TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    राजीव गांधी

    जब राजीव गांधी ने दूरदर्शन को दिए थे तियानआनमेन स्क्वायर नरसंहार की कवरेज न करने के निर्देश

    Cockroach Janta Party

    Cockroach Janta Party ने दिल्ली प्रदर्शन से पहले तीन प्रवक्ताओं का किया ऐलान, नेताओं की पृष्ठभूमि पर छिड़ी बहस

    रुद्रम-2 मिसाइल

    रुद्रम-2 मिसाइल के सफल परीक्षण से भारत की रक्षा ताकत बढ़ी, दुश्मन के रडार सिस्टम को 300 किमी दूर से कर सकती है तबाह

    बीजेपी में बदलाव

    हिमाचल नगर निगम चुनाव में भाजपा का दबदबा, 4 में से 3 नगर निगमों पर जमाया कब्जा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    UPI का अंतरराष्ट्रीय विस्तार भी तेजी से बढ़ रहा

    UPI ने मई में 29.9 लाख करोड़ रुपये के लेनदेन के साथ बनाया नया रिकॉर्ड, भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था हुई और मजबूत

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    रुपये की गिरावट रोकने को आरबीआई देगा ‘कड़वी दवाई’: रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंचा रुपया, बढ़ सकती हैं ब्याज दरें

    रुपये की गिरावट रोकने को आरबीआई देगा ‘कड़वी दवाई’: रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंचा रुपया, बढ़ सकती हैं ब्याज दरें

    सोने-चांदी के भाव धड़ाम: क्या वाकई फूट गया चांदी का बुलबुला? रिकॉर्ड स्तर से ₹1.92 लाख तक टूटी कीमतें

    सोने-चांदी के भाव धड़ाम: क्या वाकई फूट गया चांदी का बुलबुला? रिकॉर्ड स्तर से ₹1.92 लाख तक टूटी कीमतें

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    एनडीए के कई पूर्व छात्र देश के बड़े सैन्य

    एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड आज, 77 साल के इतिहास का खास पल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस

    चीन को ‘कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस, बयान बना वैश्विक कूटनीतिक विवाद

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    अमेरिकी प्रतिबंधों के बावजूद रूस से तेल आयात जारी रखेगा भारत, ऊर्जा सुरक्षा पर सरकार का सख्त रुख

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    गोवा राज्य स्थापना दिवस

    गोवा राज्य स्थापना दिवस 2025: जानिए इतिहास, महत्व और इस दिन से जुड़ी खास बातें

    1950 में जेल से रिहा किए जाने के बाद सावरकर (चित्र: savarkar.org)

    अंग्रेज़ों की ही नहीं, नेहरू सरकार की कैद में भी महीनों रहे थे सावरकर

    हर चौथे छात्र ने मांगी अपनी आंसर शीट, CBSE के डिजिटल चेकिंग सिस्टम से उठा भरोसा?

    हर चौथे छात्र ने मांगी अपनी आंसर शीट, CBSE के डिजिटल चेकिंग सिस्टम से उठा भरोसा?

    मिथिलांचल के लिए ऐतिहासिक दिन: अटल सरकार में मिली थी संवैधानिक पहचान, अब मोदी सरकार में CBSE पाठ्यक्रम में शामिल हुई मैथिली!

    मिथिलांचल के लिए ऐतिहासिक दिन: अटल सरकार में मिली थी संवैधानिक पहचान, अब मोदी सरकार में CBSE पाठ्यक्रम में शामिल हुई मैथिली!

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    राजीव गांधी

    जब राजीव गांधी ने दूरदर्शन को दिए थे तियानआनमेन स्क्वायर नरसंहार की कवरेज न करने के निर्देश

    Cockroach Janta Party

    Cockroach Janta Party ने दिल्ली प्रदर्शन से पहले तीन प्रवक्ताओं का किया ऐलान, नेताओं की पृष्ठभूमि पर छिड़ी बहस

    रुद्रम-2 मिसाइल

    रुद्रम-2 मिसाइल के सफल परीक्षण से भारत की रक्षा ताकत बढ़ी, दुश्मन के रडार सिस्टम को 300 किमी दूर से कर सकती है तबाह

    बीजेपी में बदलाव

    हिमाचल नगर निगम चुनाव में भाजपा का दबदबा, 4 में से 3 नगर निगमों पर जमाया कब्जा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    UPI का अंतरराष्ट्रीय विस्तार भी तेजी से बढ़ रहा

    UPI ने मई में 29.9 लाख करोड़ रुपये के लेनदेन के साथ बनाया नया रिकॉर्ड, भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था हुई और मजबूत

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    $40 अरब का ऐतिहासिक निवेश, सेमीकंडक्टर और एआई: पीएम मोदी की 5 देशों की यात्रा से भारत को क्या हासिल हुआ?

    रुपये की गिरावट रोकने को आरबीआई देगा ‘कड़वी दवाई’: रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंचा रुपया, बढ़ सकती हैं ब्याज दरें

    रुपये की गिरावट रोकने को आरबीआई देगा ‘कड़वी दवाई’: रिकॉर्ड निचले स्तर पर पहुंचा रुपया, बढ़ सकती हैं ब्याज दरें

    सोने-चांदी के भाव धड़ाम: क्या वाकई फूट गया चांदी का बुलबुला? रिकॉर्ड स्तर से ₹1.92 लाख तक टूटी कीमतें

    सोने-चांदी के भाव धड़ाम: क्या वाकई फूट गया चांदी का बुलबुला? रिकॉर्ड स्तर से ₹1.92 लाख तक टूटी कीमतें

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    एनडीए के कई पूर्व छात्र देश के बड़े सैन्य

    एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड आज, 77 साल के इतिहास का खास पल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस

    चीन को ‘कैंसर’ बताने पर घिरीं ईयू प्रमुख कैलस, बयान बना वैश्विक कूटनीतिक विवाद

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    ‘अगर मैं गया तो मारा जाऊंगा’, क्या ईरान के डर से बेटे की शादी में नहीं जा रहे ट्रंप, किस बात का खौफ?

    एक फोन कॉल और बढ़ती नाराज़गी—भारत को लेकर ट्रंप क्यों खफा

    अमेरिकी प्रतिबंधों के बावजूद रूस से तेल आयात जारी रखेगा भारत, ऊर्जा सुरक्षा पर सरकार का सख्त रुख

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    गोवा राज्य स्थापना दिवस

    गोवा राज्य स्थापना दिवस 2025: जानिए इतिहास, महत्व और इस दिन से जुड़ी खास बातें

    1950 में जेल से रिहा किए जाने के बाद सावरकर (चित्र: savarkar.org)

    अंग्रेज़ों की ही नहीं, नेहरू सरकार की कैद में भी महीनों रहे थे सावरकर

    हर चौथे छात्र ने मांगी अपनी आंसर शीट, CBSE के डिजिटल चेकिंग सिस्टम से उठा भरोसा?

    हर चौथे छात्र ने मांगी अपनी आंसर शीट, CBSE के डिजिटल चेकिंग सिस्टम से उठा भरोसा?

    मिथिलांचल के लिए ऐतिहासिक दिन: अटल सरकार में मिली थी संवैधानिक पहचान, अब मोदी सरकार में CBSE पाठ्यक्रम में शामिल हुई मैथिली!

    मिथिलांचल के लिए ऐतिहासिक दिन: अटल सरकार में मिली थी संवैधानिक पहचान, अब मोदी सरकार में CBSE पाठ्यक्रम में शामिल हुई मैथिली!

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

यशवंत सिन्हा, शत्रुघ्न सिन्हा और अरुण शौरी खुलकर कर रहे हैं ममता का समर्थन

Shridutt Gaitonde द्वारा Shridutt Gaitonde
30 March 2018
in मत
यशवंत सिन्हा शत्रुघ्न सिन्हा अरुण शौरी
Share on FacebookShare on X

ममता बनर्जी के दिल्ली दौरे ने तीसरे मोर्चे के गठन की अटकलों को तेज कर दिया है। यह तो साफ़ है कि ममता बनर्जी कई विपक्षी पार्टियों के संपर्क में हैं और वह खुद को तीसरे मोर्चे की मुखिया के रूप में देख रही हैं। इन सबके बीच राहुल गांधी से न मिलने की उनकी इच्छा ने उनकी प्रधानमंत्री बनने की काल्पनिक उम्मीदों को बढ़ा दिया है।

आम सहमति बनाने की प्रक्रिया में ममता बनर्जी ने कई राजनीतिक पार्टियों के नेताओं से बातचीत का दौर जारी रखा है। जिसमें विपक्षी दल, एनडीए की दुखी गठबंधन सहयोगी पार्टी शिवसेना और एनडीए से अलग हो चुकीं पार्टी टीडीपी भी शामिल हैं। इसी बीच ममता बनर्जी ने बीजेपी के उन असंतुष्ट नेताओं से भी मुलाकात की जो अक्सर ही मोदी सरकार का विरोध करने की वजह से ख़बरों में बने रहते हैं।

संबंधितपोस्ट

बीजेपी ने दिल्ली, हरियाणा, पंजाब और त्रिपुरा में बदले प्रदेश अध्यक्ष, जानें क्या होने वाला है नया

इंदिरा गांधी ने किया था सम्मान लेकिन वीर सावरकर से क्यों चिढ़ती है कांग्रेस?

मेलोडी पर पवन खेड़ा का तंज, पीएम मोदी- मेलोनी की दोस्ती पर क्यों गरमाई सियासत?

और लोड करें

ममता बनर्जी ने बुधवार रात यशवंत सिन्हा, शत्रुघ्न सिन्हा और अरुण शौरी से मुलाकात की जिन्हें अपनी पार्टी के खिलाफ बगावत के लिए जाना जाता है।

अगर हम इन तीनों नेताओं को देखें तो पाएंगे कि तीनों में ही असंतोष की भावना एक समान है। अधिकतर राजनीति के पंडितों का मानना है कि यशवंत सिन्हा कभी टीम प्लेयर नहीं रहे हैं। यशवंत सिन्हा वीपी सिंह सरकार का हिस्सा थे लेकिन कैबिनेट रैंक नहीं मिलने से नाराज यशवंत सिन्हा ने शपथ ग्रहण समारोह में हिस्सा नहीं लिया था। सरकार में शामिल न किये जाने और पीछे हटने की वजह से मोदी सरकार के प्रति भी उनका दृष्टिकोण वही था। जब नरेंद्र मोदी को प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार के रूप में नामित किया गया था तब यशवंत सिन्हा ने आडवाणी का पक्ष लेते हुए गोवा में भाजपा की राष्ट्रीय कार्यकारी बैठक छोड़ दी थी। उनके पुत्र जयंत सिन्हा को मोदी सरकार में राज्य मंत्री बनाया जाने के बाद भी उनके विरोधी रवैय्ये में कोई कमी नहीं आयी। यशवंत सिन्हा का असली असंतोष तब सामने आया जब उनके ब्रिक्स बैंक के अध्यक्ष बनने की इच्छा पूरी नहीं हुई। अरुण जेटली ने उन्हें एक 80 वर्षीय नौकरी आवेदक के रूप में संदर्भित किया था। उन्होंने इसे अपने सम्मान पर चोंट समझा और फिर राष्ट्र मंच के नाम का मंच भी बनाया जो मोदी विरोधी नेताओं के लिए अपना गुस्सा व्यक्त करने का मंच बन गया।

बीजेपी मंत्रिमंडल के एक प्रसिद्ध अर्थशास्त्री और मंत्री अरुण शौरी की कहानी भी ऐसी ही है। वास्तव में अरुण शौरी ने मोदी को प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार के रूप में स्वागत किया था। अरुण शौरी ने मोदी के प्रशासनिक कौशलता की प्रशंसा भी की थी, और कहा था कि शासन की प्रक्रिया में निर्णय लेने में मोदी के शीर्ष पर होने से लाभ होगा। कैबिनेट में उनको शामिल न किये जाने से नाराज अरुण शौरी ने अचानक से मोदी सरकार की आलोचना करनी शुरू कर दी। यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि, उनकी आलोचना प्रधानमंत्री मोदी के खिलाफ गहरी नफरत और व्यक्तिगत टिप्पणियों के रूप में नजर आने लगी थी। एक तरफ अरुण शौरी  ने प्रधानमंत्री मोदी को तानाशाह बुलाया था और दूसरी तरफ उन्होंने टिप्पणी कर कहा था कि मोदी का पीएमओ इतिहास में सबसे कमजोर पीएमओ है! उन्होंने यह भी घोषित किया था कि नोटबंदी स्कीम एक घोटाला है, लेकिन उसी दौरान अरुण शौरी ने यह भी कहा था कि यह निर्णय एक तरह की जल्दबाजी का प्रतीक था। बिना किसी आधार के आलोचना करना मोदी सरकार के खिलाफ अरुण शौरी की नफरत को साफ़ जगजाहिर करता है और इसने उनकी छवि को भी धूमिल किया।

शत्रुघ्न सिन्हा हाल ही में राजद अध्यक्ष लालू यादव से जेल में मिले थे, जोकि उनकी पार्टी विरोधी गतिविधियों में से एक था। आडवाणी के समर्थक पूर्व फिल्म स्टार शत्रुघ्न सिन्हा बीजेपी में मोदी-शाह के अध्यक्षता से खुश नहीं थे। हालांकि, बिहार में शत्रुघ्न सिन्हा को मुख्य उम्मीदवार के तौर पर जगह न मिलने की वजह से उनके अंदर गुस्सा था और मंत्रालय में पुरस्कार के रूप में कोई ख़ास जगह न मिलने की वजह से भी उनकी नाराजगी बढ़ी थी। शत्रुघ्न सिन्हा की सबसे बड़ी चिंता पटना साहिब निर्वाचन क्षेत्र को बरकरार रखना था। बीजेपी का टिकट न मिलने की बढ़ती संभावना के साथ पूर्व मंत्री का सीट जाने का डर बैठ गया और अब अरुण शौरी ने संकेत दिया है कि वह भाजपा को छोड़ना चाहते हैं।

गौर करने वाली बात है कि यशवंत सिन्हा, शत्रुघ्न सिन्हा और अरुण शौरी तीनो ही पूर्व मंत्री रहे हैं, और पार्टी में उनके प्रति सम्मान की भावना थी। इसके बावजूद, उनकी लगातार पार्टी विरोधी गतिविधियां और पद के लिए विवादित बयान ने उनके द्वारा अर्जित की गयी विरासत कम कर दिया है। उनकी हताशा में बढ़ोतरी हुई क्योंकि भाजपा के शीर्ष नेताओं ने उनके प्रति चुपी और उदासीनता की भावना के साथ उन्हें दरकिनार कर दिया। इनमें से किसी को भी पार्टी से न बर्खास्त किया गया और न ही निकाला गया। बीजेपी की इस चाल से उनके द्वारा पार्टी पर किये जा रहे हमलों का कोई असर नहीं पड़ सका और उनकी गलतियों ने खुद को पीड़ित दिखाने की योजना को भी विफल कर दिया और उनके विफल प्रयासों को शहीद घोषित कर दिया गया।

क्या यशवंत सिन्हा, शत्रुघ्न सिन्हा और अरुण शौरी का असर राष्ट्रीय राजनीति पर पड़ेगा? सच कहें तो ममता बनर्जी से हाथ मिलाने से इन तीनों को ही कुछ हासिल नहीं होगा। कई पार्टियों को एकसाथ लाने के कठिन प्रयास में इन तीनों का अहंकार इस गठबंधन में और तड़का लगाएगा। दिलचस्प बात ये है कि तीनों नेताओं को ही इस बात की समझ है कि बीजेपी का विरोध करने के बाद भी वो अपनी महत्वाकांक्षा को पूरा नहीं कर पाएंगे।

इस तीसरे मोर्चे के गठन में तीनो की उच्च पद की चाहत निश्चित रूप से और समस्या उत्पन्न करेगी। अवसरवादी कई विपक्षी पार्टियों का समूह मोदी सरकार पर कोई प्रभाव नहीं डाल पायेगी, इन तीनों नेताओं को इस मोर्चे में शामिल करने से नए गठन के समक्ष और समस्या ही खड़ी करेगी।

प्रस्तावित तीसरा मोर्चा किसी भी रूप में और शक्तिशाली नहीं बन पायेगा और इसमें और  नेताओं के जुड़ने से यह और अधिक अस्थिर हो जायेगा। यह तीन दावेदार तीसरे मोर्चे के लिए संपत्ति से ज्यादा उनपर भार सिद्ध होंगे। भाजपा के दिग्गजों के साथ तीसरे मोर्चे को जल्द ही अपना मार्गदर्शी मंडल के रूप में संस्करण मिल जायेगा।

Tags: बीजेपीममता बनर्जीशत्रुघ्न सिन्हा
शेयर576ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

शत्रुघ्न सिन्हा छोड़ सकते हैं बीजेपी, बहुत ही बढ़िया निर्णय

अगली पोस्ट

चौथी पीढ़ी के राजकुमार राहुल गांधी तय करेंगे कर्नाटक के अन्य राजकुमारों का भविष्य

संबंधित पोस्ट

Veer Savarkar Congress And Indira Gandhi
चर्चित

इंदिरा गांधी ने किया था सम्मान लेकिन वीर सावरकर से क्यों चिढ़ती है कांग्रेस?

28 May 2026

विनायक दामोदर सावरकर जिन्हें 'स्वातंत्र्यवीर' के रूप में जाना जाता है। वो भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के एक प्रमुख क्रांतिकारी थे। उनकी भूमिका और विचारधारा आज...

असम में UCC बिल पास: बहुविवाह और ‘लव जिहाद’ पर लगेगा टोटल ब्रेक, सीएम हिमंत का बड़ा कदम!
चर्चित

असम में UCC बिल पास: बहुविवाह और ‘लव जिहाद’ पर लगेगा टोटल ब्रेक, सीएम हिमंत का बड़ा कदम!

27 May 2026

उत्तर पूर्व भारत के रणनीतिक और राजनीतिक रूप से सबसे महत्वपूर्ण राज्य असम से एक बेहद बड़ी और युगांतकारी खबर सामने आई है। असम विधानसभा...

Keral Muslim Leauge
इतिहास

मुस्लिम लीग, केरलम् और बहुत कुछ…

19 May 2026

1947 मे भारत के विभाजन के जो अनेक कारक (factors) रहे, उनमे मुस्लिम लीग प्रमुख हैं। मुस्लिम लीग ने ही अलग मुस्लिम राष्ट्र की मांग...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Rudram 2 Success: Made in India Missile Ready To Crush Enemy Radars| DRDO’s Big Breakthrough

Rudram 2 Success: Made in India Missile Ready To Crush Enemy Radars| DRDO’s Big Breakthrough

00:03:46

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

00:05:40

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

00:05:21

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited