TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    TCS केस में अदालत की अहम टिप्पणी

    TCS धर्म परिवर्तन केस: गर्भवती निदा खान को जमानत, कोर्ट ने दिया मानवीय आधार का हवाला

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: पश्चिम बंगाल में स्कूलों और विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाएगा उनका जीवन और विचार

    यूपी केबिनेट के अहम फैसले

    यूपी कैबिनेट के बड़े फैसले: शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम बदला, स्टार्टअप नीति को मंजूरी, पशुओं का होगा बीमा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद

    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    TCS केस में अदालत की अहम टिप्पणी

    TCS धर्म परिवर्तन केस: गर्भवती निदा खान को जमानत, कोर्ट ने दिया मानवीय आधार का हवाला

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट

    मुंबई में भारी बारिश का अलर्ट: हाई टाइड और तेज हवाओं की चेतावनी, 17 उड़ानें रद्द

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती

    डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती: पश्चिम बंगाल में स्कूलों और विश्वविद्यालयों के पाठ्यक्रम में पढ़ाया जाएगा उनका जीवन और विचार

    यूपी केबिनेट के अहम फैसले

    यूपी कैबिनेट के बड़े फैसले: शाहजहांपुर के जलालाबाद का नाम बदला, स्टार्टअप नीति को मंजूरी, पशुओं का होगा बीमा

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    भारत-जापान शिखर सम्मेलन

    भारत-जापान शिखर सम्मेलन: पीएम मोदी और जापानी पीएम सनाए ताकाइची ने आर्थिक सुरक्षा, तकनीक और रक्षा सहयोग को दी नई दिशा

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव

    भारतीय सेना का बड़ा बदलाव: पहले इंटीग्रेटेड बैटल ग्रुप्स से बदलेगी युद्ध की रणनीति

    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद

    तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    दिल्ली की एक शाम: जैसे दो घंटे डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के साथ बिताए हों

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद

    राम मंदिर चढ़ावा विवाद: महंत धर्मदास बोले- अयोग्य लोगों को जिम्मेदारी देने से हुई गड़बड़ी, देशवासियों से शांति बनाए रखने की अपील

    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    Rivalries in Cricket That Still Grab the Globe’s Attention

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

सुरेश प्रभु समेत 6 और: भारत के राष्ट्रपति पद के लिए संभावित उम्मीदवारों पर डालिए एक नजर

राष्ट्रपति चुनाव होने वाला है रोचक, ये चेहरे दौड़ में हैं सबसे आगे!

Aniket Raj द्वारा Aniket Raj
26 April 2022
in चर्चित, राजनीति
राष्ट्रपति चुनाव

source- TFIPOST

Share on FacebookShare on X

राष्ट्रपति का चुनाव एक लोकतांत्रिक राष्ट्र में होने वाली सबसे बड़ी चुनावी घटना है। राष्ट्रपति का पद राष्ट्र की संवैधानिक संस्कृति को वैधानिकता प्रदान करता है। राष्ट्रपति देश का राष्ट्राध्यक्ष होता है, राष्ट्रपति किसी दल का नहीं बल्कि देश का होता है, यह देश का सबसे प्रतिष्ठित और सर्वोच्च संवैधानिक पद होता है। सरकार अपने सारे कार्यों, नियमों और निर्णयों की वैधानिकता और प्रामाणिकता राष्ट्रपति से प्राप्त करता है। अतः सर्वोच्च न्यायालय के निर्णयानुसार राष्ट्रपति का पद किसी भी परिस्थिति में रिक्त नहीं रह सकता और इसका चुनाव किसी भी कारणवश टाला नहीं जा सकता।

उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, मणिपुर और गोवा में विधानसभा चुनावों के नतीजे बताते हैं कि भाजपा के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) को भारत के अगले राष्ट्रपति का चुनाव जीतने के लिए ज्यादा मेहनत नहीं करनी पड़ेगी। जुलाई में राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद का कार्यकाल समाप्त हो रहा है और इसी के साथ उनके उत्तराधिकारी को चुनने की उल्टी गिनती भी शुरू हो गई है।

संबंधितपोस्ट

व्यक्ति निर्माण से राष्ट्र निर्माण तक: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की प्रभावशाली यात्रा

वंदे मातरम्, विभाजन की मानसिकता और मोदी का राष्ट्रवादी दृष्टिकोण – इतिहास, संस्कृति और आत्मगौरव का विश्लेषण

कांग्रेस की संघ से डर नीति पर अदालत की चोट: जनता के अधिकार कुचलने की कोशिश पर कर्नाटक हाईकोर्ट ने लगाया ब्रेक

और लोड करें

इस लेख के द्वारा हम उन 6 नाम के बारे में जानेंगे जो रामनाथ कोविन्द के बाद भारत के अगले राष्ट्रपति हो सकते हैं। हम आपको उन सामाजिक और राजनीतिक कारणों से भी अवगत कराएंगे जो इन्हें राष्ट्रपति की दौड़ में सबसे आगे करती है।

और पढ़ें- ओवैसी यूपी में BJP की हार के साथ भारत का अगला राष्ट्रपति चुनने का सपना देख रहे हैं

भाजपा और उसकी गठबंधन की सरकार 17 राज्यों और एक केंद्र शासित प्रदेश में है जो देश की आबादी का लगभग आधा हिस्सा है। राष्ट्रपति चुनाव के लिए निर्वाचक मंडल के पास कुल 10,98,903 मत हैं। जम्मू और कश्मीर विधानसभा, जिसका वोट मूल्य 6,264 है, निलंबित है। अतः बहुमत का आंकड़ा घटकर 5,52,583 वोट रह गया है। भाजपा के पास 465,797 वोट हैं और उसके गठबंधन सहयोगी के पास 71,329 मत हैं। अगर इस राजनीतिक समीकरण को देखें तो यह जीत के कुल 537,126 वोटों से 9,194 वोट कम है। ऐसे में, भाजपा अभी से 6 संभावित उम्मीदवारों के चयन पर विचार करना शुरू कर सकती है जो भगवा पार्टी का ध्वज थामे देश के राष्ट्राध्यक्ष बन सकते हैं।

थावर चंद गहलोत

इस दौड़ में कर्नाटक के राज्यपाल थावर चंद गहलोत का नाम सबसे आगे चल रहा हैं। राज्यपाल के रूप में चुने जाने से पहले, गहलोत भाजपा का एक अनुभवी दलित चेहरा और राज्यसभा में पार्टी के नेता थे। वे आरएसएस के खेमे से आते हैं। अतः, उनके राष्ट्रपति बनने से ना सिर्फ आगामी विधानसभा में भाजपा मजबूत होगी बल्कि दलितों के बीच संघ का भी व्यापक जनाधार बढ़ेगा। ऊपर से कोविन्द के बाद गहलोत को चुनने से भाजपा दलित राजनीति की पुरोधा बन जाएगी।

आरिफ मोहम्मद खान

अगला चेहरा  मुस्लिम है। जी हां, राजनीतिक पंडितों का अनुमान है की भाजपा आरिफ मोहम्मद खान पर दांव लगा सकती है। खान केरल के राज्यपाल हैं और अपने उदार विचारों के लिए जाने जाते हैं। हो सकता है की विपक्ष राष्ट्रपति चुनाव को भी सांप्रदायिक रंग दे दे। ऐसे में ध्रुवीकरण को शांत करते हुए मुस्लिम समुदाय को विकास के पथ पर अग्रसर करने में खान महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। आपको बता दें कि ये वही आरिफ मोहम्मद हैं जिन्होंने मुस्लिम तुष्टीकरण और शाहबानों के मुद्दे पर राजीव सरकार से नाता तोड़ दिया था।

मुख्तार अब्बास नक़वी

उपर्युक्त/पूर्वकथनीय सारे योग्यताओं से मुख्तार अब्बास नक़वी भी भरे हुए हैं। पर, इसके साथ साथ उन्हें भाजपा में काफी समय से काम करने का अनुभव भी है। वो पार्टी, संगठन और सरकार तीनों में अपनी भूमिका का निर्वहन कर चुके हैं। इतना ही नहीं वो मोदी सरकार में अभी अल्पसंख्यक मंत्रालय का कार्यभार देख रहे हैं। अतः, इसमें कोई आश्चर्य नहीं अगर भगवा पार्टी फिर से कलाम जैसा कार्ड खेलते हुए किसी अल्पसंखयक को राष्ट्रपति बना दे।

द्रौपदी मुर्मू

द्रौपदी मुर्मू दो दशक पहले ओडिशा सरकार में मंत्री थीं और राज्य के आदिवासी जिले मयूरभंज से आती हैं। वे दो मानदंडों को पूरा करती हैं जो उन्हें इस पद का सबसे प्रबल उम्मीदवार बनाते हैं, वो हैं : ‘आदिवासी’ और ‘महिला’। आदिवासी समुदाय देश की आबादी का लगभग 9 प्रतिशत हिस्सा हैं और पीएम मोदी उनके सामाजिक एकीकरण के लिए अन्य नीतियों के साथ-साथ प्राकृतिक खेती और कृषि वानिकी को प्रोत्साहित करने के लिए नीतियां लाकर उनके जीवन को बेहतर बनाने के लिए केंद्रित प्रयास कर रहे हैं। आरएसएस भी उन क्षेत्रों में ईसाई समूहों के प्रवेश और समुदायों के पुनर्वास के बारे में चिंतित है जहां माओवाद का प्रभाव कम हो रहा है। इनके चयन से भाजपा के महिला सशक्तिकरण का नारा भी मजबूत होगा।

और पढ़ें- आखिरकार भारत के पास नरेंद्र मोदी के रूप में ऐसा नेता है जो निडरता से कटु सत्य का प्रचार करता है

वेंकैया नायडू

उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू भाजपा के पूर्व अध्यक्ष रह चुके हैं। हालांकि, वे कभी भी लोकसभा के लिए निर्वाचित नहीं हुए और राजनीतिक रूप से चतुर और हवाओं को पकड़ने में तेज रहे हैं। कभी लालकृष्ण आडवाणी के सबसे करीबी लोगों में से एक रहे वेंकैया नायडू ने मई 2014 में मोदी सरकार के पहले संसदीय मामलों के मंत्री के रूप में उभरे। मोदी खेमे में सहज रहते हुए उन्होंने पार्टी आलाकमान से अपने रिश्ते भी प्रगाढ़ किए हैं। वे आरएसएस से भी जुड़े रहे हैं तथा दक्षिण भारत में मौजूद भाजपा के कुछ चर्चित चेहरों में से एक रहे हैं। भाजपा में चर्चा है कि उनकी वरिष्ठता और वफादारी को पुरस्कृत किया जाएगा।

गोपाल नारायण

इस सूची में अगला नाम गोपाल नारायण का आता है। गोपाल नारायण सिंह भारतीय जनता पार्टी से काफी लंबे समय से जुड़े हैं। जून 2016 में, वह राज्यसभा द्विवार्षिक चुनाव के लिए उम्मीदवार थे। इस सीट को जितना भाजपा के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण था और अंततः उन्हें 3 जून 2016 को निर्विरोध चुना गया। इसके बाद उन्हें बिहार भाजपा का अध्यक्ष भी बनाया गया। नीतीश कुमार के पतन के बाद से भाजपा बिहार में बड़े भाई की भूमिका में है और अब वो नीतीश कुमार के बैशाखी के बिना सरकार बनाने को व्याकुल है। राष्ट्रपति के लिए इनकी उम्मीदवारी बिहार में भाजपा को अजेय बना देगी।

और पढ़ें- यादव परिवार को अस्तित्व विहीन कर देगा 10 मार्च को आने वाला चुनावी परिणाम

सुरेश प्रभु

सुरेश प्रभाकर प्रभु वर्तमान नरेंद्र मोदी सरकार में भारत के पूर्व वाणिज्य मंत्री रह चुके हैं। वो पेशे से सनदी लेखाकार हैं और भारतीय सनदी लेखाकार संस्थान के सदस्य हैं। वर्ष 1996 से वो लगातार शिवसेना के उम्मीदवार के रूप में महाराष्ट्र के राजपुर लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र के लिए चुने गये। 9 नवम्बर 2014 को वो शिवसेना छोड़कर भाजपा में शामिल हो गये। वर्तमान में वो भारतीय संसद में आंध्रप्रदेश से उच्च सदन को निरूपित करते हैं। इनकी प्रशासनिक क्षमता अद्भुत है और इनका चयन शिवसेना को भी बेनकाब कर देगा जो हमेशा से भाजपा पर सीएम पद के लिए गठबंधन तोड़ने का आरोप लगती रहती है। इनका चयन ना सिर्फ दक्षिण में बल्कि महाराष्ट्र में भी भाजपा के लिए राजनीतिक जमीन तैयार करेगा।

इतना तो तय है की इस बार का राष्ट्रपति चुनाव रोचक होगा। कई प्रकार के राजनीतिक, जातीय और सामाजिक समीकरणों का ध्यान रखा जाएगा। जो भी हो, जैसा भी हो इतना तो तय है कि इस बार का चुनाव ना सिर्फ भाजपा की राजनीतिक जमीन को मजबूत करेगा बल्कि देश को एक योग्य राष्ट्रपति को देने का मार्ग भी प्रशस्त करेगा।

Tags: आरएसएसएम वेंकैया नायडूराष्ट्रपति चुनावसुरेश प्रभाकर प्रभु
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

KTR राजनीतिक नौसिखिया हैं परंतु भाजपा के प्रभुत्व से वे भी भयभीत हैं

अगली पोस्ट

प्रशांत किशोर को लेकर झगड़ रहे थे राहुल प्रियंका, अब पीके ने दिखा दिया ठेंगा!

संबंधित पोस्ट

सम में बाढ़ की स्थिति मंगलवार को और गंभीर हो गई।
चर्चित

Assam Floods: बाढ़ ने बढ़ाई तबाही, मरने वालों की संख्या 4 हुई, 37 हजार से ज्यादा लोग प्रभावित

15 July 2026

असम में बाढ़ की स्थिति मंगलवार को और गंभीर हो गई। राज्य के कई हिस्सों में लगातार हो रही बारिश के कारण नदियों का जलस्तर...

तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद
चर्चित

तिरुपति बालाजी की पहली आरती पर विवाद, कर्नाटक सरकार बदलना चाहती है पुराना नियम

15 July 2026

तिरुपति बालाजी मंदिर में पहली आरती को लेकर नया विवाद शुरू हो गया है। कर्नाटक के मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार ने कहा है कि सरकार उस...

नोएडा की गैलेक्सी वेगा सोसायटी में लिफ्ट में फंसीं
चर्चित

नोएडा की गैलेक्सी वेगा सोसायटी में लिफ्ट में फंसीं चार बच्चियां, आधे घंटे तक बंद रहीं

14 July 2026

नोएडा वेस्ट की गैलेक्सी वेगा सोसायटी में एक बार फिर लिफ्ट सुरक्षा को लेकर गंभीर लापरवाही सामने आई है। 13 जुलाई की रात करीब 10:30...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Mass Detentions and Enforced Disappearances: The Aftermath of July 5

Mass Detentions and Enforced Disappearances: The Aftermath of July 5

00:03:20

What's Really Behind Xinjiang's Global Supply Chains?

00:03:26

IRAN HITS UAE OIL TANKERS

00:03:28

THE CAMPS AFTER URUMQI

00:03:51

BANGKOK PUB FIRE HORROR

00:04:07
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited