TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    TCS केस में अदालत की अहम टिप्पणी

    TCS धर्म परिवर्तन केस: गर्भवती निदा खान को जमानत, कोर्ट ने दिया मानवीय आधार का हवाला

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: पश्चिम बंगाल में स्कूलों और विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाएगा उनका जीवन और विचार

    यूपी केबिनेट के अहम फैसले

    यूपी कैबिनेट के बड़े फैसले: शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम बदला, स्टार्टअप नीति को मंजूरी, पशुओं का होगा बीमा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद

    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    TCS केस में अदालत की अहम टिप्पणी

    TCS धर्म परिवर्तन केस: गर्भवती निदा खान को जमानत, कोर्ट ने दिया मानवीय आधार का हवाला

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: पश्चिम बंगाल में स्कूलों और विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाएगा उनका जीवन और विचार

    यूपी केबिनेट के अहम फैसले

    यूपी कैबिनेट के बड़े फैसले: शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम बदला, स्टार्टअप नीति को मंजूरी, पशुओं का होगा बीमा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद

    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

चीन के राष्ट्रपति का गर्मजोशी से स्वागत तो ठीक है, पर पीठ में छुरा घोपने वाले चीन को न भूले भारत

Vikrant Thardak द्वारा Vikrant Thardak
12 October 2019
in मत
चीन के राष्ट्रपति का गर्मजोशी से स्वागत तो ठीक है, पर पीठ में छुरा घोपने वाले चीन को न भूले भारत

PC: zeenews

Share on FacebookShare on X

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ दूसरी अनौपचारिक बैठक के लिए चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग शुक्रवार को महाबलीपुरम पहुंचे। यहाँ खास बात यह रही कि प्रधानमंत्री मोदी तमिलनाडु के पारंपरिक वेषभूषा में पहुंचे। भारत में लोग उनकी इस यात्रा को लेकर काफी उत्साहित हैं, और खुद पीएम मोदी भी उनके स्वागत में कुछ ट्विट्स कर चुके हैं। ऐसे ही एक ट्वीट में उन्होंने लिखा ‘भारत में आपका स्वागत है राष्ट्रपति शी’। पीएम मोदी ने इसके अलावा यह उम्मीद भी जताई है कि इस सम्मेलन के बाद दोनों देशों के रिश्तों में आगे और ज़्यादा मधुरता आएगी। हालांकि, भारत को चीन के साथ अपने सम्बन्धों को लेकर अब पहले से ज़्यादा सावधान होने की जरूरत है। पिछले वर्ष जब दोनों नेताओं की चीन के वुहान में पहली बार अनौपचारिक बैठक हुई थी, तो भी भारत में इसका खूब प्रचार किया गया था। यही नहीं दोनों देशों के रिश्तों को लेकर नए अध्याय को लिखे जाने की बाते की जाने लगी थी, लेकिन इस बैठक के बावजूद पिछले एक वर्ष में चीन ने एक-दो नहीं बल्कि समय-समय पर भारत के हितों के खिलाफ जाकर काम किया है।

पिछले वर्ष वुहान समिट के बाद से ही भारत और चीन के रिश्तों का एक नया अध्याय लिखना शुरू हो गया था। दोनों देशों की सरकारों ने आपसी समझ को विकसित करने का मन बनाया और द्विपक्षीय रिश्तों में एक मधुरता देखने को भी मिल रही थी। लेकिन चीन ने इस वर्ष के दौरान कई मौकों पर खुलकर भारत के हितों के खिलाफ काम किया है। भारत में इस वर्ष पुलवामा हमला होने के बाद जब हमलों के पीछे पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद का नाम सामने आया था तो भारत के कहने पर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की 1267 प्रतिबंध समिति के समक्ष मसूद को वैश्विक आतंकी घोषित करने के लिए फ्रांस,ब्रिटेन और अमेरिका ने 27 फरवरी को एक प्रस्ताव पेश किया था। इस प्रस्ताव के तहत जैश-ए-मोहम्मद के सरगना मसूद अजहर को एक अंतर्राष्ट्रीय आतंकी घोषित किया जाना था। भारत ने इसको लेकर अपनी लॉबी काफी मजबूत की थी और यहां तक कि अमेरिका ने भी इसको लेकर चीन जैसे देशों को चेतावनी जारी की थी। अमेरिका ने चीन को चेतावनी देते हुए कहा था कि अजहर को लेकर चीन का रुख क्षेत्रीय स्थिरता एवं शांति के लिए खतरा है। यूएन सुरक्षा परिषद में इस प्रस्ताव के पेश होने के बाद समिति ने सदस्य देशों को आपत्ति दर्ज करने के लिए 10 दिनों का समय दिया था। चीन ने इस समय के खत्म होने से कुछ घंटे पहले प्रस्ताव पर एक टेक्निकल होल्ड लगा दिया जबकि बाकी सभी देश मसूद पर प्रतिबंध के पक्ष में थे। हालांकि, बाद में जब चीन पर दबाव बढ़ गया तो उसे इस टेक्निकल होल्ड को हटाने पर मजबूर होना पड़ा था और मई में मसूद अजहर को यूएन द्वारा एक अंतर्राष्ट्रीय आतंकी घोषित कर दिया गया था। इसी तरह जब भारत ने अपने राज्य कश्मीर से संबन्धित दो बड़े फैसले लिए तो भी चीन का रुख बेहद भारत विरोधी ही था। भारत ने 5 अगस्त को जम्मू-कश्मीर को विशेषाधिकार देने वाले अनुच्छेद 370 के अधिकतर प्रावधानों को हटाने के साथ-साथ राज्य को दो हिस्सों में बांटने का फैसला लिया था। इसके बाद विश्व के अधिकतर देशों ने भारत का ही साथ दिया था, लेकिन चीन ने पाक-प्रेम में खुलकर भारत के इस फैसले पर अपनी आपत्ति जताई। चीन ने भारत के फैसले पर अपना विरोध जताते हुए कहा था ‘हाल ही में भारत ने अपने एकतरफ़ा क़ानून में बदलाव करके चीन की क्षेत्रीय संप्रभुता को कम आंकना जारी रखा है। यह अस्वीकार्य है और यह प्रभाव में नहीं आएगा’। इसके बाद भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर चीन के दौरे पर भी गए थे और चीन को भारत के पक्ष से अवगत कराया था। जयशंकर ने अपने चीनी समकक्ष वांग यी के साथ मुलाकात में कहा था कि भारत और चीन को चाहिए कि वह अपने द्विपक्षीय संबंधों को मतभेदों के चलते प्रभावित न होने दें। इसके अलावा दोनों देशों के विदेश मंत्रियों की मुलाकात से पहले नई दिल्ली चीन को यह भी अवगत करा चुकी थी कि अनुच्छेद 370 को रद्द करना और जम्मू कश्मीर से विशेष राज्य का दर्जा वापस लेकर लद्दाख को केंद्रीय शासित प्रदेश बनाना पूर्ण रूप से भारत का आंतरिक मामला है। लेकिन इसके बाद भी चीन का भारत-विरोधी राग बंद नहीं हुआ और पाकिस्तान के कहने पर वह इस मुद्दे को यूएन सुरक्षा परिषद में ले गया। 16 अगस्त को कश्मीर मुद्दे पर यूएन में एक अनौपचारिक बैठक हुई थी और इस बैठक में भी चीन ने भारत के खिलाफ बिलकुल दुश्मनों जैसा व्यवहार किया था। इतना ही नहीं, उस बैठक में चीन ने कश्मीर मुद्दे पर पाकिस्तान का समर्थन करने के साथ अक्साई चिन का भी मुद्दा उठाया था।

संबंधितपोस्ट

मॉनसून ने पूरे देश को किया कवर, दिल्ली-एनसीआर में झमाझम बारिश से जनजीवन प्रभावित

मोहन भागवत बोले- विभाजन के बाद भारत आए लोग ‘शरणार्थी’ नहीं, बल्कि संघर्ष के योद्धा थे

पीएम मोदी : भारत अब केवल दुनिया का हिस्सा नहीं, बल्कि दुनिया की पहली पसंद बन रहा है

और लोड करें

संयुक्त राष्ट्र में चीन के राजदूत ने कहा था कि भारत सरकार का अनुच्छेद 370 के अधिकतर प्रावधानों को खत्म करने का फैसला चीन के संप्रभु हितों को चुनौती देता है। उन्होंने यह भी कहा था कि इस निर्णय से सीमावर्ती क्षेत्रों में शांति और स्थिरता बनाए रखने के द्विपक्षीय समझौता का उल्लंघन हुआ है। हालांकि, चीन को इतने बड़े स्तर के प्रोपेगैंडे के बावजूद मुंह की ही खानी पड़ी और बैठक में यूएन सुरक्षा परिषद के 5 स्थायी सदस्यों में से चीन को छोड़कर सभी ने भारत का ही साथ दिया। यानि अपने पाकिस्तानी प्रेम में चीन कश्मीर मुद्दे को यूएन में तो ले गया लेकिन उसका जो नतीजा हुआ, इस मुद्दे ने उसे कहीं मुंह दिखाने लायक नहीं छोड़ा है।

अब जब प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच अनौपचारिक मुलाकात हो रही है, और इस बात की पूरी संभावना है कि भारत चीन के साथ अपनी सभी चिंताओं को साझा करेगा। इस मुलाकात के संदर्भ में अभी तक चीन की ओर से यही कहा गया है दोनों नेता कश्मीर मुद्दे पर शायद ही कोई बात करें। जाहिर है कि कश्मीर मुद्दे पर कोई भी बात करने से अब चीन बचना चाहेगा क्योंकि खुद चीन भी इस बात को जानता है कि अपने पाक प्रेम में वह काफी हद तक भारत के हितों के खिलाफ जाकर काम कर चुका है। अभी इसी महीने कश्मीर पर भारत के फैसले के बाद चीन के विदेश मंत्री पाकिस्तान के दौरे पर गए थे और वहां भी चीन ने पाकिस्तान के साथ अपने साझे बयान में भारत विरोधी रुख अपनाया था। चीन-पाकिस्तान ने अपने साझे बयान में कहा था कि “चीनी पाकिस्तान की संप्रभुता, क्षेत्रीय अखंडता, स्वतंत्रता और राष्ट्रीय गरिमा की रक्षा के लिए अपने समर्थन की पुष्टि करता है और साथ ही क्षेत्रीय और अंतरार्ष्ट्रीय मुद्दों में उसके समर्थन की अपनी प्रतिबद्धता को दोहराता है”। भारत ने चीन के इस बयान का जोरदार विरोध किया था और इस बयान पर अपनी अस्वीकार्यता जताई थी। विदेश मंत्रालय ने बयान जारी कर यह कहा था कि हम जम्मू-कश्मीर पर चीन और पाकिस्तान के संयुक्त बयान को खारिज करते हैं।

भारत ने यह भी कहा था कि जम्मू कश्मीर हमारा अभिन्न अंग है। वहीं दूसरी ओर भारत ने चीन द्वारा बनाए जा रहे तथाकथित चाइना-पाकिस्तान इकॉनोमिक कॉरीडोर की भी कड़ी आलोचना की थी। भारत और चीन एशिया की दो बड़ी शक्तियाँ हैं, ऐसे में इन दो देशों के आपसी सम्बन्धों का पूरी दुनिया पर असर पड़ता है। भारत की बात करें, तो भारत शुरू से ही द्विपक्षीय सम्बन्धों का सम्मान करता आया है, लेकिन चीन की ओर से हमेशा से ही हमें नकारात्मक रुख देखने को मिला है। अब जब पीएम मोदी और शी जिनपिंग की दूसरी अनौपचारिक मुलाक़ात हो रही है, तो बेशक हमें चीन की ओर से बड़े-बड़े दावे और वादे देखने को मिल सकते हैं लेकिन इतिहास को देखते हुए चीन पर आँख मूँद कर विश्वास करना भारत के लिए बेवकूफी ही होगी।

Tags: चीनभारत
शेयर52ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

कई वर्षों तक लोगों को पागल बनाते रहे, अब देवदत्त पटनायक खुद पागल हो गए हैं

अगली पोस्ट

‘दोस्त-दोस्त ना रहा’ शी के ‘दोस्त’ नेपाल के साथ भारत को अपने रिश्ते सुधारने ही होंगे

संबंधित पोस्ट

हिंदू समाज से एक सीधा प्रश्न: भव्य मंदिर बना सकते हो, तो उन्हें सरकारी कब्जे से स्वतंत्र क्यों नहीं करा सकते?
मत

हिंदू समाज से एक सीधा प्रश्न: भव्य मंदिर बना सकते हो, तो उन्हें सरकारी कब्जे से स्वतंत्र क्यों नहीं करा सकते?

4 July 2026

अयोध्या के श्रीराम मंदिर में चोरी की घटना ने करोड़ों हिंदुओं को दुखी किया है। जाँच चल रही है। सत्य सामने आना चाहिए और जो...

कॉमेडी के नाम पर अश्लीलता
चर्चित

कॉमेडी के नाम पर अश्लीलता : आखिर कब तक?

29 June 2026

अंग्रेजी भाषा का एक शब्द “कॉमेडी”, कदाचित जिसका अर्थ ‘हास्य की वह विधा है, जिसका उद्देश्य स्वस्थ मनोरंजन और समाज को हँसी के माध्यम से...

Veer Savarkar Congress And Indira Gandhi
चर्चित

इंदिरा गांधी ने किया था सम्मान लेकिन वीर सावरकर से क्यों चिढ़ती है कांग्रेस?

28 May 2026

विनायक दामोदर सावरकर जिन्हें 'स्वातंत्र्यवीर' के रूप में जाना जाता है। वो भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के एक प्रमुख क्रांतिकारी थे। उनकी भूमिका और विचारधारा आज...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

IRAN EYES RED SEA GAMBIT

IRAN EYES RED SEA GAMBIT

00:02:34

US- IRAN CONFLICT INTENSIFIES

00:03:05

Mass Detentions and Enforced Disappearances: The Aftermath of July 5

00:03:20

What's Really Behind Xinjiang's Global Supply Chains?

00:03:26

IRAN HITS UAE OIL TANKERS

00:03:28
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited