TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    आखिर क्यों IAF का एक औपचारिक दस्तावेज पाकिस्तान के पूरे प्रोपेगेंडा पर भारी पड़ गया ?

    संभल जिले में पुलिस के डॉग स्क्वॉड की सदस्य मैरी ने एक ब्लाइंड रेप केस सुलझाने में अहम भूमिका निभाई

    संभल में डॉग मैरी ने सुलझाया ब्लाइंड रेप केस, गमछा सूंघकर आरोपी के घर तक पहुंची

    श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऐतिहासिक भाषणों की प्रासंगिकता,

    बलिदान दिवस विशेष: डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऐतिहासिक भाषणों की प्रासंगिकता

    पीएम मोदी ने कहा भारत सबकी पसंद

    पीएम मोदी : भारत अब केवल दुनिया का हिस्सा नहीं, बल्कि दुनिया की पहली पसंद बन रहा है

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    UPI का अंतरराष्ट्रीय विस्तार भी तेजी से बढ़ रहा

    UPI ने मई में 29.9 लाख करोड़ रुपये के लेनदेन के साथ बनाया नया रिकॉर्ड, भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था हुई और मजबूत

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    एनडीए के कई पूर्व छात्र देश के बड़े सैन्य

    एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड आज, 77 साल के इतिहास का खास पल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    महाभारत से जुड़े प्रमुख दृश्य

    महाभारत: श्रीकृष्ण ने पांडवों के लिए मांगे थे ये 5 गांव, आज इन नामों से जाने जाते हैं शहर

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच SIT के हाथों में, 200 करोड़ रुपये से अधिक की कथित गड़बड़ी की आशंका

    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी के माता-पिता

    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी को मरणोपरांत कीर्ति चक्र से सम्मानित किया गया

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी

    आखिर क्यों IAF का एक औपचारिक दस्तावेज पाकिस्तान के पूरे प्रोपेगेंडा पर भारी पड़ गया ?

    संभल जिले में पुलिस के डॉग स्क्वॉड की सदस्य मैरी ने एक ब्लाइंड रेप केस सुलझाने में अहम भूमिका निभाई

    संभल में डॉग मैरी ने सुलझाया ब्लाइंड रेप केस, गमछा सूंघकर आरोपी के घर तक पहुंची

    श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऐतिहासिक भाषणों की प्रासंगिकता,

    बलिदान दिवस विशेष: डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऐतिहासिक भाषणों की प्रासंगिकता

    पीएम मोदी ने कहा भारत सबकी पसंद

    पीएम मोदी : भारत अब केवल दुनिया का हिस्सा नहीं, बल्कि दुनिया की पहली पसंद बन रहा है

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    India’s Infrastructure Boom: What It Means for Businesses and Citizens

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि

    वित्त वर्ष 2025–26 में 7.7% की आर्थिक वृद्धि ने मोदी सरकार के तहत भारत की मजबूत अर्थव्यवस्था को दी मजबूती, सेवा क्षेत्र और निवेश बने व्यापक विकास के प्रमुख आधार

    भारत की अर्थव्यवस्था

    भारत की अर्थव्यवस्था ने दिखाई मजबूती, GDP ग्रोथ 7.7% पहुंची; अगले साल धीमी पड़ सकती है रफ्तार

    UPI का अंतरराष्ट्रीय विस्तार भी तेजी से बढ़ रहा

    UPI ने मई में 29.9 लाख करोड़ रुपये के लेनदेन के साथ बनाया नया रिकॉर्ड, भारत में डिजिटल भुगतान व्यवस्था हुई और मजबूत

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ब्रह्मोस मिसाइल

    ब्रह्मोस मिसाइल के जरिए बढ़ी भारत की रक्षा ताकत, वियतनाम से समझौता, इंडोनेशिया के साथ सौदा अंतिम चरण में

    अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर के दौरान नौसेना का नेतृत्व करने के बाद अजय कोचर ने वाइस चीफ का पद संभाला

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0

    ऑपरेशन सिंदूर 2.0: सेना प्रमुख ने भारत की अगली सैन्य रणनीति के दिए संकेत, भविष्य के संघर्षों के लिए तैयार हो रही हैं सशस्त्र सेनाएं

    एनडीए के कई पूर्व छात्र देश के बड़े सैन्य

    एनडीए की 150वीं पासिंग आउट परेड आज, 77 साल के इतिहास का खास पल

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर,

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    रूसी तेल का आयात

    रूसी तेल का आयात पहले से ज्यादा कर रहा है भारत, 41 देशों से हो रही ऊर्जा खरीद: हरदीप सिंह पुरी

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल,

    तुलसी गबार्ड के इस्तीफे से वॉशिंगटन में सियासी भूचाल, निजी संकट या व्हाइट हाउस का दबाव?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक

    ऑपरेशन सिंदूर: शहीद हुए 6 जवानों के नाम पहली बार सार्वजनिक, राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर हमेशा के लिए दर्ज

    महाभारत से जुड़े प्रमुख दृश्य

    महाभारत: श्रीकृष्ण ने पांडवों के लिए मांगे थे ये 5 गांव, आज इन नामों से जाने जाते हैं शहर

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच

    अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच SIT के हाथों में, 200 करोड़ रुपये से अधिक की कथित गड़बड़ी की आशंका

    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी के माता-पिता

    लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी को मरणोपरांत कीर्ति चक्र से सम्मानित किया गया

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल

    ड्रोन रूट, स्लीपर सेल और IED का जाल: National Investigation Agency ने 4 राज्यों में पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क पर कसा शिकंजा

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    भारत वैश्विक क्रिप्टो रेस में कहाँ खड़ा है?

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    हेयर किट की कीमतें अलग-अलग ब्रांड्स में क्यों बदलती हैं?​

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

जैसे ही जस्टिस चंद्रचूड़ 50वें CJI बने, किरेन रिजिजू ने कॉलेजियम ढांचे पर नये सिरे से निशाना साधा

कॉलेजियम ढांचे पर फिर चर्चाएं शुरू हो गयी हैं

Padma Shree Shubham द्वारा Padma Shree Shubham
19 October 2022
in राजनीति
जस्टिस चंद्रचूड़
Share on FacebookShare on X

जस्टिस चंद्रचूड़: हम एक स्वतंत्र राष्ट्र में रहते हैं जो दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र है और इस तरह यह आवश्यक हो जाता है कि लोकतंत्र को और सशक्त बनाए रखने के लिए इस देश के हर आधारभूत क्षेत्र में लोकतंत्रिक व्यवस्था मजबूत रखा जाए। न्यायपालिका देश का एक महत्वपूर्ण स्तंभ है लेकिन जज को जज ही नियुक्त करे इस प्रक्रिया पर और पूर्ण न्यायिक स्वतंत्रता पर विवाद समय-समय पर उठता रहता है।

मुख्य न्यायाधीश के रूप में नियुक्ति

नये मुख्य न्यायाधीश की नियुक्ति पर ध्यान दें तो इस पद के लिए एक योग्य व्यक्ति को नियुक्त करने से लेकर शपथ लेने की प्रक्रिया के बीच के समय में लंबित मुद्दों को सुलझाने का काम किया जा सकता है। हाल ही में जस्टिस चंद्रचूड़ की नियुक्ति मुख्य न्यायाधीश के रूप में हुई है, यह नियुक्ति कार्यपालिका के लिए कॉलेजियम प्रणाली और उसमें आमूलचूल परिवर्तनों पर ध्यान केंद्रित करने और सोचने का एक विशेष अवसर देता है।

संबंधितपोस्ट

जब भारत का लोकतंत्र मजबूत खड़ा है, हाइड्रोजन बम से दावे नहीं चलेंगे: राहुल गांधी के आरोप पर बीजेपी का जवाब

अवैध बांग्लादेशी मुद्दे पर पद्मश्री सैयदा हमीद की टिप्पणी ने छेड़ा नया विवाद

EXCLUSIVE: धनखड़ के इस्तीफे की इनसाइड स्टोरी; राजनाथ सिंह के घर हुईं बैठकें, 14 दिनों तक दिल्ली में रहेंगे BJP के सभी राज्यसभा सांसद

और लोड करें

देश को उसका 50वां CJI यानी मुख्य न्यायाधीश मिल गया है, राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के द्वारा जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ को इस बड़े और सम्मानित पद पर नियुक्त किया गया है। आने वाले महीने के 9 नवंबर को जस्टिस चंद्रचूड़ शपथ लेंगे और इस पद पर रहते हुए उनका कार्यकाल 10 नवंबर 2024 तक के लिए होगा। फिलहाल जस्टिस यूयू ललित इस पद पर हैं और आने वाले 8 नवंबर को वो रिटायर हो जाएंगे।

और पढ़ें- “Family Trip to Ibiza” कैसे डॉक्टर फँसते हैं बिग फार्मा के मायाजाल में

किरेन रिजिजू का बयान

इधर जस्टिस धनंजय यशवंत चंद्रचूड़ यानी जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ का मुख्य न्यायाधीश के पद के लिए चुनाव कर लिया गया और उधर केंद्रीय कानून और न्याय मंत्री किरेन रिजिजू का कुछ ऐसा बयान सामने आया जिसके बारे में चर्चा करने की आवश्यकता पड़ जाती है।

अहमदाबाद में आयोजित ‘साबरमती संवाद’ में सोमवार को केंद्रीय मंत्री ने कहा कि उन्होंने देखा है कि आधे समय जज नियुक्तियों को तय करने के लिए बिजी होते हैं, जिसकी वजह से उनका प्राथमिक काम ‘पीड़ितों को न्याय देना’ प्रभावित होता है। यह संवाद ‘पांचजन्य’ द्वारा आयोजित किया गया जो कि RSS द्वारा प्रकाशित की जाने वाली साप्ताहिक पत्रिका है।

न्यायाधीशों की नियुक्ति की प्रक्रिया को लेकर पूछे गए एक प्रश्न पर रिजिजू ने कहा कि “मैं जानता हूं कि देश की जनता जजों की नियुक्ति की कॉलेजियम प्रणाली से खुश नहीं है।” न्यायाधीशों के चयन को लेकर की गयी अपनी टिप्पणी में किरेन ने न्यायपालिका की राजनीति पर भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि “न्यायाधीशों के चयन के लिए परामर्श की प्रक्रिया बहुत तीव्र है जिसके कारण मुझे ऐसा कहने पर खेद है कि इसमें समूहवाद विकसित होता है। नेताओं के बीच की राजनीति तो लोग देख पाते हैं लेकिन न्यायपालिका के भीतर की राजनीति वो नहीं जानते हैं।”

और पढ़े: पूर्व जजों और नौकरशाहों ने जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस पारदीवाला को सत्य से अवगत करा दिया

कॉलेजियम प्रणाली पर सवाल

देखा जाए तो कॉलेजियम प्रणाली हमेशा से ही सवालों के घेरे में बनी रही है। कभी इसकी पारदर्शिता पर प्रश्न उठते हैं तो कभी न्यायाधीशों की नियुक्ति में इसे एक बड़ी समस्या के रूप में देखा जाता है। देशभर की अदालतों में जजों की नियुक्ति की प्रणाली को कॉलेजियम प्रणाली कहा जाता है। वर्ष 1993 में आई इस व्यवस्था के तहत न्यायाधीशों के पोस्टिंग, तबादले और पदोन्नति से जुड़े निर्णय कॉलेजियम समिति द्वारा लिए जाते हैं। कॉलेजियम प्रणाली से ही यह तय होता है कि हाईकोर्ट के कौन से जज पदोन्नत होकर सुप्रीम कोर्ट जाएंगे। हालांकि, हमारे भारतीय संविधान में कॉलेजियम प्रणाली का कोई उल्लेख नहीं किया गया है।

हमारे संविधान में अनुसूचित जाति के न्यायाधीशों की नियुक्ति के लिए अच्छी तरह से प्रावधान किए गए हैं। संविधान का अनुच्छेद 124 (2) राष्ट्रपति के लिए मुख्य न्यायाधीश सहित अनुसूचित जाति के न्यायाधीशों की नियुक्ति को अनिवार्य बनाता है। उसे यह सर्वोच्च न्यायालय और राज्यों के उच्च न्यायालयों के ऐसे न्यायाधीशों के परामर्श से करना होता है।

व्यावहारिक रूप से भारत के मुख्य न्यायाधीश न्यायाधीशों की सिफारिश करते थे और राष्ट्रपति का कार्य सामान्यतः 1980 तक उस पर मुहर लगाने तक ही सीमित रहता था और फिर 1981 का ‘फर्स्ट जजेज केस’ आया। एस पी गुप्ता बनाम भारत संघ में, न्यायालय ने कहा कि राष्ट्रपति कर सकते हैं ‘गंभीर कारणों’ से CJI की सिफारिश को ठुकराया यह व्यवस्था 12 वर्षों तक चलती रही लेकिन कुल मिलाकर राष्ट्रपति इस प्रक्रिया में ज्यादा हस्तक्षेप करने से बचते रहे।

और पढ़े: देश को पहली महिला CJI तभी मिलेगी जब हम कॉलेजियम सिस्टम को जड़ से खत्म कर देंगे

“परामर्श” का अर्थ “सहमति”

यह भी न्यायपालिका को मंजूर नहीं था। 1993 के दूसरे न्यायाधीशों के मामले में, सर्वोच्च न्यायालय ने माना कि “परामर्श” का अर्थ “सहमति” है। मूल रूप से कोर्ट ने कहा कि प्रक्रिया पर न्यायपालिका की राय अधिक महत्व रखती है। SC ने कहा कि CJI के अलावा SC में दो वरिष्ठतम जज भी प्रक्रिया का हिस्सा होंगे। इसने कॉलेजियम प्रणाली को जन्म दिया। 3 साल बाद, SC ने ‘थर्ड जजेज केस’ में फैसला सुनाया कि कॉलेजियम को 5 सदस्यीय निकाय होना चाहिए जिसमें CJI और उनके चार वरिष्ठतम सहयोगी शामिल हों।

किरेन रिजिजू के बयान को देखें तो कई प्रश्न उठते हैं, जैसे कि क्या वो आने वाले दिनों में होने वाले किसी बदलाव की ओर इशारा कर रहे हैं क्योंकि अभी-अभी देश के मुख्य न्यायाधीश का चयन हुआ है। ध्यान देने वाली बात है कि यह नवीनतम नियुक्ति भी कॉलेजियम के तहत ही हुई है।

और पढ़े: कॉलेजियम प्रणाली को जड़ से उखाड़ने को तैयार हैं किरेन रिजिजू

समझने वाली बात यह है कि नियुक्ति प्रक्रिया में कार्यपालिका की भागीदारी के लिए न्यायपालिका द्वारा निरंतर ‘नही’ स्पष्ट रूप से इस ओर इंगित करता है कि उसे कार्यपालिका पर भरोसा नहीं है। इसे सिस्टम का हिस्सा नहीं बनने देना लोकतंत्र की किसी भी शाखा के लिए अच्छा नहीं है।

TFI का समर्थन करें:

सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की ‘राइट’ विचारधारा को मजबूती देने के लिए TFI-STORE.COM से बेहतरीन गुणवत्ता के वस्त्र क्रय कर हमारा समर्थन करें.

Tags: Collegium SystemJustice ChandrachudKiren Rijijuकिरेन रिजिजू का बयान
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

लॉर्ड माउंटबेटन के विरुद्ध बाल यौन शोषण का मामला पहली बार न्यायालय पहुंचा

अगली पोस्ट

प्रिय मोदी सरकार, BSNL को बेचने का इससे उपयुक्त समय हो ही नहीं सकता

संबंधित पोस्ट

फ्रांस से 114 राफेल खरीदने की ₹3.25 लाख करोड़ डील को जल्द मिल सकती है DAC की मंज़ूरी
चर्चित

आखिर क्यों IAF का एक औपचारिक दस्तावेज पाकिस्तान के पूरे प्रोपेगेंडा पर भारी पड़ गया ?

24 June 2026

भारतीय वायुसेना की तरफ से साफ्रान एयरक्राफ्ट इंजन को एक Request for Proposal (RFP) भेजा गया है। इस RFP का पहला पैराग्राफ ही पाकिस्तान और...

संभल जिले में पुलिस के डॉग स्क्वॉड की सदस्य मैरी ने एक ब्लाइंड रेप केस सुलझाने में अहम भूमिका निभाई
चर्चित

संभल में डॉग मैरी ने सुलझाया ब्लाइंड रेप केस, गमछा सूंघकर आरोपी के घर तक पहुंची

23 June 2026

उत्तर प्रदेश के संभल जिले में पुलिस के डॉग स्क्वॉड की सदस्य मैरी ने एक ब्लाइंड रेप केस सुलझाने में अहम भूमिका निभाई। उसकी सूझबूझ...

श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऐतिहासिक भाषणों की प्रासंगिकता,
चर्चित

बलिदान दिवस विशेष: डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के ऐतिहासिक भाषणों की प्रासंगिकता

23 June 2026

भारतीय लोकतंत्र के इतिहास में कुछ भाषण ऐसे हैं जो केवल तत्कालीन राजनीतिक परिस्थितियों की प्रतिक्रिया नहीं होते, बल्कि वे राष्ट्र के भविष्य की दिशा...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Nepal's Natural Ally: Why India, Not China ? Indo-Nepal

Nepal's Natural Ally: Why India, Not China ? Indo-Nepal

00:04:05

Pakistan’s Investment Rescue Plan or Another Economic Promise? Munir | Sharif

00:03:41

Gilgit Baltistan's Youth Rising: The Fight for Dignity, Rights and Self Governance

00:03:08

Doklam’s Legacy: How the 2017 Standoff Reshaped Himalayan Security and Border Tensions। Indo china

00:03:11

Inside the Doklam Face-Off: How India Backed Bhutan and Held the Line During the 73 Day Standoff

00:03:11
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited