TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला: रमज़ान में मुसलमानों की हत्या पाकिस्तान के लिए नई बात नहीं

    एलपीजी गैस संकट हुआ खत्म

    एलपीजी संकट के बावजूद मोदी सरकार ने नियंत्रण रखा, जमाखोरी रोकने और जहाज सुरक्षित लाने की कार्रवाई

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    एलपीजी गैस संकट हुआ खत्म

    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी, रसोई गैस महंगी होने से घरों पर पड़ेगा असर

    Visakhapatnam Port Authority को मिलेंगे नए 60 टन बीपी टग

    Visakhapatnam Port Authority को मिलेंगे नए 60 टन बीपी टग, बंदरगाह संचालन होगा और सुरक्षित व तेज

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    बिपिन रावत

    ‘इंटीग्रेटेड थिएटर कमांड’: जनरल बिपिन रावत का सेना को लेकर देखा गया स्वप्न फ़िलहाल अधूरा ज़रूर है, लेकिन उसने सैन्य सुधार की एक मज़बूत नींव रख दी है

    Indian navy in hormuz and trump

    होर्मुज़ संकट: इधर ट्रम्प चीन से मदद मांग रहे हैं, उधर इंडियन नेवी ‘शिवालिक’ और ‘नंदा’ को साथ लेकर भारत लौट रही है

    भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका

    नारी शक्ति: भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका, सशस्त्र बलों में भी बढ़ी भागीदारी

    सुखोई-30 विमान दुर्घटना

    सुखोई-30 विमान हादसा: स्क्वाड्रन लीडर अनुज और फ्लाइट लेफ्टिनेंट पुरवेश दुरागकर शहीद

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    14 मार्च 2005 को चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    भारत को मिली अहम ऊर्जा राहत,

    उड़ती मिसाइलों और आग उगलते ड्रोन के बीच एलपीजी लेकर आने वाले शिवालिक और नंदादेवी के क्रू की हो रही है जमकर तारीफ

    भारत का पाकिस्तान पर वार

    संयुक्त राष्ट्र में भारत का पाकिस्तान पर वार: धर्म के राजनीतिक इस्तेमाल और झूठे आरोपों पर उठाए सवाल

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    हिंदू नववर्ष, हिंदू नव वर्ष का विज्ञान, चैत्र नववर्ष

    अंग्रेजी नववर्ष से कितना अलग है हिंदू नववर्ष? जानें इसके पीछे का विज्ञान।

    सारा अली खान को केदारनाथ दौरे के लिए देना होगा एफिडेविट

    सारा अली खान को केदारनाथ दौरे के लिए देना होगा एफिडेविट

    जुंदिशापुर: ईरान का वो शहर जिसने भारतीय ज्ञान परंपरा को अरब और फिर यूरोप तक पहुंचाया, कभी वराहमिहिर ने स्थापित की थी वेधशाला

    जुंदिशापुर: ईरान का वो शहर जिसने भारतीय ज्ञान परंपरा को अरब और फिर यूरोप तक पहुंचाया, कभी वराहमिहिर ने स्थापित की थी वेधशाला

    खानवा का वो युद्ध: अगर राणा सांगा बाबर के विरुद्ध विजयी होते, तो?

    खानवा का वो युद्ध: अगर राणा सांगा बाबर के विरुद्ध विजयी होते, तो?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    सुनील गावस्कर का सनग्रुप से तीखा सवाल

    सुनील गावस्कर का काव्या मारन की टीम से सीधा तीखा सवाल…कहां भारतीयों के खून का पैसा बर्बाद न करें

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    देहरादून में CM धामी ने देखी ‘द केरला स्टोरी 2’, UCC और धर्मांतरण कानून पर दिया बड़ा बयान

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    उदयनिधि स्टालिन ने द्रविड़ विचारधारा को ईसाई और इस्लाम धर्म के समान बताया

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला

    काबुल अस्पताल पर पाकिस्तानी हमला: रमज़ान में मुसलमानों की हत्या पाकिस्तान के लिए नई बात नहीं

    एलपीजी गैस संकट हुआ खत्म

    एलपीजी संकट के बावजूद मोदी सरकार ने नियंत्रण रखा, जमाखोरी रोकने और जहाज सुरक्षित लाने की कार्रवाई

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    The Silent Rise of India’s Comparison Economy

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    देहरादून में हाई-स्टेक्स MSME समिट का आयोजन, उत्तराखंड ने औद्योगिक गति को बढ़ाने पर दिया जोर

    एलपीजी गैस संकट हुआ खत्म

    एलपीजी की कीमतों में ₹60 की बढ़ोतरी, रसोई गैस महंगी होने से घरों पर पड़ेगा असर

    Visakhapatnam Port Authority को मिलेंगे नए 60 टन बीपी टग

    Visakhapatnam Port Authority को मिलेंगे नए 60 टन बीपी टग, बंदरगाह संचालन होगा और सुरक्षित व तेज

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    बिपिन रावत

    ‘इंटीग्रेटेड थिएटर कमांड’: जनरल बिपिन रावत का सेना को लेकर देखा गया स्वप्न फ़िलहाल अधूरा ज़रूर है, लेकिन उसने सैन्य सुधार की एक मज़बूत नींव रख दी है

    Indian navy in hormuz and trump

    होर्मुज़ संकट: इधर ट्रम्प चीन से मदद मांग रहे हैं, उधर इंडियन नेवी ‘शिवालिक’ और ‘नंदा’ को साथ लेकर भारत लौट रही है

    भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका

    नारी शक्ति: भारत की रक्षा में महिलाओं की मजबूत भूमिका, सशस्त्र बलों में भी बढ़ी भागीदारी

    सुखोई-30 विमान दुर्घटना

    सुखोई-30 विमान हादसा: स्क्वाड्रन लीडर अनुज और फ्लाइट लेफ्टिनेंट पुरवेश दुरागकर शहीद

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

    चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    14 मार्च 2005 को चीन ने ताइवान के खिलाफ एंटी-सेसेशन कानून पारित कर अलगाववाद रोकने की दी चेतावनी

    भारत को मिली अहम ऊर्जा राहत,

    उड़ती मिसाइलों और आग उगलते ड्रोन के बीच एलपीजी लेकर आने वाले शिवालिक और नंदादेवी के क्रू की हो रही है जमकर तारीफ

    भारत का पाकिस्तान पर वार

    संयुक्त राष्ट्र में भारत का पाकिस्तान पर वार: धर्म के राजनीतिक इस्तेमाल और झूठे आरोपों पर उठाए सवाल

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    हिंदू नववर्ष, हिंदू नव वर्ष का विज्ञान, चैत्र नववर्ष

    अंग्रेजी नववर्ष से कितना अलग है हिंदू नववर्ष? जानें इसके पीछे का विज्ञान।

    सारा अली खान को केदारनाथ दौरे के लिए देना होगा एफिडेविट

    सारा अली खान को केदारनाथ दौरे के लिए देना होगा एफिडेविट

    जुंदिशापुर: ईरान का वो शहर जिसने भारतीय ज्ञान परंपरा को अरब और फिर यूरोप तक पहुंचाया, कभी वराहमिहिर ने स्थापित की थी वेधशाला

    जुंदिशापुर: ईरान का वो शहर जिसने भारतीय ज्ञान परंपरा को अरब और फिर यूरोप तक पहुंचाया, कभी वराहमिहिर ने स्थापित की थी वेधशाला

    खानवा का वो युद्ध: अगर राणा सांगा बाबर के विरुद्ध विजयी होते, तो?

    खानवा का वो युद्ध: अगर राणा सांगा बाबर के विरुद्ध विजयी होते, तो?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    सुनील गावस्कर का सनग्रुप से तीखा सवाल

    सुनील गावस्कर का काव्या मारन की टीम से सीधा तीखा सवाल…कहां भारतीयों के खून का पैसा बर्बाद न करें

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    पाकिस्तान के जिस प्लेयर ने उड़ाया था भारतीय सेना का मज़ाक, उसे ख़रीद विवादों में घिरी सनराइजर्स की मालकिन काव्या मारन

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

एक ISB ग्रेजुएट ने खोली ज़ोमैटो की पोल, कहा ये एक लीच की तरह है जो उद्योग को बर्बाद कर रहा है

Animesh Pandey द्वारा Animesh Pandey
21 August 2019
in मत
ज़ोमैटो डिलीवरी

(PC: trak.in)

Share on FacebookShare on X

लगता है कि ज़ोमैटो का ‘खाने का कोई धर्म नहीं होता’ अभियान केवल दिखावा था। अब तो हर दिन इस फूड डिलीवरी एप का असली चेहरा पूरी दुनिया के समक्ष उजागर हो रहा है। इसी कड़ी में एक आईएसबी ग्रेजुएट रघुनंदन एस प्रसाद ने अपने फेसबुक अकाउंट के माध्यम से ज़ोमैटो को एक सार्वजनिक पत्र लिखकर न केवल उसकी कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं, अपितु उनका विरोध करने पर वे कैसा व्यवहार करते हैं, इस पर भी इस पत्र में प्रकाश डाला है। बता दें कि रघुनंदन एस प्रसाद आईएसबी से ग्रेजुएट हैं और वो एक रैस्टौरेंट फ्रैंचाइज़ के मालिक हैं। यह उसी LogOut कैम्पेन का हिस्सा रह चुके हैं, जिसके अंतर्गत 1200 से ज़्यादा रैस्टौरेंट और फ्रेंचाइजी ज़ोमैटो गोल्ड से हटने की धमकी दे चुके हैं। रघुनंदन एस प्रसाद ने ज़ोमैटो को लिखे ओपन लेटर में कहा है,

संबंधितपोस्ट

रेलवे ने फर्जी वेंडरों पर कसा शिकंजा : QR कोड ट्रैकिंग और सख्त फूड सेफ्टी व्यवस्था लागू

‘धुरंधर द रिवेंज’ का बॉक्स ऑफिस पर कब्जा—प्रीव्यू में ही मचा बवाल!

ईरान संकट के बीच ट्रंप का बड़ा कदम: क्यों हटाई 100 साल पुरानी जोन्स एक्ट की पाबंदी?

और लोड करें

“प्रिय ज़ोमैटो,

मुझे याद है कि शुरुआती दिनों में आप जनता से मेरे काम को रेट करने के लिए कहते थे।

कल्पना कीजिये यदि मैं भी जनता से कहूं कि वो कंपनी के सीईओ या कर्मचारियों को रेट करे और बताएं कि आप किस तरह से काम करते हैं?

यह अच्छी बात है कि आपने अपनी परफॉरमेंस सुधारने हेतु ग्राहकों को भी सक्रिय रूप से शामिल किया है। पर ये एक आंतरिक मामला है, ग्राहकों से उनका फीडबैक लेने के लिए हमारा अपना तरीका है, और वैसे भी ग्राहक की संतुष्टि से ही हमारा उद्योग चलता है, लेकिन आपको इस मुद्दे को गलत तरीके से पक्षपाती रूप से जनता के समक्ष रखने का कोई अधिकार नहीं है।

जब कुछ साल पहले आपने अपने रेटिंग सिस्टम को बदला था तब मुझे पता था कि स्थिति बिगड़ेगी। मैंने आपको एक मेल भेजा था और कहा था कि कृपया आप अपने नए रेटिंग सिस्टम को विस्तार से समझायें, परंतु आपने एक गोलमोल जवाब देते हुए एक ऐसे पेर्सेंटाइल ग्रेड सिस्टम का हवाला दिया, जिसके जटिल एल्गोरिथ्म को समझना एक आम रैस्टौरेंट मालिक के लिए मुश्किल था।

जो भी था, मेरी रेटिंग 3 पॉइंट्स से गिर गयी थी, और विद्यार्थी भवन और अन्य भव्य स्थानों की रेटिंग बढ़ गयी थी। उस समय आप इंडस्ट्री के लिए नए नियम सेट कर रहे थे।

कोई भी आपके एप को गंभीरता से नहीं लेता यदि आपके चाहने वाले आपको रेटिंग कम देते। वैसे भी नई जगहों को कोई ज्यादा महत्व भी नहीं देता। ग्राहक उसे एक घटिया बताकर पल्ला झाड़ सकते हैं और उन्हें इससे कोई मतलब भी नहीं। ऐसे में आप नए रैस्टौरेंट्स से पैसे कमा सकते हैं जो आपके साथ विज्ञापन करके उस परिप्रेक्ष्य को बदलना चाहते हैं।।

रेटिंग को लेकर जो आपका जवाब था वो बेहद ठंडा और असंतोषजनक था।

इसी प्रकार ज़ोमैटो गोल्ड वाले मामले में भी आपने यही रवैया अपनाया। कल तक आपने हमारे विरोध पर ध्यान भी नहीं दिया, और जब आपको पता चला कि हमने #Logout किया है, तो आपने हमारे ‘पार्टनर्स’ को एक धमकी भरा मेल भेज दिया [ध्यान रहे हम आपके पार्टनर्स नहीं है। हम आपके ग्राहक हैं, आप बस एक बड़े ब्रोकर हैं जो हमारे उन उत्पादों का सारा क्रेडिट ले जाते हैं, जो हम बड़ी मेहनत से अपने वास्तविक ग्राहकों को बेचते हैं]

जहां एक तरफ रैस्टौरेंट समुदाय की भावनाओं को आहत करने के लिए बाकी एग्रीगेटर रैस्टौरेंट समुदाय से शर्मिंदा होकर माफी मांग रहे थे; वहीं दूसरी तरफ आपने अपने डिलीवरी प्लैटफ़ार्म पर ग्राहक अथवा रैस्टौरेंट के लिए अपने नियम और सख्त कर दिये और यदि नियमों का पालन नहीं होता, तो उनपर पेनाल्टी लगा देते थे। और ये सब अपने ग्राहकों की सेवा के नाम पर किया जा रहा था। क्षमा करियेगा, पर ये ग्राहक तो कभी आपके थे ही नहीं। आप केवल एक डिलीवरी एजेंसी हो। बस अपना काम करें, और खाना डिलीवर करें। इसे रास्ते में निगलने की कोशिश न करें।

आपने एक बेहद ही धमकी भरे मेल  भेजा और बताया कि इस अभियान [#LogOut] से जुड़ने के परिणाम कैसे होंगे, आपने कहा कि हमें ऐसा करने से पहले 45 दिन का नोटिस देना होगा। यहां तक कि आपने तो विरोध करने पर हमारे खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने तक की बात कही।

आप हम पर आरोप मढ़ रहे हैं, और आपका क्या? ये सारा किया कराया तो आप ही का है। इतनी भारी फंडिंग के बाद भी आपने लाभ का एक रुपया नहीं कमाया और आप हम पर सवाल उठा रहे हैं? आप हमें बताएँगे कि कैसे हम अपना व्यवसाय चलायें और अपना परिचालन लागत कम करें?

हम आपके ग्राहक हैं, हम आपको ‘गोल्ड’ सब्सक्रिप्शन के लिए 45,000 रुपये देते हैं। यदि आप भूल गए हैं तो याद दिला दें कि आप हमें अपनी सेवाएं देते हैं। आपने हमसे वादा किया था कि ये बड़ी एक्सक्लूसिव सर्विस होगी और इस प्रोग्राम में कुछ चुनिंदा ग्राहक और रैस्टौरेंट होंगे, पर आपने अपनी बात नहीं रखी।

किसी विक्रेता के लिए अनुबंधात्मक रूप से बाध्यकारी होने का मतलब केवल एक है और वो यह कि – आप को हमारी ज़्यादा आवश्यकता है, ना कि हमें आपकी आवश्यकता है। जब आपके निवेशकों को आपके काले करतूतों के बारे में पता चला, और आपका ‘गोल्ड’ सब्स्क्रिप्शन बंद करने को कहा, तो अब आप हमें ‘व्यक्तिगत मेल’ भेजकर मनाना चाहते हैं?’

लेकिन आपकी अगली योजना ने हमें और आहत किया।

ज़ोमैटो एक जोंक की तरह है, जो हमारे उद्योग की लाइफ को चूस रहा है। इसे निकालकर कूड़ेदान में फेंक देना चाहिए, क्योंकि हम वास्तव में अपने खाने को गंभीरता से लेते हैं।

अगर आपको लगता है कि आप हमें बेवकूफ बना रहे हो तो आप गलत हो, हम कोई कच्चे खिलाडी नहीं है हमें पता है हम किससे डील कर रहे हैं और हम खतरे को दूर से ही भांप भी लेते हैं। आज देश भर में एक समुदाय आहत है, और आप हमें ग्राहकों के प्रति असंवेदनशील होने के लिए दोषी ठहरा रहे हैं? ज़ोमैटो ने न कभी कोई टेबल सजाई है, और न ही कभी उसने अपने ग्राहकों के लिए भोजन पकाया है; हमें पता है कि अपने ग्राहकों का सेवा-सत्कार कैसे किया जाता है।

हम पीढ़ियों से यह काम कर रहे हैं, हमने लाखों लोगों को रोजगार दिया है। जब आपके डिलीवरी बॉय अपने मूलभूत अधिकारों के लिए लड़ते हैं, तो आपने उन्हें बलि का बकरा बना दिया। अपना कथित टार्गेट न हासिल कर पाने पर भारी संख्या में उन्हें नौकरी से ही निकाल दिया। हम अपने कर्मचारियों को ऐसा कुछ नहीं करने देते हैं जो वे नहीं चाहते हैं, साथ ही उनके हितों और आस्था का ख्याल रखते हैं, जो आप नहीं समझ सकते।

आप कहते हैं कि हमारे पास नि: शुल्क विकल्प है, लेकिन आपने अपनी रेटिंग से पूरा सिस्टम ही जकड़ लिया है, इस कारण हम हमारे पड़ोसियों के साथ प्रतिस्पर्धा करते हैं, और आपके “संग्रह” में एक स्थान प्राप्त करने के लिए भुगतान करते हैं। आपने हमें एक-दूसरे के खिलाफ खड़ा कर दिया है और पूरी इंडस्ट्री के साथ खिलवाड़ किया है।

हम तो तब से यहाँ हैं जब आप लोग दूध पीते बच्चे हुआ करते थे, हमने कई समुदायों और लोगों को बड़े प्यार से खिला पिला कर बड़ा किया है, न कि डिस्काउंट से। आपके डिस्काउंट की योजना और लाभ के वादे अब नहीं टिकेंगे। आपने खुद कोई लाभ नहीं कमाया ऐसे में हम आपको गंभीरता से नहीं ले सकते। वास्तव में आप उद्योग की मदद के लिए आये ही नहीं।

दो चीजें हैं जिनमें आप बेहतर हैं, एक डाटा और दूसरा उधार लिया गया पैसा। ये आपके लिए लाभकारी नहीं होने वाले हैं और आप हमें इसी से डराते हैं। मार्केट में अपनी मजबूती के कारण आपने हमें अपनी शर्तों को मानने के लिए मजबूर किया। आपकी रेटिंग प्रक्रिया के जरिये अच्छे सेल के लिए आपने उन सभी को आपस में लड़वाया जिनकी वजह से आपका धंधा चलता है।

जल्द ही आपके ग्राहक आपकी सच्चाई से भली भांति परिचित होंगे। इसके बाद आपके एंजेल इन्वेस्टर आप पर इतने मेहरबान नहीं होंगे।“

हालांकि, यह बात पचाना बहुत ही मुश्किल है, परंतु यह पहला अवसर नहीं है जब ज़ोमैटो को अपने क्लाईंट अथवा अपने ग्राहकों के साथ बदसलूकी के लिए चौतरफा आलोचना का सामना करना पड़ा हो। जब एक ग्राहक ने आर्डर किया हुआ खाना स्वीकार करने से सिर्फ इसलिए मना कर दिया, क्योंकि डिलीवरी बॉय एक मुस्लिम था, तब ज़ोमैटो ने लंबा चौड़ा ज्ञान बांचते हुए ‘भोजन का कोई धर्म नहीं होता’ नाम का एक बेतुका अभियान चलाया था।

हालांकि, इनका असली चेहरा तब उजागर होना प्रारम्भ हुआ, जब हावड़ा में कई डिलीवरी लड़कों ने इसलिए हड़ताल पर जाने का निर्णय लिया, क्योंकि ज़ोमैटो उन्हें उनके धर्म के विरुद्ध भोजन सर्व करने के लिए बाध्य कर रहा था। ऐसे में एक आईएसबी ग्रेजुएट का यह सार्वजनिक पत्र ज़ोमैटो के लिए किसी खतरे की घंटी से कम नहीं है।

शेयर51ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

मलेशिया में भारत समर्थकों के कारण ज़ाकिर नाइक के भाषणों पर लगा बैन

अगली पोस्ट

महाराष्ट्र में NDA जीतने जा रहा है इतनी सीटें

संबंधित पोस्ट

‘POJK संकल्प दिवस’: 22 फरवरी 1994 का संसदीय संकल्प और भारत का राष्ट्रीय दायित्व
भारत

‘POJK संकल्प दिवस’: 22 फरवरी 1994 का संसदीय संकल्प और भारत का राष्ट्रीय दायित्व

22 February 2026

भारत के राष्ट्रीय जीवन में कुछ तिथियाँ केवल कैलेंडर की सामान्य तिथियाँ नहीं है, बल्कि वे राष्ट्र की चेतना, उसके संकल्प और उसके ऐतिहासिक दायित्व...

बांग्लादेश
चर्चित

हिंदू दीपू दास की इस्लामी भीड़ के हाथों बर्बर हत्या उस्मान हादी हत्याकांड का ‘साइड इफेक्ट’ नहीं है, ये मजहबी कट्टरता को आत्मसात कर चुके बांग्लादेश का नया सच है

20 December 2025

बांग्लादेश इस समय गहरी अस्थिरता से गुज़र रहा है। दुर्भाग्य से ये अस्थिरता सिर्फ राजनैतिक नहीं है, ये नैतिक और सामाजिक भी है। अलग भाषाई...

ऑपरेशन सिंदूर 2:0
मत

दिल्ली धमाका और PoK के नेता का कबूलनामा: क्या भारत के लिए ‘ऑपरेशन सिंदूर 2.0’ का समय आ गया है?

21 November 2025

पाकिस्तान एक आतंकी मुल्क है और इसमें शायद ही किसी को कोई संशय हो, ख़ुद पाकिस्तान के मित्र भी न सिर्फ इसे अच्छी तरह जानते...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21

Agni-3 Launch Decoded: Why Test an Active Nuclear Missile That’s Already Deployed?

00:05:05

India’s Swadesi ‘Meteor’: World’s Most Lethal BVR Missile | Gandiv| SFDR | DRDO

00:06:48
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited