TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    राघव चड्ढा बनाम AAP: पद हटने के बाद खुला टकराव, बोले- “खामोशी को हार मत समझो”

    राघव चड्ढा बनाम AAP: पद हटने के बाद खुला टकराव, बोले- “खामोशी को हार मत समझो”

    जन विश्वास बिल 2026: छोटे अपराधों से मिली राहत, संसद ने पास किया ऐतिहासिक सुधार कानून

    जन विश्वास बिल 2026: छोटे अपराधों से मिली राहत, संसद ने पास किया ऐतिहासिक सुधार कानून

    आम आदमी पार्टी में बड़ा बदलाव: राज्यसभा में राघव चड्डा की भूमिका कम, अशोक मित्तल को नई जिम्मेदारी

    आम आदमी पार्टी में बड़ा बदलाव: राज्यसभा में राघव चड्डा की भूमिका कम, अशोक मित्तल को नई जिम्मेदारी

    पश्चिम बंगाल के मालदा में SIR पर विवाद, विरोध-प्रदर्शन ने लिया उग्र रूप

    पश्चिम बंगाल के मालदा में SIR पर विवाद, विरोध-प्रदर्शन ने लिया उग्र रूप

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    मेक इन इंडिया को बढ़ावा: सेंसर, टॉरपीडो और रॉकेट से लैस पनडुब्बी रोधी युद्धपोत ‘मालवन’ नौसेना में शामिल

    मेक इन इंडिया को बढ़ावा: सेंसर, टॉरपीडो और रॉकेट से लैस पनडुब्बी रोधी युद्धपोत ‘मालवन’ नौसेना में शामिल

    पश्चिम एशिया वैश्विक कूटनीति की सबसे कठिन परीक्षा है, प्रधानमंत्री मोदी और भारत इस परीक्षा के लिए कितने तैयार हैं?

    पश्चिम एशिया वैश्विक कूटनीति की सबसे कठिन परीक्षा है, प्रधानमंत्री मोदी और भारत इस परीक्षा के लिए कितने तैयार हैं?

    वैश्विक संकट के बीच ईंधन कर में कटौती: तेल की कीमतों में उछाल के बीच केंद्र ने उपभोक्ताओं को राहत देने की दिशा में कदम बढ़ाया

    वैश्विक संकट के बीच ईंधन कर में कटौती: तेल की कीमतों में उछाल के बीच केंद्र ने उपभोक्ताओं को राहत देने की दिशा में कदम बढ़ाया

    WTO बैठक में भारत की मजबूत पैरवी : न्यायसंगत और विकास-केंद्रित वैश्विक व्यापार ढांचे पर जोर

    WTO बैठक में भारत की मजबूत पैरवी : न्यायसंगत और विकास-केंद्रित वैश्विक व्यापार ढांचे पर जोर

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    INS अरिधमन लॉन्च की तैयारी: भारत की तीसरी परमाणु पनडुब्बी से बढ़ेगी समुद्री ताकत

    INS अरिधमन लॉन्च की तैयारी: भारत की तीसरी परमाणु पनडुब्बी से बढ़ेगी समुद्री ताकत

    मेक इन इंडिया को बढ़ावा: सेंसर, टॉरपीडो और रॉकेट से लैस पनडुब्बी रोधी युद्धपोत ‘मालवन’ नौसेना में शामिल

    मेक इन इंडिया को बढ़ावा: सेंसर, टॉरपीडो और रॉकेट से लैस पनडुब्बी रोधी युद्धपोत ‘मालवन’ नौसेना में शामिल

    अप्रैल से बड़ा फैसला: TP-Link, Hikvision समेत चीनी CCTV कैमरों पर सख्ती की तैयारी

    अप्रैल से बड़ा फैसला: TP-Link, Hikvision समेत चीनी CCTV कैमरों पर सख्ती की तैयारी

    “ईरान-अमेरिका तनाव के बीच भारत अलर्ट, दो ‘ब्रह्मास्त्र’ तैनात, मिसाइल और ड्रोन के लिए बनेंगे काल”

    “ईरान-अमेरिका तनाव के बीच भारत अलर्ट, दो ‘ब्रह्मास्त्र’ तैनात, मिसाइल और ड्रोन के लिए बनेंगे काल”

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    क्या अमेरिका नाटो से अलग हो सकता है? ट्रंप के बयान और कानूनी पेचों की पूरी कहानी

    क्या अमेरिका नाटो से अलग हो सकता है? ट्रंप के बयान और कानूनी पेचों की पूरी कहानी

    बिना ठोस समझौते के युद्ध विराम का खतरा: क्या ईरान और मजबूत होकर उभरेगा?

    बिना ठोस समझौते के युद्ध विराम का खतरा: क्या ईरान और मजबूत होकर उभरेगा?

    बगदाद में दिनदहाड़े अमेरिकी पत्रकार का अपहरण, CCTV में कैद सनसनीखेज वारदात

    बगदाद में दिनदहाड़े अमेरिकी पत्रकार का अपहरण, CCTV में कैद सनसनीखेज वारदात

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    हनुमान जयंती 2026: जानिए पवनपुत्र हनुमान के जन्म की पौराणिक कथा

    हनुमान जयंती 2026: जानिए पवनपुत्र हनुमान के जन्म की पौराणिक कथा

    सरकारी ईमेल सिस्टम में बड़ा बदलाव: Gmail से Zoho Mail की ओर क्यों बढ़ा भारत?

    सरकारी ईमेल सिस्टम में बड़ा बदलाव: Gmail से Zoho Mail की ओर क्यों बढ़ा भारत?

    NASA का Artemis II मिशन: SLS रॉकेट के साथ इंसानों की चांद की ओर वापसी

    NASA का Artemis II मिशन: SLS रॉकेट के साथ इंसानों की चांद की ओर वापसी

    आइंस्टीन की थ्योरी से खुला ब्रह्मांड का रहस्य, वैज्ञानिकों ने खोजा सबसे शक्तिशाली स्पेस लेजर

    आइंस्टीन की थ्योरी से खुला ब्रह्मांड का रहस्य, वैज्ञानिकों ने खोजा सबसे शक्तिशाली स्पेस लेजर

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    जन विश्वास बिल 2026: छोटे अपराधों से मिली राहत, संसद ने पास किया ऐतिहासिक सुधार कानून

    जन विश्वास बिल 2026: छोटे अपराधों से मिली राहत, संसद ने पास किया ऐतिहासिक सुधार कानून

    मिडिल ईस्ट तनाव पर भारत अलर्ट, CCS बैठक में बड़ी रणनीति

    मिडिल ईस्ट तनाव पर भारत अलर्ट, CCS बैठक में बड़ी रणनीति

    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    राघव चड्ढा बनाम AAP: पद हटने के बाद खुला टकराव, बोले- “खामोशी को हार मत समझो”

    राघव चड्ढा बनाम AAP: पद हटने के बाद खुला टकराव, बोले- “खामोशी को हार मत समझो”

    जन विश्वास बिल 2026: छोटे अपराधों से मिली राहत, संसद ने पास किया ऐतिहासिक सुधार कानून

    जन विश्वास बिल 2026: छोटे अपराधों से मिली राहत, संसद ने पास किया ऐतिहासिक सुधार कानून

    आम आदमी पार्टी में बड़ा बदलाव: राज्यसभा में राघव चड्डा की भूमिका कम, अशोक मित्तल को नई जिम्मेदारी

    आम आदमी पार्टी में बड़ा बदलाव: राज्यसभा में राघव चड्डा की भूमिका कम, अशोक मित्तल को नई जिम्मेदारी

    पश्चिम बंगाल के मालदा में SIR पर विवाद, विरोध-प्रदर्शन ने लिया उग्र रूप

    पश्चिम बंगाल के मालदा में SIR पर विवाद, विरोध-प्रदर्शन ने लिया उग्र रूप

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    मेक इन इंडिया को बढ़ावा: सेंसर, टॉरपीडो और रॉकेट से लैस पनडुब्बी रोधी युद्धपोत ‘मालवन’ नौसेना में शामिल

    मेक इन इंडिया को बढ़ावा: सेंसर, टॉरपीडो और रॉकेट से लैस पनडुब्बी रोधी युद्धपोत ‘मालवन’ नौसेना में शामिल

    पश्चिम एशिया वैश्विक कूटनीति की सबसे कठिन परीक्षा है, प्रधानमंत्री मोदी और भारत इस परीक्षा के लिए कितने तैयार हैं?

    पश्चिम एशिया वैश्विक कूटनीति की सबसे कठिन परीक्षा है, प्रधानमंत्री मोदी और भारत इस परीक्षा के लिए कितने तैयार हैं?

    वैश्विक संकट के बीच ईंधन कर में कटौती: तेल की कीमतों में उछाल के बीच केंद्र ने उपभोक्ताओं को राहत देने की दिशा में कदम बढ़ाया

    वैश्विक संकट के बीच ईंधन कर में कटौती: तेल की कीमतों में उछाल के बीच केंद्र ने उपभोक्ताओं को राहत देने की दिशा में कदम बढ़ाया

    WTO बैठक में भारत की मजबूत पैरवी : न्यायसंगत और विकास-केंद्रित वैश्विक व्यापार ढांचे पर जोर

    WTO बैठक में भारत की मजबूत पैरवी : न्यायसंगत और विकास-केंद्रित वैश्विक व्यापार ढांचे पर जोर

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    INS अरिधमन लॉन्च की तैयारी: भारत की तीसरी परमाणु पनडुब्बी से बढ़ेगी समुद्री ताकत

    INS अरिधमन लॉन्च की तैयारी: भारत की तीसरी परमाणु पनडुब्बी से बढ़ेगी समुद्री ताकत

    मेक इन इंडिया को बढ़ावा: सेंसर, टॉरपीडो और रॉकेट से लैस पनडुब्बी रोधी युद्धपोत ‘मालवन’ नौसेना में शामिल

    मेक इन इंडिया को बढ़ावा: सेंसर, टॉरपीडो और रॉकेट से लैस पनडुब्बी रोधी युद्धपोत ‘मालवन’ नौसेना में शामिल

    अप्रैल से बड़ा फैसला: TP-Link, Hikvision समेत चीनी CCTV कैमरों पर सख्ती की तैयारी

    अप्रैल से बड़ा फैसला: TP-Link, Hikvision समेत चीनी CCTV कैमरों पर सख्ती की तैयारी

    “ईरान-अमेरिका तनाव के बीच भारत अलर्ट, दो ‘ब्रह्मास्त्र’ तैनात, मिसाइल और ड्रोन के लिए बनेंगे काल”

    “ईरान-अमेरिका तनाव के बीच भारत अलर्ट, दो ‘ब्रह्मास्त्र’ तैनात, मिसाइल और ड्रोन के लिए बनेंगे काल”

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    क्या अमेरिका नाटो से अलग हो सकता है? ट्रंप के बयान और कानूनी पेचों की पूरी कहानी

    क्या अमेरिका नाटो से अलग हो सकता है? ट्रंप के बयान और कानूनी पेचों की पूरी कहानी

    बिना ठोस समझौते के युद्ध विराम का खतरा: क्या ईरान और मजबूत होकर उभरेगा?

    बिना ठोस समझौते के युद्ध विराम का खतरा: क्या ईरान और मजबूत होकर उभरेगा?

    बगदाद में दिनदहाड़े अमेरिकी पत्रकार का अपहरण, CCTV में कैद सनसनीखेज वारदात

    बगदाद में दिनदहाड़े अमेरिकी पत्रकार का अपहरण, CCTV में कैद सनसनीखेज वारदात

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    हनुमान जयंती 2026: जानिए पवनपुत्र हनुमान के जन्म की पौराणिक कथा

    हनुमान जयंती 2026: जानिए पवनपुत्र हनुमान के जन्म की पौराणिक कथा

    सरकारी ईमेल सिस्टम में बड़ा बदलाव: Gmail से Zoho Mail की ओर क्यों बढ़ा भारत?

    सरकारी ईमेल सिस्टम में बड़ा बदलाव: Gmail से Zoho Mail की ओर क्यों बढ़ा भारत?

    NASA का Artemis II मिशन: SLS रॉकेट के साथ इंसानों की चांद की ओर वापसी

    NASA का Artemis II मिशन: SLS रॉकेट के साथ इंसानों की चांद की ओर वापसी

    आइंस्टीन की थ्योरी से खुला ब्रह्मांड का रहस्य, वैज्ञानिकों ने खोजा सबसे शक्तिशाली स्पेस लेजर

    आइंस्टीन की थ्योरी से खुला ब्रह्मांड का रहस्य, वैज्ञानिकों ने खोजा सबसे शक्तिशाली स्पेस लेजर

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    जन विश्वास बिल 2026: छोटे अपराधों से मिली राहत, संसद ने पास किया ऐतिहासिक सुधार कानून

    जन विश्वास बिल 2026: छोटे अपराधों से मिली राहत, संसद ने पास किया ऐतिहासिक सुधार कानून

    मिडिल ईस्ट तनाव पर भारत अलर्ट, CCS बैठक में बड़ी रणनीति

    मिडिल ईस्ट तनाव पर भारत अलर्ट, CCS बैठक में बड़ी रणनीति

    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Crazy Time Game tricks: What Really Works and What Doesn’t

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    Exploring Mostbet in Nepal – Making the Most of Bonuses and Taking Your Betting to the Next Level

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

गाय राज्यमाता: साधुओं की लाशें… करपात्री महाराज का इंदिरा को वो शाप, जो 18 साल बाद हुआ सच

महाराष्ट्र की एकनाथ शिंदे सरकार ने गाय को राज्यमाता का दर्जा दिया है। 1966 में करपात्रीजी महाराज ने गोवधबंदी के लिए देशभर में साधु-संतों की मुहिम चलाई थी।

Sudhakar Singh द्वारा Sudhakar Singh
30 September 2024
in चर्चित, राजनीति
गाय राज्यमाता: साधुओं की लाशें… करपात्री महाराज का इंदिरा को वो शाप, जो 18 साल बाद हुआ सच

करपात्रीजी महाराज ने गोरक्षा के लिए 1966 में किया था ऐतिहासिक आंदोलन

Share on FacebookShare on X

सनातन धर्म के लिए गाय माता का रूप है। उसमें देवी-देवताओं के निवास करने की मान्यता है। गोरक्षा के लिए हिंदू संगठनों की मुहिम कई राज्यों में देखने को मिलती रही है। अब महाराष्ट्र से अच्छी खबर यह है कि वहां गाय को राज्यमाता का दर्जा मिल गया है। देश के गोरक्षा आंदोलन ने वह दौर भी देखा है, जब सैकड़ों साधुओं ने अपना बलिदान दिया था। पूर्ण गोवधबंदी के लिए हजारों साधुओं ने दिल्ली में डेरा डाल दिया था। उनका नेतृत्व कर रहे थे महान गोरक्षक स्वामी करपात्रीजी महाराज। तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी को उन्होंने चुनौती दी थी। करपात्री महाराज के उस ऐतिहासिक आंदोलन ने देश को हिला दिया था। पुलिस फायरिंग में साधुओं के नरसंहार से आहत करपात्री महाराज ने इंदिरा गांधी को शाप दिया था। वह शाप 18 साल बाद सच भी साबित हुआ।

गोवधबंदी विधेयक के खिलाफ नेहरू

संबंधितपोस्ट

Vijay Diwas 2025 : 16 दिसंबर को ही क्यों मनाया जाता है विजय दिवस, जानें पूरा इतिहास

Explainer : पाकिस्तान का आतंकी शासन और भारत का जवाब—पूर्वी बंगाल के दमन और बांग्लादेश के जन्म की कहानी

कांग्रेस की डर की राजनीति: जिसने भारत के सैनिकों से उनका गौरव छीन लिया

और लोड करें

आजाद हिंदुस्तान में सबसे पहले विनोबा भावे ने पूर्ण गोवधबंदी की मांग उठाई। पदयात्राओं में वह इस मांग को जनता के बीच उठाते रहे। कुछ राज्यों में गोवधबंदी कानून अमल में भी आए। पंडित जवाहरलाल नेहरू के दौर में हिंदू महासभा की तरफ से एक कोशिश हुई। हिंदू महासभा के अध्यक्ष निर्मल चंद्र चटर्जी ने 1955 में संसद में एक विधेयक पेश किया। लेकिन नेहरू इसके खिलाफ थे। लोकसभा में पंडित नेहरू ने कहा, ‘मैं गोवधबंदी के खिलाफ हूं। सदन को यह विधेयक रद्द कर देना चाहिए। राज्य सरकारों से भी मेरी अपील है कि ऐसे विधेयक पर कोई कार्यवाही न करें।‘ यानी नेहरू के जीतेजी गोवधबंदी के मुद्दे पर कुछ हो नहीं सका। उसके बाद आया इंदिरा गांधी का दौर। 1965-66 में स्वामी करपात्रीजी महाराज और प्रभुदत्त ब्रह्मचारी के नेतृत्व में देश के हजारों साधु-संतों ने गोरक्षा अभियान शुरू किया। उस आंदोलन का किस्सा जानने से पहले आपको बताते हैं कि करपात्रीजी महाराज कौन थे?

कौन थे करपात्रीजी महाराज

1907 में उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ जिले के भटनी गांव में स्वामी करपात्रीजी महाराज का जन्म हुआ। छोटी उम्र में ही सत्य का ज्ञान होने के बाद उन्होंने घर छोड़ दिया। देश-विदेश में सनातन धर्म का प्रचार-प्रसार करते रहे। उनका नाम हरनारायण ओझा था। दीक्षा के बाद उनका नाम हरींद्र नाथ सरस्वती पड़ गया।  लेकिन उनकी ख्याति करपात्रीजी महाराज के नाम से हुई। वह ज्योतिर्मठ के शंकराचार्य ब्रह्मानंद सरस्वती के शिष्य थे। उनके नाम के पीछे छिपी दास्तां भी दिलचस्प है। तपस्या के दौरान उन्होंने पात्र यानी बर्तन का त्याग कर दिया था। वह दिन में सिर्फ एक बार हाथ की अंजुलि में जितना भोजन समाता था, उतना ही करते थे। कर यानी हाथ में भोजन करने की वजह से उनको करपात्रीजी महाराज के नाम से लोग जानते थे। 24 घंटे में एक बार भोजन, जमीन पर शयन, चरणपदयात्रा और एक पैर पर खड़े होकर तपस्या। यह कठोर जीवन उनकी दिनचर्या थी। वह प्रकांड विद्वान भी थे। उनके लिखे प्रचलित ग्रंथों में रामायण मीमांसा, रामराज्य, वेदार्थ पारिजात, विचार पीयूष और मार्क्सवाद हैं। करपात्रीजी को धर्मसम्राट की उपाधि भी मिली हुई थी।

इंदिरा गांधी से करपात्रीजी का टकराव 

करपात्रीजी महाराज के नेतृत्व में साधु-संत सड़कों पर थे। इसी बीच जयप्रकाश नारायण ने इंदिरा गांधी को चिट्ठी लिखी। उसका मजमून कुछ यूं था- भारत एक हिंदू बहुल देश है। ऐसे में गोहत्या प्रतिबंध कानून क्यों नहीं लाया जा सकता? लेकिन इंदिरा गांधी ने जेपी की यह सलाह नहीं मानी। गोरक्षा महाभियान का दिल्ली में विराट प्रदर्शन हुआ। इंदिरा गांधी के सामने चुनाव भी करीब आ रहे थे। इंदिरा ने आखिरकार करपात्रीजी महाराज से जीत का आशीर्वाद मांगा। वचन दिया कि चुनाव जीतते ही अंग्रेजों के जमाने से चल रहे गायों के सभी कत्लखाने बंद हो जाएंगे। चुनाव इंदिरा जीत गईं, लेकिन इसके बाद करपात्रीजी से किए वादे को टालती रहीं। ऐसे में स्वामी जी को एक बार फिर आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ा। तारीख- 7 नवंबर 1966। लाखों साधु-संत गोवधबंदी कानून की मांग करते हुए संसद के बाहर धरना देने लगे। करपात्रीजी महाराज के साथ  रामचंद्र वीर भी थे, जिन्होंने आमरण अनशन का ऐलान किया था। करपात्री महाराज के इस आंदोलन में ज्योतिष पीठ, द्वारका पीठ और जगन्नाथ पुरी के शंकराचार्य, रामानंदाचार्य, नाथ संप्रदाय और हजारों की संख्या में नागा साधु शामिल थे। लाल किला मैदान से शुरू हुई पदयात्रा संसद भवन तक पहुंच गई। जिस रास्ते से यह पदयात्रा निकल रही थी, वहां लोग फूलों की वर्षा कर रहे थे।

संसद के बाहर जुटे संत, संघर्ष        

हरियाणा के करनाल से जनसंघ के सांसद थे स्वामी रामेश्वरानंद। उग्र संतों से उन्होंने कहा कि संसद में घुसकर सांसदों को बाहर लाया जाए, तभी गोहत्या रोकने का कानून बनेगा। स्वामी रामेश्वरानंद आर्य समाज से जुड़े हुए थे। उन्होंने कहा, ‘यह सरकार गोहत्या रोकने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाएगी। इस सरकार को झकझोरना होगा।‘ इन सबके बीच ट्रांसपोर्ट भवन के पास शरारती तत्वों ने कुछ गाड़ियों में आग लगा दी। संसद के दरवाजे बंद हो गए और चारों ओर धुआं उठने लगा।

इंदिरा ने दिए फायरिंग के आदेश 

इंदिरा गांधी को पूरे घटनाक्रम की सूचना दी गई, तो उन्होंने निहत्थे संतों और करपात्रीजी महाराज पर फायरिंग के आदेश दे दिए। पुलिस ने संतों और गोरक्षकों की भीड़ पर पहले लाठीचार्ज और आंसू गैस के गोले बरसाए। इसके बाद साधु-संतों और गोरक्षकों की भीड़ पर अंधाधुंध फायरिंग होने लगी। अपुष्ट आंकड़ों के मुताबिक पुलिस की गोली से तकरीबन 250 निर्दोष साधु-संत मारे गए। दिल्ली में कर्फ्यू जैसे हालात थे। हजारों संतों को जेल में डाल दिया गया और मीडिया को सेंसर कर दिया गया। मासिक पत्रिका कल्याण ने बाद में अपने गौ अंक विशेषांक में इस घटना का विस्तार से वर्णन किया था। गोरखपुर से छपने वाली कल्याण में करपात्रीजी महाराज के हवाले से इंदिरा गांधी के लिए कहा गया, ‘मुझे इस बात का दुख नहीं कि तूने निर्दोष साधुओं की हत्या कराई, बल्कि तूने गोहत्या करने वालों को छूट देकर पाप किया है। यह माफी के लायक नहीं है। गोपाष्टमी के दिन ही तेरे वंश का नाश होगा।‘ इस हत्याकांड से क्षुब्ध तत्कालीन गृहमंत्री गुलजारी लाल नंदा ने त्यागपत्र दे दिया। उन्होंने पूरी घटना के लिए अपने साथ ही इंदिरा सरकार को जिम्मेदार ठहराया था। संत रामचंद्र वीर 166 दिन तक अनशन पर रहे, जो उनकी मृत्यु के साथ खत्म हुआ।

18 साल बाद सच हुआ शाप

गोपाष्टमी को गोपूजा का सबसे बड़ा दिन माना जाता है। 1966 में उसी दिन देश की राजधानी में साधुओं का नरसंहार हुआ था। स्वामी करपात्रीजी के एक शिष्य ने बताया था कि करपात्रीजी ने इंदिरा गांधी को शाप दिया कि जिस तरह से निहत्थे साधु-संतों पर फायरिंग करके नरसंहार किया गया है, उनका भी यही हाल होगा। बताया जाता है कि संसद के सामने साधुओं की लाशें थीं। दुख के सागर में डूबे करपात्री महाराज ने रोते हुए यह शाप दिया। इस घटना के 18 साल बीत गए। तारीख- 31 अक्टूबर 1984। यह गोपाष्टमी का दिन था। दिल्ली के 1-सफदरजंग रोड स्थित आवास पर तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की उनके अंगरक्षकों बेअंत सिंह और सतवंत सिंह ने अंधाधुंध गोलियां बरसाते हुए हत्या कर दी। और इस तरह करपात्रीजी महाराज की कही बात सच साबित हुई। करपात्रीजी महाराज का निधन 7 फरवरी 1982 को माघ शुक्ल चतुर्दशी के दिन वाराणसी के केदारघाट पर हुआ। उनकी इच्छा के अनुसार केदारघाट स्थित मां गंगा की गोद में ही उन्हें जलसमाधि दे दी गई। गोरक्षा आंदोलन के लिए उनका अद्भुत योगदान आने वाली पीढ़ियों को प्रेरणा देता रहेगा।

महाराष्ट्र में गाय को राज्यमाता दर्जा           

महाराष्ट्र में एकनाथ शिंदे की महायुति सरकार ने गाय को राज्यमाता का दर्जा दे दिया है। कैबिनेट की बैठक में राज्य सरकार ने यह फैसला लिया। राज्य में इसी साल विधानसभा चुनाव हैं, ऐसे में शिंदे सरकार के इस कदम  को अहम माना जा रहा है। महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने फैसले की जानकारी देते हुए कहा, ‘देसी गाय हमारे किसानों के लिए एक वरदान है। इसलिए हमने राज्यमाता का दर्जा देने का फैसला लिया है। हमने देसी गोमाता के परिपोषण और चारे के लिए मदद देने का निर्णय लिया है।‘ शिंदे कैबिनेट की बैठक में देसी गायों के पालन-पोषण के लिए 50 रुपये प्रतिदिन की सब्सिडी योजना लागू करने का भी फैसला लिया गया है। गोशालाओं की आय कम होने की वजह से उन्हें यह सब्सिडी देने पर मुहर लगाई गई है।

Tags: Anti Cow Slaughter ActCow Protection movementCow Rajmata StatusEknath ShindeIndira GandhiKarpatri Ji MaharajMaharashtra Cow Rajmataइंदिरा गाँधीकरपात्रीजी कौन थेकरपात्रीजी महाराजगोरक्षा आंदोलनगोवधबंदी कानूनगोहत्यामहाराष्ट्र्
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

एयरपोर्ट कर्मचारियों पर भड़के अविमुक्तेश्वरानंद: चोला संत का लेकिन लक्षण नेता वाले, पदवी भी है विवाद में

अगली पोस्ट

J&K चुनाव: कश्मीर घाटी नहीं, जम्मू की मैदानी सीटें तय करेंगी सरकार!

संबंधित पोस्ट

राघव चड्ढा बनाम AAP: पद हटने के बाद खुला टकराव, बोले- “खामोशी को हार मत समझो”
चर्चित

राघव चड्ढा बनाम AAP: पद हटने के बाद खुला टकराव, बोले- “खामोशी को हार मत समझो”

3 April 2026

राघव चड्डा ने राज्यसभा में उपनेता पद से हटाए जाने के एक दिन बाद अपनी ही पार्टी आम आदमी पार्टी (AAP) पर तीखा हमला बोला...

जन विश्वास बिल 2026: छोटे अपराधों से मिली राहत, संसद ने पास किया ऐतिहासिक सुधार कानून
बैठक

जन विश्वास बिल 2026: छोटे अपराधों से मिली राहत, संसद ने पास किया ऐतिहासिक सुधार कानून

3 April 2026

भारतीय संसद ने एक ऐतिहासिक और व्यापक सुधार की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए जन विश्वास (Amendment of Provisions) Bill, 2026 को पारित कर...

आम आदमी पार्टी में बड़ा बदलाव: राज्यसभा में राघव चड्डा की भूमिका कम, अशोक मित्तल को नई जिम्मेदारी
राजनीति

आम आदमी पार्टी में बड़ा बदलाव: राज्यसभा में राघव चड्डा की भूमिका कम, अशोक मित्तल को नई जिम्मेदारी

2 April 2026

आम आदमी पार्टी (AAP) ने अपने संसदीय ढांचे में एक बड़ा बदलाव करते हुए राज्यसभा में अपने डिप्टी लीडर के पद से राघव चड्ढा को...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

00:05:21

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21

Agni-3 Launch Decoded: Why Test an Active Nuclear Missile That’s Already Deployed?

00:05:05
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited