TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    संजीव सान्याल

    संजीव सान्याल: क्या बंगाल को मिलने वाला है अपना ‘टेक्नोक्रेट’ वित्त मंत्री?

    मुजफ्फरनगर में मुस्लिम युवक पकड़ाया

    मुजफ्फरनगर में मुस्लिम युवक ने फर्जी पहचान छिपाकर नाबालिग लड़की का किया अपहरण, भागने की कोशिश में यूपी पुलिस मुठभेड़ में लगी गोली

    पेट्रोल-डीजल के बाद सीएनजी ने भी बढ़ाई टेंशन

    पेट्रोल-डीजल के साथ सीएनजी के दाम भी बढ़े, जनता पर महंगाई की मार

    पहली हैंगोर पनडुब्बी

    PNS Hangor की लॉन्चिंग से बढ़ा पाकिस्तान का आत्मविश्वास, लेकिन असली चुनौती अभी बाकी है

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    संजीव सान्याल

    संजीव सान्याल: क्या बंगाल को मिलने वाला है अपना ‘टेक्नोक्रेट’ वित्त मंत्री?

    ‘संकटमोचक’ बना दोस्त UAE, भारत के रणनीतिक तेल भंडारों के लिए भरी झोली, जंग के बीच मोदी की बड़ी कूटनीतिक जीत

    ‘संकटमोचक’ बना दोस्त UAE, भारत के रणनीतिक तेल भंडारों के लिए भरी झोली, जंग के बीच मोदी की बड़ी कूटनीतिक जीत

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को सीजफायर के लिए कैसे मजबूर किया

    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को युद्धविराम के लिए कैसे मजबूर किया ?

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    Donald Trump Iran ceasefire

    हॉर्मुज टोल टैक्स: अपनी जान छुड़ाने के लिए ट्रम्प पूरी दुनिया को फिरौती, महंगाई के नए दलदल में बेरहमी से झोंक चुके हैं

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भोजशाला पर हिंदुओं की बड़ी जीत

    धार की भोजशाला को इंदौर हाईकोर्ट ने माना वाग्देवी मंदिर माना, मुस्लिमों के नमाज़ के अधिकार का दावा ख़ारिज

    नीट (NEET-UG) परीक्षा प्रणाली में अहम बदलाव: शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के बड़े ऐलान और भविष्य की तैयारी

    नीट (NEET-UG) परीक्षा प्रणाली में अहम बदलाव: शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के बड़े ऐलान और भविष्य की तैयारी

    महाराणा प्रताप जयंती: भारत ने उस राजा की विरासत को पुनर्जीवित किया जिसने अधीनता के बजाय प्रतिरोध को चुना, पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि

    महाराणा प्रताप जयंती: भारत ने उस राजा की विरासत को पुनर्जीवित किया जिसने अधीनता के बजाय प्रतिरोध को चुना, पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि

    Narad jayanti

    लोक-कल्याण संचारक और संदेशवाहक देवर्षि नारद एवं वर्तमान पत्रकारिता की स्थिति

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    संजीव सान्याल

    संजीव सान्याल: क्या बंगाल को मिलने वाला है अपना ‘टेक्नोक्रेट’ वित्त मंत्री?

    मुजफ्फरनगर में मुस्लिम युवक पकड़ाया

    मुजफ्फरनगर में मुस्लिम युवक ने फर्जी पहचान छिपाकर नाबालिग लड़की का किया अपहरण, भागने की कोशिश में यूपी पुलिस मुठभेड़ में लगी गोली

    पेट्रोल-डीजल के बाद सीएनजी ने भी बढ़ाई टेंशन

    पेट्रोल-डीजल के साथ सीएनजी के दाम भी बढ़े, जनता पर महंगाई की मार

    पहली हैंगोर पनडुब्बी

    PNS Hangor की लॉन्चिंग से बढ़ा पाकिस्तान का आत्मविश्वास, लेकिन असली चुनौती अभी बाकी है

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    संजीव सान्याल

    संजीव सान्याल: क्या बंगाल को मिलने वाला है अपना ‘टेक्नोक्रेट’ वित्त मंत्री?

    ‘संकटमोचक’ बना दोस्त UAE, भारत के रणनीतिक तेल भंडारों के लिए भरी झोली, जंग के बीच मोदी की बड़ी कूटनीतिक जीत

    ‘संकटमोचक’ बना दोस्त UAE, भारत के रणनीतिक तेल भंडारों के लिए भरी झोली, जंग के बीच मोदी की बड़ी कूटनीतिक जीत

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को सीजफायर के लिए कैसे मजबूर किया

    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को युद्धविराम के लिए कैसे मजबूर किया ?

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    Donald Trump Iran ceasefire

    हॉर्मुज टोल टैक्स: अपनी जान छुड़ाने के लिए ट्रम्प पूरी दुनिया को फिरौती, महंगाई के नए दलदल में बेरहमी से झोंक चुके हैं

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भोजशाला पर हिंदुओं की बड़ी जीत

    धार की भोजशाला को इंदौर हाईकोर्ट ने माना वाग्देवी मंदिर माना, मुस्लिमों के नमाज़ के अधिकार का दावा ख़ारिज

    नीट (NEET-UG) परीक्षा प्रणाली में अहम बदलाव: शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के बड़े ऐलान और भविष्य की तैयारी

    नीट (NEET-UG) परीक्षा प्रणाली में अहम बदलाव: शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के बड़े ऐलान और भविष्य की तैयारी

    महाराणा प्रताप जयंती: भारत ने उस राजा की विरासत को पुनर्जीवित किया जिसने अधीनता के बजाय प्रतिरोध को चुना, पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि

    महाराणा प्रताप जयंती: भारत ने उस राजा की विरासत को पुनर्जीवित किया जिसने अधीनता के बजाय प्रतिरोध को चुना, पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि

    Narad jayanti

    लोक-कल्याण संचारक और संदेशवाहक देवर्षि नारद एवं वर्तमान पत्रकारिता की स्थिति

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

कांग्रेस ही एक ऐसी पार्टी है जहां अमरिंदर जैसे प्रतिभाशाली नहीं, सिद्धू जैसे अयोग्य नेता को बढ़ावा दिया जाता है

बस चाटुकारिता मे कमी नहीं होनी चाहिए!

Animesh Pandey द्वारा Animesh Pandey
19 September 2021
in समीक्षा
कांग्रेस ही एक ऐसी पार्टी है जहां अमरिंदर जैसे प्रतिभाशाली नहीं, सिद्धू जैसे अयोग्य नेता को बढ़ावा दिया जाता है

PC: Republic World

Share on FacebookShare on X

हाल ही में पंजाब की राजनीति में एक अहम मोड़ सामने आया, जब मुख्यमंत्री, कैप्टन अमरिंदर सिंह [सेवानिर्वृत्त] को त्यागपत्र सौंपने पर विवश होना पड़ा है। कैप्टन अमरिंदर सिंह ने अपनी पूरी कैबिनेट समेत पंजाब के राज्यपाल बनवारीलाल पुरोहित (Banwarilal Purohit) को अपना त्यागपत्र सौंप दिया है। लोग अनेक प्रकार की अटकलें लगा रहे हैं, लेकिन फिलहाल के लिए उन्होंने कांग्रेस की सदस्यता से त्यागपत्र नहीं दिया है, परंतु जिन परिस्थितियों में कैप्टन अमरिंदर सिंह को त्यागपत्र देने के लिए बाध्य होन पड़ा है, उससे स्पष्ट पता चलता है कि कांग्रेस में योग्यता का क्या मोल है।

केवल कांग्रेस में अयोग्य लोगों को अवसर पर अवसर मिलते रहते हैं, यदि वे नेहरू गांधी खानदान की चाटुकारिता करना जानते हो। जो भी नेता चाटुकारिता नहीं करते वो चाहे योग्यता की प्रतिमूर्ति हों, उन्हें घास भी नहीं डाली जाती। मध्य प्रदेश में ज्योतिरादित्य सिंधिया और राजस्थान में सचिन पायलट के बाद अब पंजाब में कैप्टन अमरिंदर सिंह को भी दरकिनार कर दिया गया है।

संबंधितपोस्ट

शुभेंदु अधिकारी की पहली कैबिनेट से भाजपा ने बंगाल में सामाजिक और राजनीतिक विस्तार का दिया बड़ा संदेश

योगी मंत्रिमंडल विस्तार में पश्चिम यूपी के दो नए चेहरे शामिल होने की संभावना, गुर्जर समाज को मिल सकता है बड़ा प्रतिनिधित्व

बिहार मंत्रिमंडल विस्तार में निशांत कुमार की एंट्री, भाजपा ने दिखाया एनडीए का नया राजनीतिक समीकरण

और लोड करें

अब अमरिंदर सिंह आगे क्या कदम उठाते हैं ये तो बाद में पता चलेगा, लेकिन इतना तो स्पष्ट है कि नवजोत सिंह सिद्धू जैसे चाटुकार को प्राथमिकता देने के लिए उन्हें त्यागपत्र देने पर विवश किया गया है। पंजाब उन चंद राज्यों में से एक था जहां पर कांग्रेस का अस्तित्व अब भी विद्यमान था, परंतु वह इसलिए था क्योंकि वहाँ ‘माँ बेटे की सरकार’ [सोनिया गांधी और राहुल गांधी] नहीं, कांग्रेस पार्टी की सरकार चलती थी, जिसका नेतृत्व करते थे कैप्टन अमरिंदर सिंह। कैप्टन अमरिंदर सिंह का रुख स्पष्ट रहा – उन्हें अगर अपने हिसाब से स्थिति संभालने दी गई तो वे पंजाब में कांग्रेस को सदैव एक जुझारू इकाई के रूप में विद्यमान रखेंगे। शर्त यह थी – कांग्रेस हाईकमान, विशेषकर राहुल गांधी जैसों का कोई हस्तक्षेप नहीं चाहिए। इसके अलावा कैप्टन अमरिंदर अपने राष्ट्रवादी विचारों के लिए भी प्रसिद्ध हैं, और वे प्रारंभ में सेना से सेवानिर्वृत्त होकर पुनः सेना में भर्ती हुए, और 1965 के युद्ध में सक्रिय रूप से भाग भी लिया। पिछले कुछ महीनों को छोड़ दें तो उनकी छवि काफी साफ सुथरी रही है।

और पढ़ें : 5 गैर-भाजपाई नेता जिन्होंने इस साल किया हमें गर्वान्वित, पटनायक हैं शीर्ष पर

इसीलिए कैप्टन अमरिंदर सिंह पंजाब कांग्रेस को एक मजबूत यूनिट के रूप में विकसित कर पाए। जहां एक ओर पूरे देश में कांग्रेस की भद्द पिट रही थी, तो वहीं पंजाब उन चंद राज्यों में से एक था, जहां क्या लोकसभा क्या विधानसभा, कांग्रेस का जलवा बरकरार था। लोकसभा चुनाव 2014 और 2019 दोनों में ही पंजाब कांग्रेस ने अपना प्रभुत्व कायम रखा, जिसे तोड़ने में अकाली दल और भाजपा दोनों असफल रहे। कारण यहां राहुल गांधी चुनावी कैंपेन से दूर रहे।

पंजाब में कैप्टन अमरिंदर सिंह का यही वर्चस्व कांग्रेस हाईकमान, विशेषकर राहुल गांधी को नागवार गुज़रा। आखिर वे अपने से बेहतर नेता पार्टी में कैसे आगे बढ़ने दे सकते थे, चाहे वो क्षेत्रीय स्तर का ही क्यों न हो? कैप्टन अमरिंदर को नियंत्रण में लाने का प्रयास 2017 में ही प्रारंभ हो गया था, परंतु तब कांग्रेस नेताओं का स्थानीय कैडर इतना सशक्त और एकजुट था, कि उन्होंने इसका जबरदस्त विरोध किया, और अंतत: राहुल गांधी को कैप्टन अमरिंदर के समक्ष झुकना पड़ा।

और पढ़ें : गांधी परिवार ने कैप्टन को ‘बर्बाद’ कर दिया, अब अमरिंदर की बारी है कि कांग्रेस को उखाड़ फेंकें

इसके बाद ही कैप्टन अमरिंदर को झुकाने के लिए नवजोत सिंह सिद्धू को पंजाब भेजा गया, जो भाजपा से निकलकर कांग्रेस से नए नए जुड़े थे। अपनी चाटुकारिता में सिद्धू ने कोई कसर नहीं छोड़ी, और ये जल्द ही स्पष्ट हो गया कि वे गांधी वाड्रा परिवार के विशेष ‘दूत’ थे।

कैप्टन अमरिंदर ने लोकसभा चुनाव 2019 तक तो उन्हें काफी नियंत्रण में रखा, परंतु 2020 में ‘किसान आंदोलन’ के पश्चात नवजोत सिद्धू ने जिस प्रकार से पार्टी में अराजकता और अनुशासनहीनता को बढ़ावा दिया, उससे कैप्टन अमरिंदर और नवजोत सिद्धू में तनातनी होना तो स्वाभाविक था। कैप्टन अमरिंदर के समर्थन में अब भी कई नेता थे, लेकिन नवजोत ने काफी चालाकी से कई नेताओं को अपनी ओर मोड़ लिया, और निरंतर अपने अपमान को सहना एक वरिष्ठ नेता, विशेषकर एक पूर्व सैन्य अफसर के लिए असहनीय होता गया।

हालांकि, अमरिंदर सिंह अकेले ऐसे व्यक्ति नहीं है, जो योग्य होते हुए भी पार्टी में अकेले पड़ गए। पीवी नरसिम्हा राव से लेकर ऐसे अनेकों उदाहरण हैं, जो केवल इसलिए गुमनामी के अंधेरे में खो गए, क्योंकि उन्होंने नेहरू-गांधी परिवार की चाटुकारिता नहीं की। एक ऐसे ही राजनेता ने जब इस नीति का विरोध किया, तो उन्हें राहुल गांधी ने अपमानित करने का प्रयास किया, लेकिन उस राजनेता ने उस अपमान को अवसर के रूप में लेते हुए तुरंत पार्टी छोड़ी और भाजपा का दामन थामा। आज वही राजनेता असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा हैं, जिसके कारण पूर्वोत्तर से कांग्रेस का वर्चस्व लगभग समाप्त हो चुका है।

लगता है अब कांग्रेस इसी प्रकार से उत्तर भारत से भी अपना अस्तित्व सदैव के लिए मिटाना चाहती है, इसीलिए इस पार्टी ने कैप्टन अमरिंदर सिंह जैसे नेता को त्यागपत्र देने पर विवश कर दिया। केवल कांग्रेस में ही नवजोत सिंह सिद्धू जैसे अयोग्य नेताओं को कैप्टन अमरिंदर जैसे नेताओं के ऊपर प्रथिमकता दी जा सकती है, चाहे पार्टी की साख सदैव के लिए गर्त में क्यों न चली जाये।

Tags: कैप्टन अमरिंदर सिंहनवजोत सिंह सिद्धूभाजपा
शेयर66ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

AUKUS गठबंधन के साथ अमेरिका ने फ्रांस के पीठ में छुरा घोंपा था, अब भारत ने खेला कूटनीतिक दांव

अगली पोस्ट

क्या अमरिंदर सिंह अब BJP में शामिल हो सकते हैं?

संबंधित पोस्ट

गवर्नर ने मांगा समर्थन का सबूत: क्या तमिलनाडु में विजय के साथ हो रहा है अन्याय?
चर्चित

गवर्नर ने मांगा समर्थन का सबूत: क्या तमिलनाडु में विजय के साथ हो रहा है अन्याय?

7 May 2026

तमिलनाडु की राजनीति आज एक ऐसे चौराहे पर खड़ी है जहाँ लोकतंत्र की परिभाषा और राज्यपाल के अधिकारों के बीच सीधी जंग छिड़ गई है।...

Modi in BJP Head Office
चर्चित

आखिर कैसे आए ये चुनाव परिणाम ?

6 May 2026

पांच राज्यों के चुनाव परिणामों पर कोई एक सुसंबद्ध टिप्पणी संपूर्ण स्थितियों का विश्लेषण नहीं कर सकता। सारे राज्यों के राजनीतिक समीकरण और स्थानीय मुद्दे...

2026 विधानसभा एग्जिट पोल: क्या देश में फिर चल रही है NDA की लहर? पाँच राज्यों का पूरा विश्लेषण
राजनीति

2026 विधानसभा एग्जिट पोल: क्या देश में फिर चल रही है NDA की लहर? पाँच राज्यों का पूरा विश्लेषण

1 May 2026

भारतीय राजनीति में 'परिणाम' से पहले का 'पूर्वानुमान' हमेशा से ही रोमांचक रहा है। 2026 के विधानसभा चुनावों के मतदान समाप्त होते ही विभिन्न सर्वे...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

00:05:40

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

00:05:21

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited