TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पीएम मोदी ने फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों को कहा “मेरे प्रिय मित्र, आपका स्वागत है

    पीएम मोदी ने मुंबई बैठक से पहले फ्रांस के राष्ट्रपति Emmanuel Macron का किया हार्दिक स्वागत

    Supreme Court of India में 2023 डेटा कानून को लेकर सुनवाई

    Supreme Court of India में 2023 डेटा कानून को लेकर सुनवाई, RTI कमजोर करने का आरोप

    Amit Shah ने 10 नई परियोजनाओं की शुरुआत

    Amit Shah ने 10 नई परियोजनाओं की शुरुआत की, Delhi Police की 79वीं रेजिंग डे परेड में हुए शामिल

    30,000 साल पुरानी कब्र

    जब खुली 3,000 साल पुरानी कब्र: तुतनखामुन की ऐतिहासिक खोज और ‘ममी के श्राप’ की कहानी

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत अमेरिका डिल में जानें क्या है खास बात

    India US Trade Deal: अमेरिका के साथ खेती और डेयरी को लेकर क्या हुई डील? जानें भारत ने क्या लिया फैसला

    सिस्टम की लापरवाही से दिल्ली में एक और मौत

    जल बोर्ड की चूक बनी जानलेवा, जनकपुरी में गड्ढ़े में गिरकर बाइक सवार की मौत

    चिकन नेक भारत की एक पतली ज़मीन की पट्टी है

    चिकन नेक में अंडरग्राउंड रेल कनेक्टिविटी: हकीकत या सिर्फ योजना?

    अडानी ग्रुप इटली के लियोनार्दो के साथ स्वदेशी समानों से बनाएगा हेलिकॉप्टर

    भारत में हेलिकॉप्टर उत्पाद बढ़ेगा, अदानी ग्रुप ने लियोनार्दो के साथ की पहल ,स्वदेशी को दिया जाएगा बढ़ावा

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    तेजस Mk1-A: बन कर तैया

    तेजस Mk1-A: बन कर तैयार हैं तो फिर Air Force को सौंपे क्यों नहीं गए ? इंजन या HAL की लेट लतीफी- क्या है देरी की असली वजह ?

    भारत में बनाएं जाएंगे स्वदेशी विमान

    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    अग्नि-3 एक तैयार और मैच्योर मिसाइल सिस्टम है

    अग्नि -3 का एक और परीक्षण: भारत एक Active Nuclear Missile को बार-बार Test क्यों कर रहा है?

    डिंगातारा सिंगापुर के साथ मिलकर करेगा उपग्रहों की सुरक्षा

    अंतरिक्ष मलबे से निपटने के लिए भारतीय स्टार्टअप डिंगातारा और सिंगापुर की साझेदारी

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    20 से ज्यादा देशों के टॉप लीडर्स होंगे शामिल

    एआई सम्मेलन: इमैनुएल मैक्रों, लुइज़ इनासियो लूला दा सिल्वा के अलावा भी 20 से ज्यादा देशों के टॉप लीडर्स होंगे शामिल, एआइ के भविष्य पर करेंगे मंथन

    भारत मंडपम में शुरू हुआ ग्लोबल एआई सम्मेलन

    भारत मंडपम में शुरू हुआ ग्लोबल एआई सम्मेलन, पीएम बोले– तकनीक में भारत बन रहा विश्व नेता

    भारत का ऊर्जा रणनीतिक बदलाव

    रूस पर निर्भरता घटाने की दिशा में भारत का कदम: वेनेजुएला से 20 लाख बैरल तेल की खरीद

    रूसी मेडिकल कॉलेज हॉस्टल में चाकू से हमला

    रूसी मेडिकल कॉलेज हॉस्टल में चाकू से हमला, 4 भारतीय छात्र घायल

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    ब्रह्मपुत्र नदी के नीचे बनेगी सबसे लंबी रेल सुरंग

    ब्रह्मपुत्र के नीचे बनेगी देश की पहली रेल-रोड सुरंग, असम और पूर्वोत्तर को मिलेगा तेज़ और सीधा संपर्क

    के एम करियाप्पा अनुशासन के प्रतीक

    फील्ड मार्शल के .एम. करियाप्पा : अनुशासन और देशभक्ति की मिसाल

    10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    इतिहास की गवाही: 10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    नेहरू अपने निजी अकाउंट में जमा कराना चाहते थे कुछ खजाना!

    नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पीएम मोदी ने फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों को कहा “मेरे प्रिय मित्र, आपका स्वागत है

    पीएम मोदी ने मुंबई बैठक से पहले फ्रांस के राष्ट्रपति Emmanuel Macron का किया हार्दिक स्वागत

    Supreme Court of India में 2023 डेटा कानून को लेकर सुनवाई

    Supreme Court of India में 2023 डेटा कानून को लेकर सुनवाई, RTI कमजोर करने का आरोप

    Amit Shah ने 10 नई परियोजनाओं की शुरुआत

    Amit Shah ने 10 नई परियोजनाओं की शुरुआत की, Delhi Police की 79वीं रेजिंग डे परेड में हुए शामिल

    30,000 साल पुरानी कब्र

    जब खुली 3,000 साल पुरानी कब्र: तुतनखामुन की ऐतिहासिक खोज और ‘ममी के श्राप’ की कहानी

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत अमेरिका डिल में जानें क्या है खास बात

    India US Trade Deal: अमेरिका के साथ खेती और डेयरी को लेकर क्या हुई डील? जानें भारत ने क्या लिया फैसला

    सिस्टम की लापरवाही से दिल्ली में एक और मौत

    जल बोर्ड की चूक बनी जानलेवा, जनकपुरी में गड्ढ़े में गिरकर बाइक सवार की मौत

    चिकन नेक भारत की एक पतली ज़मीन की पट्टी है

    चिकन नेक में अंडरग्राउंड रेल कनेक्टिविटी: हकीकत या सिर्फ योजना?

    अडानी ग्रुप इटली के लियोनार्दो के साथ स्वदेशी समानों से बनाएगा हेलिकॉप्टर

    भारत में हेलिकॉप्टर उत्पाद बढ़ेगा, अदानी ग्रुप ने लियोनार्दो के साथ की पहल ,स्वदेशी को दिया जाएगा बढ़ावा

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    तेजस Mk1-A: बन कर तैया

    तेजस Mk1-A: बन कर तैयार हैं तो फिर Air Force को सौंपे क्यों नहीं गए ? इंजन या HAL की लेट लतीफी- क्या है देरी की असली वजह ?

    भारत में बनाएं जाएंगे स्वदेशी विमान

    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    अग्नि-3 एक तैयार और मैच्योर मिसाइल सिस्टम है

    अग्नि -3 का एक और परीक्षण: भारत एक Active Nuclear Missile को बार-बार Test क्यों कर रहा है?

    डिंगातारा सिंगापुर के साथ मिलकर करेगा उपग्रहों की सुरक्षा

    अंतरिक्ष मलबे से निपटने के लिए भारतीय स्टार्टअप डिंगातारा और सिंगापुर की साझेदारी

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    20 से ज्यादा देशों के टॉप लीडर्स होंगे शामिल

    एआई सम्मेलन: इमैनुएल मैक्रों, लुइज़ इनासियो लूला दा सिल्वा के अलावा भी 20 से ज्यादा देशों के टॉप लीडर्स होंगे शामिल, एआइ के भविष्य पर करेंगे मंथन

    भारत मंडपम में शुरू हुआ ग्लोबल एआई सम्मेलन

    भारत मंडपम में शुरू हुआ ग्लोबल एआई सम्मेलन, पीएम बोले– तकनीक में भारत बन रहा विश्व नेता

    भारत का ऊर्जा रणनीतिक बदलाव

    रूस पर निर्भरता घटाने की दिशा में भारत का कदम: वेनेजुएला से 20 लाख बैरल तेल की खरीद

    रूसी मेडिकल कॉलेज हॉस्टल में चाकू से हमला

    रूसी मेडिकल कॉलेज हॉस्टल में चाकू से हमला, 4 भारतीय छात्र घायल

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    ब्रह्मपुत्र नदी के नीचे बनेगी सबसे लंबी रेल सुरंग

    ब्रह्मपुत्र के नीचे बनेगी देश की पहली रेल-रोड सुरंग, असम और पूर्वोत्तर को मिलेगा तेज़ और सीधा संपर्क

    के एम करियाप्पा अनुशासन के प्रतीक

    फील्ड मार्शल के .एम. करियाप्पा : अनुशासन और देशभक्ति की मिसाल

    10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    इतिहास की गवाही: 10 फिल्में जो होलोकॉस्ट और नाजी क्रूरता को दर्शाती हैं

    नेहरू अपने निजी अकाउंट में जमा कराना चाहते थे कुछ खजाना!

    नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    भारतीय यूट्यूबर्स की कमाई: करोड़पति बनने वाले टॉप 10 कंटेंट क्रिएटर्स

    आतंक के खिलाफ बड़ा कदम: J&K में 5 सरकारी कर्मचारियों की सेवा समाप्त

    जम्मू कश्मीर में 5 सरकारी कर्मचारी सेवा से बर्खास्त , जानें क्यों मनोज सिन्हा ने लिया यह फैसला?

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    The Rise of Live Dealer Games in Asia: Why Players Prefer Real-Time Interaction

    शोले फिल्म में पानी की टंकी पर चढ़े धर्मेंद्र

    बॉलीवुड का ही-मैन- जिसने रुलाया भी, हंसाया भी: धर्मेंद्र के सिने सफर की 10 नायाब फिल्में

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

कोयला संकट तो है बहाना, भारत है असली निशाना

दिल्ली और देश में बिजली संकट के झूठ का पूरा सच!

Animesh Pandey द्वारा Animesh Pandey
12 October 2021
in समीक्षा
कोयले का संकट
Share on FacebookShare on X

सोनी लिव पर प्रसारित हुए विश्व प्रसिद्ध वेब सीरीज़ ‘स्कैम 1992’ का एक बड़ा ही महत्वपूर्ण संवाद स्मरण होता है, ‘जब किसी का काम नहीं खराब कर सकते ना तो उसका नाम खराब करो!’ ये संवाद इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि इस समय संसार भर में कोविड के कारण प्राकृतिक संसाधनों की किल्लत स्पष्ट दिखने लगी है। लेकिन एक देश ऐसा भी है, जहां स्थिति बिलकुल सामान्य तो नहीं, लेकिन इन देशों जैसी भयावह भी नहीं है, और वो है अपना भारत। भारत की प्रगति वैश्विक मीडिया से बर्दाश्त नहीं हो रही है, और ऐसे में वह विपक्ष के सहारे कोयले का ‘कृत्रिम संकट’ उत्पन्न कर रहा है, ताकि विश्व भर में भारत की बदनामी हो, ठीक वैसे ही जैसे कोविड की दूसरी लहर के दौरान अस्पतालों में आवश्यक दवाइयों और ऑक्सीजन सिलेंन्डरों की आपूर्ति को लेकर इन लोगों ने भय का माहौल उत्पन्न किया था।

वो कैसे? उदाहरण के लिए आप फाइनेंशियल टाइम्स के इस रिपोर्ट को देखिए –

संबंधितपोस्ट

कितना भरोसेमंद है BBC? नई दिल्ली से तेल अवीव और वॉशिंगटन तक क्यों गिरती जा रही है बीबीसी की साख और विश्वसनीयता ?tfi

सादगी की सरकार, शीशे के महल में बंद: दिल्ली से चंडीगढ़ तक केजरीवाल की चमचमाती सादगी की कहानी

बीबीसी की निराशा और भारत का शांत Gen Z: सड़कों पर आग की नहीं, नवाचार और सुधार की क्रांति

और लोड करें

इस स्क्रीनशॉट के अनुसार फाइनेंशियल टाइम्स के लिए चीन में ऊर्जा संकट तो है, परंतु भारत में स्थिति ‘कम चिंताजनक’ नहीं है। इस पोर्टल के लेख के लिखे जाने तक तो कोयले का संकट भी नहीं आया था, जबकि दावा किया गया था कि केवल चार दिनों का स्टॉक देश के थर्मल प्लांट्स के पास बचा है l इस लेख को लिखे 6 दिन हो गए हैं, तो अब तक तो देश को अँधेरे में डूब जाना चाहिए था!

परंतु यह तो कुछ भी नहीं अब आप बीबीसी के इस लेख को देखिए –

बीबीसी के इस लेख के अनुसार भारत में जल्द ही एक भीषण ऊर्जा संकट आने वाला है, और इसी प्रकार का एक भ्रामक लेख अल जज़ीरा में भी छापा गया था। सभी लेखों में एक बात समान है – भारत में कोयले का स्टॉक केवल चार दिनों तक बचा है, और देश के आधे से अधिक कोयले के संयंत्र बंद होने के मुहाने पर है। यदि ऐसा है, तो अब तक तो देश में त्राहिमाम मच जाना चाहिए था। लेकिन ऐसा कुछ भी नहीं निकला।तो फिर बार-बार देश में बिजली संकट की बात क्यों कही जा रही है ?

देश में कोयला संकट का कारण 

आपको शायद जानकर हैरानी होगी कि कोयले का संकट कोई आज की बात नहीं है, यह तो हर वर्ष होता है! जी आपने बिलकुल ठीक सुनाl  हर वर्ष वर्षा ऋतु के कारण उत्पादन में थोड़ी हानि अवश्य होती है, परंतु इस बार ये हानि कुछ ज्यादा हो गई, क्योंकि वर्षा ऋतु आशाओं के विपरीत काफी लंबी चली। यही बात केन्द्रीय ऊर्जा मंत्रालय ने भी समझाने का प्रयास किया, जब उन्होंने कहा कि इस बार उम्मीद से अधिक बरसात हुई, लेकिन उसके बाद भी कोयला उत्पादन में कोई कमी ‘नहीं’ आने दी गई l

सिर्फ वर्षा ही अकेली कारक नहीं है! आपको बता दें, कि कोविड की दूसरी लहर के बावजूद भारतीय अर्थव्यवस्था की अप्रत्याशित आर्थिक वृद्धि के कारण जो बिजली उत्पादन और बिजली उपयोग में भारी वृद्धि हुई, उसके कारण बिजली की मांग में भी वृद्धि होना स्वाभाविक था, और ऐसा ही हुआ, जिसके कारण वर्ष 2019 की तुलना में इस वर्ष उर्जा का उपभोग 17 प्रतिशत तक बढ़ गया। अब इसमें कोई रॉकेट साइंस तो नहीं कि कोयल सीमित संसाधन है, असीमित नहीं जो चलता ही जाएगा!

क्या दिल्ली सरकार ने बिजली संकट पर बोला झूठ ?

ऐसा क्या हुआ कि जो एक वार्षिक समस्या है, उसके पीछे इतनी हाय तौबा मचाई जाने लगी, जिसमें अरविन्द केजरीवाल वैसे ही बढ़चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं, जैसे ऑक्सीजन सिलिन्डरों की ‘किल्लत’ के दौरान उनकी सरकार ने लिया था l

केजरीवाल सरकार ने कहा कि केंद्र सरकार लोगों को उल्लू बना रही है और दिल्ली सरकार के पास सिर्फ दो तीन दिन का ही कोयला बचा है,  तो केंद्र सरकार ने प्रमाण सहित झूठ की परतें खोलते हुए एक विशेष प्रेस कॉन्फ्रेंस में दिल्ली की ऊर्जा खपत का पूरा कच्चा चिट्ठा खोल दिया।

PIB द्वारा जारी प्रेस रिलीज़ में स्पष्ट किया गया है कि 10 अक्टूबर को दिल्ली की उच्चतम ऊर्जा डिमांड 4536 मेगावॉट की थी, और दिल्ली के विभिन्न डिस्कॉम से बातचीत से सामने आया कि ऊर्जा के अभाव के कारण बिजली आपूर्ति में कोई बाधा नहीं आई। इसके साथ ही उन्होंने पिछले दो हफ्तों के दिल्ली बिजली आपूर्ति के आँकड़े भी जारी किए, जहां अभाव का दूर-दूर तक कोई नामोनिशान नहीं था, उलटे जितनी आवश्यकता थी, उतनी ही बिजली दिल्ली को प्राप्त भी हुई l

अब यहाँ झूठ कौन बोल रहा है यह आप खुद ही समझ सकते हैं!

आपको बता दें कि चीन और यूके की भांति भारत अपने प्राकृतिक संसाधन के दोहन के लिए विदेशों पर अब अत्यधिक निर्भर नहीं है, और मोदी सरकार के नेतृत्व में वह निरंतर वैकल्पिक ऊर्जा के स्त्रोतों की ओर अपने कदम बढ़ा रहा हैl

और पढ़ें : पहले मुफ्त बिजली देने का वादा किया, फिर अपने ही खोदे गड्ढे में गिर गए कुछ मुख्यमंत्री

केन्द्रीय ऊर्जा मंत्री आरके सिंह एवं कोयला मंत्री प्रह्लाद जोशी ने एक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में जनता से तथ्य साझा करते हुए बताया कि घबराने की कोई बात नहीं है। भारत के पास जो पावर स्टेशन में स्थित कोयला रिजर्व है, वो औसतन 4 दिनों से भी अधिक टिक सकता है, और इसे हर दिन बदला जा सकता है। केवल कोल इंडिया लिमिटेड [जो भारत को सर्वाधिक कोयला प्रदान करता है] के पास 43 मिलियन टन से अधिक का स्टॉक है, जो देश के समस्त पावर प्लांट्स की आवश्यकताओं को पूर्ण करने हेतु 24 दिनों के लिए पर्याप्त है। ऊर्जा मंत्री आरके सिंह ने ये भी स्पष्ट बताया कि कोयले का संकट की बात तो दूर, इसके कारण बिजली कटौती की अफवाहें भी कोरी बकवास हैं, जो केवल लोगों को  भ्रमित करने हेतु फैलाई जा रही हैं –

परंतु ऊर्जा मंत्रालय और कोयला मंत्रालय के स्पष्टीकरण के बाद भी वामपंथियों का ये कुत्सित खेल खत्म नहीं हुआ, उदाहरण के लिए इस ट्रेंड को ही देखिए –

Earlier the government was responsible for power cuts.
"Now Coal is Responsible" Welcome to New India.
After diesel petrol, now it is the turn of electricity in the interest of the country.#BlackOutInIndia

— Bunny™️ (@Bunny3166) October 12, 2021

Modi is silent because of lack of courage on
– Coal shortage which shuts power plants.
– Farmers' murdered by Minister's son
– Chinese refuse to disengage
– LPG & Fuel Prices hitting new highs every day.
– Civilians being killed in Kashmir.#BlackOutInIndia pic.twitter.com/393DEuoLCs

— सुहाना INC 🇮🇳 (@2Suhana25) October 12, 2021

 

अब भारत में कहीं भी कोयले का संकट के कारण बिजली कटौती नहीं हुई है, लेकिन ‘Blackout in India’ फिर भी ट्विटर पर ट्रेंड हुआ। इसके पीछे का उद्देश्य क्या था? इसके अंतर्गत अधिकतर ट्वीट काँग्रेस आईटी सेल ने ही किए, जिससे स्पष्ट था कि उन्हे केंद्र सरकार के बयान पर कतई विश्वास नहीं, और वे जानबूझकर जनता को डराना धमकाना चाहते हैं। लेकिन जैसे ही कॉंग्रेस का झूठ पकड़ा जाने लगा, उन्होंने तुरंत अपना पाला बदलते हुए मोदी सरFकार पर कोयले का संकट का झूठ खेल रचकर ‘अडानी अंबानी’ समूह को फायदा पहुंचाने का हास्यास्पद आरोप लगाया।

ऐसे में खेल तो स्पष्ट है – ऊर्जा संकट तो बस बहाना है, असल में कोविड संकट की भांति केंद्र सरकार को नीचा दिखाना था, चाहे इसके लिए भारत की वैश्विक छवि ही क्यों न तार-तार हो जाए। यही प्रयोग कोविड की दूसरी लहर के दौरान भी हुआ था, जो आंशिक रूप से सफल हुआ था, परंतु इस बार अंतर्राष्ट्रीय मीडिया और विपक्ष के अतिउत्साह ने उनका ही खेल बिगाड़ दिया, और हर जगह उनकी भद्द पिट रही है।

Tags: BBCअरविंद केजरीवालकोयला संकट
शेयर109ट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

कैसे रिलायंस ने अक्षय ऊर्जा पर चीन के एकछत्र राज के सपनों पर फेरा पानी ?

अगली पोस्ट

आखिर क्यों ईटेला राजेंदर से डर रहे हैं केसीआर?

संबंधित पोस्ट

Anu Lal
समीक्षा

क्या धर्म पर्यावरण की रक्षा कर सकता है? ‘बिश्नोईज़ एंड द ब्लैकबक’ के माध्यम से अनु लाल का एक जरूरी सवाल

9 February 2026

आज का युग अभूतपूर्व विकास और तकनीकी प्रगति का युग है, रील्स का दौर है, जीवन की भागदौड़ इतनी तेज है कि ‘ठहराव’ शब्द अब...

‘The journey within’: श्रीखंड कैलाश से आत्मबोध तक की यात्रा
समीक्षा

‘The journey within’: श्रीखंड कैलाश से आत्मबोध तक की यात्रा

20 December 2025

जीवन स्वयं एक यात्रा है, उतार-चढ़ाव से भरी, अनुभवों से सजी और निरंतर आगे बढ़ती हुई। किंतु यात्रा केवल स्थानों के बीच की भौतिक गति...

Luxury Sedan Showdown: Price and Maintenance Comparison of a Used Audi A4 vs. Other 2nd Hand Audi Cars
समीक्षा

Luxury Sedan Showdown: Price and Maintenance Comparison of a Used Audi A4 vs. Other 2nd Hand Audi Cars

18 December 2025

In the high-stakes world of luxury sedans, the Audi A4 has long been the "thinking person’s choice." It doesn't scream for attention like a BMW...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21

Agni-3 Launch Decoded: Why Test an Active Nuclear Missile That’s Already Deployed?

00:05:05

India’s Swadesi ‘Meteor’: World’s Most Lethal BVR Missile | Gandiv| SFDR | DRDO

00:06:48

Between Rafale and AMCA; Where Does the Su-57 Fit | IAF| HAL | Wings India

00:06:10
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited