TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    TCS केस में अदालत की अहम टिप्पणी

    TCS धर्म परिवर्तन केस: गर्भवती निदा खान को जमानत, कोर्ट ने दिया मानवीय आधार का हवाला

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: पश्चिम बंगाल में स्कूलों और विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाएगा उनका जीवन और विचार

    यूपी केबिनेट के अहम फैसले

    यूपी कैबिनेट के बड़े फैसले: शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम बदला, स्टार्टअप नीति को मंजूरी, पशुओं का होगा बीमा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    महाभारत से जुड़े प्रमुख दृश्य

    महाभारत: श्रीकृष्ण ने पांडवों के लिए मांगे थे ये 5 गांव, आज इन नामों से जाने जाते हैं शहर

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    TCS केस में अदालत की अहम टिप्पणी

    TCS धर्म परिवर्तन केस: गर्भवती निदा खान को जमानत, कोर्ट ने दिया मानवीय आधार का हवाला

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: पश्चिम बंगाल में स्कूलों और विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाएगा उनका जीवन और विचार

    यूपी केबिनेट के अहम फैसले

    यूपी कैबिनेट के बड़े फैसले: शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम बदला, स्टार्टअप नीति को मंजूरी, पशुओं का होगा बीमा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    महाभारत से जुड़े प्रमुख दृश्य

    महाभारत: श्रीकृष्ण ने पांडवों के लिए मांगे थे ये 5 गांव, आज इन नामों से जाने जाते हैं शहर

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

केसीआर ने किया तेलंगाना विधानसभा भंग: ‘एक देश एक चुनाव’ के लिए इसके क्या मायने हैं

TFI Desk द्वारा TFI Desk
7 September 2018
in मत
केसीआर एकसाथ चुनाव
Share on FacebookShare on X

तेलंगाना के मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव ने राज्य विधानसभा भंग करने का फैसला किया ताकि समय से पहले चुनाव हो सकें। इंडिया टुडे की रिपोर्ट के मुताबिक, सीएम केसीआर ने विधानसभा भंग करने के लिए राज्यपाल के समक्ष प्रस्ताव रखा था और राज्यपाल ने इसपर अपनी मुहर लगा दी। राज्यपाल ईएसएल नरसिम्हन ने चंद्रशेखर राव और उनकी मंत्रिपरिषद से कार्यवाहक सरकार के तौर पर पद पर बने रहने को कहा है।

इसका मतलब ये है कि आने वाले 6 महीनों में तेलंगाना में चुनाव होंगे। इससे पहले तेलंगाना में मई 2019 में चुनाव होने थे लेकिन अब ऐसा लगता है कि इसी साल नवंबर-दिसंबर में मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान और मिजोरम राज्यों में होने वाले चुनाव के साथ ही तेलंगाना में भी चुनाव होंगे।

संबंधितपोस्ट

पीएम मोदी का सम्मान इंडोनेशिया में सम्मान : रक्षा से लेकर समुद्री सुरक्षा तक, जानिए भारत-इंडोनेशिया के बीच क्या-क्या बड़े समझौते हुए

पीएम मोदी ने याद किया डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी का योगदान, बोले- राष्ट्र की एकता के लिए उनका संघर्ष प्रेरणादायक

भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

और लोड करें

इससे पहले रविवार को कैबिनेट की एक बैठक में मुख्यमंत्री ने राज्य विधानसभा को भंग कर जल्द चुनाव के प्रस्ताव को लेकर संकेत दिए थे।

इसी साल जून में पीएम मोदी से मुलाकात के बाद केसीआर ने कहा था, “हम अग्रिम चुनावों के लिए तैयार हैं। यहां तक ​​कि लोग भी अग्रिम चुनावों के लिए तैयार हैं। मैंने कांग्रेस और अन्य विपक्षी पार्टियों से पूछा कि क्या वो तैयार हैं या नहीं। यदि हम चुनाव के लिए आगे बढ़ते हैं तो इससे स्पष्ट हो जायेगा कि किस पार्टी में कितना दम है और कौनसी पार्टी कहां खड़ी है।“ उन्होंने आगे कहा, “यदि विपक्षी पार्टियां टीआरएस सरकार पर निराधार आरोप लगाना नहीं छोड़ती हैं तो हमें अपने मजबूत पक्ष को साबित करने के लिए जल्द ही चुनाव करवाने के लिए मजबूर होना होगा जिससे ये साबित हो जायेगा कि कौनसी पार्टी आगे है और कौनसी पीछे है और वो दिन बहुत दूर नहीं है।”

तेलंगाना में जल्दी चुनाव करवाने के फैसले के पीछे मुख्य वजहों में से एक है टीआरएस शासित राज्य में कांग्रेस का मुख्य विपक्षी पार्टी होना। मध्य प्रदेश, राजस्थान, छत्तीसगढ़ और मिजोरम के साथ इस राज्य में भी चुनाव करवाए जा सकते हैं ऐसे में कांग्रेस पर्याप्त मात्रा में पैसे और ताकत तेलंगाना में लगा पाने में सक्षम नहीं हो पायेगी क्योंकि उनका प्राथमिक उद्देश्य बीजेपी शासित राज्य में बीजेपी को हराना है। ऐसे में ये संभव है कि केसीआर को इससे लाभ मिले। ये फैसला पीएम मोदी के एक देश एक चुनाव या देश में एकसाथ चुनाव की प्रतिबद्धता की दिशा में एक सफल कदम है। स्पष्ट रूप से केसीआर ने पीएम मोदी के चुनावी सुधार के प्रयासों का समर्थन किया है और इसके संकेत उन्होंने पहले ही दे दिए थे। पीएम मोदी के एक देश एक चुनाव की दिशा में ये एक बड़ा कदम है जिसका समर्थन एक गैर-बीजेपी नेता कर रहे हैं और ऐसे में बीजेपी को केसीआर के इस कदम से कोई समस्या नहीं है। बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने कहा था, “केसीआर को जब भी वो चाहें विधानसभा को भंग करने का अधिकार है, तो ये उनका विशेषाधिकार है। हम क्या कर सकते है?”

सिर्फ केसीआर ही नहीं बल्कि बीजू जनता अध्यक्ष और ओडिशा के सीएम नवीन पटनायक एक देश एक चुनाव के फैसले का समर्थन कर चुके है। उन्होंने इस मामले में चुनाव आयोग से लोकसभा और ओडिशा विधानसभा के साथ-साथ चुनाव कराने का आग्रह किया था। पहले भी वो कई बार देश में एकसाथ चुनाव करने के पीएम मोदी के विचार का समर्थन कर चुके हैं। यदि केसीआर की तरह ही नवीन पटनायक ने कोई राजनीतिक स्टंट किया तो देश में एक ही समय में छह राज्यों में चुनाव होंगे। इस तथ्य को जानते हुए कि जम्मू कश्मीर राज्यपाल का शासन है ऐसे में अन्य राज्यों के साथ इस राज्य में भी चुनाव होने की संभावना को भी अनदेखा नहीं किया जा सकता है और यदि ऐसा होता है देश में एक ही समय में सात राज्यों में चुनाव होंगे। इससे पहले उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ ने भी पीएम मोदी के इस विचार का समर्थन किया। हालांकि, उत्तर प्रदेश में अगले विधानसभा चुनाव 2022 में होने हैं लेकिन सूत्रों के मुताबिक योगी भी इस वर्ष 2019 में होने वाले आम चुनाव के साथ प्रदेश में भी चुनाव कराने के लिए तैयार हो सकते हैं। मध्यप्रदेश सरकार के साथ सीएम योगी ने भी राज्य और देश में एकसाथ चुनाव करने के प्रति अपनी रूचि दिखाई है यहां तक कि उन्होंने इस मामले के लिए एक कमेटी का भी गठन किया है।

समिति की रिपोर्ट का विवरण यहां विस्तार से पढ़ें: UP Chief Minister Yogi Adityanath backs PM Modi’s one nation one election idea

यदि उत्तर प्रदेश में भी समय से पहले चुनाव होते हैं तो कुल मिलाकर देश में एकसाथ चुनाव होने वाले राज्य आठ हो जायेंगे। इस तथ्य को जानते हुए भी कि उत्तर प्रदेश चुनावी दृश्य से सबसे महत्वपूर्ण राज्यों में से एक है और मौजूदा सरकार ने अभी तक अपने कार्यकाल का तीन वर्ष भी पूरा नहीं किया है। ऐसे में एकसाथ चुनाव का समर्थन करते हुए राज्य विधानसभा को भंग करने का निर्णय अन्य राज्यों को भी इस दिशा में बढ़ने के लिए प्रेरित करेगा। शिरोमणि अकाली दल, अखिल भारतीय अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कझागम और समाजवादी पार्टी जैसे कई अन्य दलों ने भी एक देश एक चुनाव के विचार का समर्थन किया है। बिहार के मुख्यमंत्री और बीजेपी सहयोगी नितीश कुमार ने भी इस विचार का समर्थन किया है।

एकसाथ चुनाव कराने का मतलब है लोकसभा और राज्यों के विधानसभा चुनाव एक साथ कराए जायें। हर साल देश में चुनाव होते हैं कभी विधानसभा तो कभी लोकसभा चुनाव। लगातार चुनावों के चलते सरकारी योजनाएं बीच में ही लटक जाती हैं और इससे आम जनता भी प्रभावित होती है। सेंटर फॉर मीडिया स्टडीज की एक रिपोर्ट के मुताबिक, “2014 के लोकसभा चुनावों में अघोषित तौर पर 30,000 करोड़ रुपये खर्च हुए थे। सभी राज्यों के विधानसभा चुनावों पर करीब 4,500 करोड़ रुपये खर्च हुए थे।“ ये आंकड़े स्पष्ट करते हैं कि लगातार चुनावों से न सिर्फ जरूरी सेवाओं पर असर पड़ता है बल्कि बार बार चुनाव होने से खर्च और समय दोनों बर्बाद होता है। इसके साथ ही विकास कार्यों पर नेता ज्यादा ध्यान नहीं दे पाते हैं क्योंकि उनका ध्यान चुनाव प्रचार पर केन्द्रित होता है। भारत में इस चुनावी चक्र को खत्म कर एकसाथ चुनाव कराने से न सिर्फ विकास के कार्यों में सत्तारूढ़ राजनीतिक पार्टियां ध्यान दे पाएंगी बल्कि चुनावी खर्च पर भी इसका प्रभाव पड़ेगा। पिछले साल पीएम नरेंद्र मोदी ने भारतीय जनता पार्टी और अपने सहयोगियों से इस बात पर विमर्श करने के लिए कहा था कि देश में एक साथ चुनाव कराए जाने चाहिए। अप्रैल में बीजेपी ने ‘एक देश एक चुनाव’ के विचार पर अध्ययन किया और अपनी रिपोर्ट पीएम मोदी को सौंपी थी। इस रिपोर्ट में मध्यावधि और उपचुनाव की प्रक्रिया के लिए भी सुझाव दिया गया था। नीति आयोग ने हर साल होने वाले चुनावों की वजह से आम जीवन पर पड़ने वाले असर की कड़े शब्दों में आलोचना की थी।

एकसाथ चुनावों का विचार कोई नया नहीं है। य नेहरू के समय में भी था. हालांकि बाद में ये प्रक्रिया बदल गयी. इसके बाद चुनाव आयोग ने 1983 में जब एकसाथ चुनाव कराने का सुझाव दिया था जस्टिस बीपी जीवन रेड्डी की अध्यक्षता वाले लॉ कमीशन ने 1999 में लोकसभा और सभी विधानसभा चुनावों को एक साथ कराने की बात कही थी। इस विचार पर अमल पीएम मोदी के सत्ता में आने के बाद ही शुरू किया गया और अब बीजेपी इस विचार को जमीनी स्तर पर लाने के लिए भरपूर प्रयास कर रही है। एक देश एक चुनाव के विचार को मिल रहे बड़े पैमाने पर समर्थन से हो सकता है कि बीजेपी भी अपने कार्यकाल के पांच साल पूरे होने से पहले ही लोकसभा भंग करने का फैसला ले और समय से पूर्व चुनाव का रास्ता साफ कर दे।

इस विचार का कई पार्टियां खुलकर समर्थन कर रही हैं लेकिन इसके बावजूद कांग्रेस इसका विरोध कर रही है शायद कांग्रेस को डर है कि समय से पूर्व चुनाव होने पर उसे हार का मुंह देखना पड़ेगा। या हो सकता है कि वो सोच रही हो कि पार्टी का प्रदर्शन राज्य स्तर पर बहुत बुरा रहा है ऐसे में एकसाथ चुनाव होने से एक बार फिर से जनादेश पीएम मोदी के समर्थन में होगा और पार्टी की स्थिति और बिगड़ जाएगी। यहां तक कि तेलंगाना कांग्रेस ने भी केसीआर के इस कदम की आलोचना की। हिंदुस्तान टाइम्स की खबर के मुताबिक, “तेलंगाना कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एम शशिधर रेड्डी ने कहा, “हम चुनाव आयोग से अनुरोध करेंगे कि दिसंबर में चार राज्यों के साथ होने वाले चुनावों के साथ तेलंगाना के चुनाव न कराए जाएं। ताकि हमें तैयारियों के लिए थोड़ा समय मिल सके।” इससे पहले अगस्त में वरिष्ठ कांग्रेस नेता अभिषेक मनु सिंघवी ने भी इस विचार का विरोध किया था और कहा था कि, “एक देश एक चुनाव’ जैसी बातों में कोई दम नहीं है। ये प्रस्ताव लोकतंत्र की बुनियाद पर कुठाराघात हैं और जनता की इच्छा के विरुद्ध भी है। ये सत्तावाद और तानाशाही का एक और उदाहरण है।” ऐसा लगता है मनु जी को इतिहास का कम ज्ञान है। भारत के इतिहास में पहले कुछ चुनाव एक साथ हुए थे। क्या अब कांग्रेस ये कहने की कोशिश कर रही है कि नेहरू का कथित ‘स्वर्ण युग’ संघवाद की मूल संरचना संविधान के खिलाफ है, और लोकतंत्र का विरोध करता है और ये एक तानाशाही है? कांग्रेस पार्टी को इस सवाल का जवाब देना चाहिए। वास्तव में देश के हित से जुड़े निर्णयों, योजनायों और नीतियों का विरोध करना कांग्रेस की आदत है। पहले राफेल डील, नोटबंदी का विरोध किया और अब एक देश एक चुनाव का विरोध कर रही है।

हालांकि, जिस तरह का परिदृश्य नजर आ रहा है वो एक देश एक चुनाव के पक्ष में नजर आ रहा है। राजनीतिक पार्टियों को भी राजनीति को परे रख देश के हित के लिए एक साथ आने की जरूरत है इससे आने वाले समय में देश को लाभ होगा।

Tags: कांग्रेसकेसीआरचुनावतेलंगानापीएम मोदी
शेयर1582ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

तेलंगाना विधानसभा भंग: केसीआर ने राहुल गांधी पर साधा निशाना, कहा देश का सबसे बड़ा मसखरा

अगली पोस्ट

सोफिया, बीजेपी के खिलाफ उदारवादियों की नयी हीरो, स्टरलाइट विरोध प्रदर्शन और अन्य देश-विरोधी गतिविधियों से है जुड़ाव

संबंधित पोस्ट

हिंदू समाज से एक सीधा प्रश्न: भव्य मंदिर बना सकते हो, तो उन्हें सरकारी कब्जे से स्वतंत्र क्यों नहीं करा सकते?
मत

हिंदू समाज से एक सीधा प्रश्न: भव्य मंदिर बना सकते हो, तो उन्हें सरकारी कब्जे से स्वतंत्र क्यों नहीं करा सकते?

4 July 2026

अयोध्या के श्रीराम मंदिर में चोरी की घटना ने करोड़ों हिंदुओं को दुखी किया है। जाँच चल रही है। सत्य सामने आना चाहिए और जो...

कॉमेडी के नाम पर अश्लीलता
चर्चित

कॉमेडी के नाम पर अश्लीलता : आखिर कब तक?

29 June 2026

अंग्रेजी भाषा का एक शब्द “कॉमेडी”, कदाचित जिसका अर्थ ‘हास्य की वह विधा है, जिसका उद्देश्य स्वस्थ मनोरंजन और समाज को हँसी के माध्यम से...

Veer Savarkar Congress And Indira Gandhi
चर्चित

इंदिरा गांधी ने किया था सम्मान लेकिन वीर सावरकर से क्यों चिढ़ती है कांग्रेस?

28 May 2026

विनायक दामोदर सावरकर जिन्हें 'स्वातंत्र्यवीर' के रूप में जाना जाता है। वो भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के एक प्रमुख क्रांतिकारी थे। उनकी भूमिका और विचारधारा आज...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited