था कि योग, किसी एक विशेष धर्म या जाति या विश्वास से संबंधित नहीं है और योग, उन सभी लोगों के लिए है जो अपने शरीर का उचित तरीके से ध्यान रखना चाहते हैं। युवा राफिया नाज़ के लिए, उनके बुजुर्गों द्वारा दी गई, यह एक ऐसी प्रेरणा थी, जिसकी वजह से राफिया नाज़ ने आगे बढ़कर योग शिक्षक के रूप में अपने काम की शुरुआत की।

राफिया नाज़, योग के महागुरु बाबा रामदेव के साथ मंच साझा करने के बाद, एक स्थानीय सेलेब्रिटी बन गई। राफिया नाज़ ने योग के क्षेत्र में कई मुक़ाम हासिल किये और पुरस्कार जीते। लेकिन प्रसिद्धि के साथ-साथ उन्हें लोगों की नफरत का भी सामना करना पड़ा। राफिया अपने समुदाय के लोगों के लिए एक सरल निशाना बन गई। राफिया को योग के अपने केंद्र को बन्द करने के लिए लगातार धमकियां मिल रही थी, लेकिन राफिया नाज़ ने उन धमकियों के नजरंदाज कर दिया और योग के प्रति निष्ठा का पालन करती रही। फिर राफिया को और परेशान किया गया, धमकियां मिली, फिर विगत बुधवार को, उनके समुदाय के लोगों के एक समूह ने उनके घर पर पत्थर फेंके। पुलिस को बुलाया गया था, जैसे तैसे भीड़ छटी लेकिन गुरुवार सुबह फिर से वही हिंसा शुरू हो गयी राफिया को अब आशंका है कि इन राक्षसों द्वारा उन्हें जान का ख़तरा है, वैसे राक्षस जिन्हें अपने धर्म के बाहर का सब कुछ गलत, पाप और ढोंग लगता है।

ज़ी न्यूज़ की इस रिपोर्ट के मुताबिक, राफिया नाज़ के खिलाफ एक फतवा भी जारी किया गया है। इस घटना के बाद योग-गुरु रामदेव, गायक सोनू निगम, शिया मौलाना सैफ अब्बास और अन्य दिग्गजों ने इसकी सख्त निंदा की।

हम विपक्षी दलों द्वारा रचे गए असहिष्णुता के आडम्बर को नहीं भूले हैं जिसे कई पत्रकारों और शिक्षा, साहित्य और सिनेमा के कई तथाकथित बुद्धिजीवियों द्वारा कार्यान्वित किया गया था। अचानक से इन लोगो ने घोषणा की, कि हिंदू बहुमत वाला भारत अचानक असहिष्णु बन गया है। तब से कई अवसर आये जहां भारत में असहिष्णुता का वही पुराना राग गाया गया। अखलाक की हत्या, असहिष्णुता। पहलू की हत्या, असहिष्णुता। एक ट्रेन में एक मुस्लिम युवा मारा गए (सीट पर विवाद), असहिष्णुता। गाय संरक्षक अगर गो-तस्करों का सामना करें, असहिष्णुता। फिर वही लोग केंद्र सरकार को बदनाम करने के लिए एक और नीच अभियान के साथ मैदान में उतर आए। इसे #NotInMyName कहा गया। उन्होंने आगे आकर भारत के एक लिंच (पीट पीट कर की गयी हत्या) मैप का निर्माण किया, जहां मोब (भीड़) लिंचिंग में मारे गए लोगों को नक्शे पर लाल बिंदुओं से पेश किया गया। उनके तथाकथित लिंच नक्शे में उमर फैय्याज जैसे देशभक्तों के लिए कोई स्थान नहीं था, जो कि कश्मीर में हत्यारों द्वारा मारे गए थे, या फिर सीपीआईएम के गुंडों द्वारा केरल में मारे जाने वाले वो तमाम आरएसएस कार्यकर्ता।

आम तौर पर सबसे पहले प्रतिक्रिया करने वाले ये ५ स्टार आन्दोलनकारी और NotInMyName के कार्यकर्ता अभी भी राफिया नाज घटना के बारे में अपनी राय व्यक्त नहीं कर पाए हैं।

देश के सामान्य हिंदू जो अपने दैनिक कार्य में व्यस्त हैं, उसके पास सहिष्णु-असहिष्णु खेलने का समय नहीं है। साधारण हिंदू के पास फ़तवे लिखने का या लोगों पर पत्थर फेंकने का समय नहीं है। उनके पास  निश्चित रूप से करने के लिए बेहतर चीजें हैं छद्म-उदारवादी बुद्धिजीवियों के अच्छे खासे प्रचार के बावजूद, यह तेजी से स्पष्ट हो रहा है कि आखिर सच में असहिष्णु कौन है। झूठ का विज्ञापन करने की ज़रूरत है, सच्चाई अपना प्रचार स्वयं कर लेती है।

Tags: योगराफिया नाज़
शेयर307ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

कार्ल सेगन: आज तक के सबसे बड़े खगोल-शास्त्री हिंदू धर्म से प्रेरित थे

अगली पोस्ट

जीएसटी को लेकर कांग्रेस के फैलाये एक बड़े झूठ का हुआ पर्दाफाश

संबंधित पोस्ट

Veer Savarkar Congress And Indira Gandhi
चर्चित

इंदिरा गांधी ने किया था सम्मान लेकिन वीर सावरकर से क्यों चिढ़ती है कांग्रेस?

28 May 2026

विनायक दामोदर सावरकर जिन्हें 'स्वातंत्र्यवीर' के रूप में जाना जाता है। वो भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के एक प्रमुख क्रांतिकारी थे। उनकी भूमिका और विचारधारा आज...

असम में UCC बिल पास: बहुविवाह और ‘लव जिहाद’ पर लगेगा टोटल ब्रेक, सीएम हिमंत का बड़ा कदम!
चर्चित

असम में UCC बिल पास: बहुविवाह और ‘लव जिहाद’ पर लगेगा टोटल ब्रेक, सीएम हिमंत का बड़ा कदम!

27 May 2026

उत्तर पूर्व भारत के रणनीतिक और राजनीतिक रूप से सबसे महत्वपूर्ण राज्य असम से एक बेहद बड़ी और युगांतकारी खबर सामने आई है। असम विधानसभा...

Keral Muslim Leauge
इतिहास

मुस्लिम लीग, केरलम् और बहुत कुछ…

19 May 2026

1947 मे भारत के विभाजन के जो अनेक कारक (factors) रहे, उनमे मुस्लिम लीग प्रमुख हैं। मुस्लिम लीग ने ही अलग मुस्लिम राष्ट्र की मांग...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Pakistan’s Investment Rescue Plan or Another Economic Promise? Munir | Sharif

Pakistan’s Investment Rescue Plan or Another Economic Promise? Munir | Sharif

00:03:41

Gilgit Baltistan's Youth Rising: The Fight for Dignity, Rights and Self Governance

00:03:08

Doklam’s Legacy: How the 2017 Standoff Reshaped Himalayan Security and Border Tensions। Indo china

00:03:11

Inside the Doklam Face-Off: How India Backed Bhutan and Held the Line During the 73 Day Standoff

00:03:11

Why the 2017 Doklam Standoff Became a Major Strategic Wake Up Call For India | Chicken Neck

00:03:11
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited