TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पीएम मोदी की 21 मई को होगी अहम बैठक

    पीएम की 21 मई बैठक पर सबकी नजर, कैबिनेट फेरबदल और बड़े सुधारों के संकेत तेज

    संजीव सान्याल

    संजीव सान्याल: क्या बंगाल को मिलने वाला है अपना ‘टेक्नोक्रेट’ वित्त मंत्री?

    मुजफ्फरनगर में मुस्लिम युवक पकड़ाया

    मुजफ्फरनगर में मुस्लिम युवक ने फर्जी पहचान छिपाकर नाबालिग लड़की का किया अपहरण, भागने की कोशिश में यूपी पुलिस मुठभेड़ में लगी गोली

    पेट्रोल-डीजल के बाद सीएनजी ने भी बढ़ाई टेंशन

    पेट्रोल-डीजल के साथ सीएनजी के दाम भी बढ़े, जनता पर महंगाई की मार

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    संजीव सान्याल

    संजीव सान्याल: क्या बंगाल को मिलने वाला है अपना ‘टेक्नोक्रेट’ वित्त मंत्री?

    ‘संकटमोचक’ बना दोस्त UAE, भारत के रणनीतिक तेल भंडारों के लिए भरी झोली, जंग के बीच मोदी की बड़ी कूटनीतिक जीत

    ‘संकटमोचक’ बना दोस्त UAE, भारत के रणनीतिक तेल भंडारों के लिए भरी झोली, जंग के बीच मोदी की बड़ी कूटनीतिक जीत

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को सीजफायर के लिए कैसे मजबूर किया

    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को युद्धविराम के लिए कैसे मजबूर किया ?

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    Donald Trump Iran ceasefire

    हॉर्मुज टोल टैक्स: अपनी जान छुड़ाने के लिए ट्रम्प पूरी दुनिया को फिरौती, महंगाई के नए दलदल में बेरहमी से झोंक चुके हैं

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    कोर्ट ने भोजशाला को 'वाग्देवी मंदिर' माना है और हिंदू पक्ष को वहां पूजा-अर्चना का पूरा अधिकार देने की बात कही।

    भोजशाला: इतिहास, संघर्ष और “विजेता भाव” की अनकही कहानी

    भोजशाला पर हिंदुओं की बड़ी जीत

    धार की भोजशाला को इंदौर हाईकोर्ट ने माना वाग्देवी मंदिर माना, मुस्लिमों के नमाज़ के अधिकार का दावा ख़ारिज

    नीट (NEET-UG) परीक्षा प्रणाली में अहम बदलाव: शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के बड़े ऐलान और भविष्य की तैयारी

    नीट (NEET-UG) परीक्षा प्रणाली में अहम बदलाव: शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के बड़े ऐलान और भविष्य की तैयारी

    महाराणा प्रताप जयंती: भारत ने उस राजा की विरासत को पुनर्जीवित किया जिसने अधीनता के बजाय प्रतिरोध को चुना, पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि

    महाराणा प्रताप जयंती: भारत ने उस राजा की विरासत को पुनर्जीवित किया जिसने अधीनता के बजाय प्रतिरोध को चुना, पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    पीएम मोदी की 21 मई को होगी अहम बैठक

    पीएम की 21 मई बैठक पर सबकी नजर, कैबिनेट फेरबदल और बड़े सुधारों के संकेत तेज

    संजीव सान्याल

    संजीव सान्याल: क्या बंगाल को मिलने वाला है अपना ‘टेक्नोक्रेट’ वित्त मंत्री?

    मुजफ्फरनगर में मुस्लिम युवक पकड़ाया

    मुजफ्फरनगर में मुस्लिम युवक ने फर्जी पहचान छिपाकर नाबालिग लड़की का किया अपहरण, भागने की कोशिश में यूपी पुलिस मुठभेड़ में लगी गोली

    पेट्रोल-डीजल के बाद सीएनजी ने भी बढ़ाई टेंशन

    पेट्रोल-डीजल के साथ सीएनजी के दाम भी बढ़े, जनता पर महंगाई की मार

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    संजीव सान्याल

    संजीव सान्याल: क्या बंगाल को मिलने वाला है अपना ‘टेक्नोक्रेट’ वित्त मंत्री?

    ‘संकटमोचक’ बना दोस्त UAE, भारत के रणनीतिक तेल भंडारों के लिए भरी झोली, जंग के बीच मोदी की बड़ी कूटनीतिक जीत

    ‘संकटमोचक’ बना दोस्त UAE, भारत के रणनीतिक तेल भंडारों के लिए भरी झोली, जंग के बीच मोदी की बड़ी कूटनीतिक जीत

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    पीयूष गोयल ने तेज किया GeM का कायाकल्प: AI टूल्स और व्यापक पहुंच के साथ सरकारी खरीद प्रणाली में बड़े सुधार की तैयारी

    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    IMF रैंकिंग का भ्रम और भारतीय अर्थव्यवस्था की हकीकत: छठी रैंक महज एक सांख्यिकीय ‘ग्लिच’, तीसरे स्थान की ओर भारत की रफ्तार बरकरार

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को सीजफायर के लिए कैसे मजबूर किया

    ऑपरेशन सिंदूर ने पाकिस्तान को युद्धविराम के लिए कैसे मजबूर किया ?

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    भारत का सैन्य पुनर्गठन: सुब्रमण्यम होंगे नए CDS और स्वामीनाथन बनेंगे नौसेना प्रमुख, रक्षा क्षेत्र में एक रणनीतिक बदलाव

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    डार्क ईगल का उदय: क्या 15 मिलियन डॉलर की हाइपरसोनिक मिसाइल ईरान के साथ जारी गतिरोध को खत्म कर पाएगी?

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    समझौते की संभावना नहीं, फिर युद्ध की ओर ईरान अमेरिका

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    भारत के मोस्ट वांटेड आतंकवादी पर पाकिस्तान में बड़ा हमला: लश्कर आतंकी अमीर हमजा को मारी गई गोली

    Donald Trump Iran ceasefire

    हॉर्मुज टोल टैक्स: अपनी जान छुड़ाने के लिए ट्रम्प पूरी दुनिया को फिरौती, महंगाई के नए दलदल में बेरहमी से झोंक चुके हैं

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    ट्रंप का बड़ा फैसला: अटॉर्नी जनरल पाम बोंडी को हटाया, अब ‘हिट लिस्ट’ में कौन?

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    कोर्ट ने भोजशाला को 'वाग्देवी मंदिर' माना है और हिंदू पक्ष को वहां पूजा-अर्चना का पूरा अधिकार देने की बात कही।

    भोजशाला: इतिहास, संघर्ष और “विजेता भाव” की अनकही कहानी

    भोजशाला पर हिंदुओं की बड़ी जीत

    धार की भोजशाला को इंदौर हाईकोर्ट ने माना वाग्देवी मंदिर माना, मुस्लिमों के नमाज़ के अधिकार का दावा ख़ारिज

    नीट (NEET-UG) परीक्षा प्रणाली में अहम बदलाव: शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के बड़े ऐलान और भविष्य की तैयारी

    नीट (NEET-UG) परीक्षा प्रणाली में अहम बदलाव: शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के बड़े ऐलान और भविष्य की तैयारी

    महाराणा प्रताप जयंती: भारत ने उस राजा की विरासत को पुनर्जीवित किया जिसने अधीनता के बजाय प्रतिरोध को चुना, पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि

    महाराणा प्रताप जयंती: भारत ने उस राजा की विरासत को पुनर्जीवित किया जिसने अधीनता के बजाय प्रतिरोध को चुना, पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज शिप

    कैरिबियन प्रिंसेस क्रूज पर नोरोवायरस का हमला: 3116 यात्रियों वाले क्रूज शिप पर 115 लोग बीमार

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा की बढ़ी मुश्किलें: NADA ने थमाया नोटिस, डोपिंग नियमों के उल्लंघन का खतरा!

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    आईपीएल 2026: चेन्नई सुपर किंग्स की दमदार वापसी, कोलकाता नाइट राइडर्स को जीत का इंतजार जारी

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    अंतरिक्ष का ‘बरमूडा ट्रायंगल’: 480 किमी ऊपर सैटेलाइट्स को निगल रहा रहस्यमयी ज़ोन, वैज्ञानिक भी सतर्क

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

हिंद की ‘आजाद’ सरकार का गठन और नेताजी के वो आंसू… कालापानी वाले द्वीप पर लहराया तिरंगा, बनाई महिलाओं की रेजिमेंट

21 अक्टूबर को 1943 में सिंगापुर में हुआ था आजाद हिंद सरकार का गठन

Shiv Chaudhary द्वारा Shiv Chaudhary
21 October 2024
in इतिहास
हिंद की 'आजाद' सरकार का गठन और नेताजी के वो आंसू... कालापानी वाले द्वीप पर लहराया तिरंगा, बनाई महिलाओं की रेजिमेंट

Photo Credit - Netaji Research Bureau

Share on FacebookShare on X

“मेरे वीरो! तुम्हारा युद्ध घोष होना चाहिए- ‘दिल्ली चलो! दिल्ली चलो!’ आजादी की इस लड़ाई में हममें से कितने बचेंगे, मैं नहीं जानता, पर मैं यह जानता हूं कि अंत में हम जीतेंगे और जब तक हमारे बचे हुए योद्धा लाल किले पर फतह का परचम लहरा नहीं लेते, हमारा मकसद पूरा नहीं होगा।” 5 जुलाई 1943 को आजाद हिंद फौज के सर्वोच्च कमांडर सुभाष चंद्र बोस के ये शब्द भारत की क्रांति गाथा और उनकी नई सरकार की गठन की पटकथा लिख रहे थे। इससे एक दिन पहले ही सिंगापुर के कैथे भवन में रासबिहारी बोस ने आजाद हिंद फौज (आईएनए) की कमान सुभाष चंद्र बोस के हाथों में सौंपी थी।

इस सरकार को 9 देशों से मिली थी मान्यता

इसके बाद अगले कुछ महीनों तक नेताजी स्वाधीनता आंदोलन की कमान संभालने वाला एक संगठन खड़ा करने के लिए लगातार मेहनत और यात्राएं करते रहे और अंतत: आज ही के दिन (21 अक्टूबर) को 1943 में सिंगापुर में एक ऐतिहासिक जनसभा के दौरान अंतरिम आजाद हिंद सरकार के गठन का एलान किया। इसे अरजी हुकुमत-ए-आजाद हिंद नाम से भी जाना जाता था और इस सरकार को जर्मनी, जापान, इटली, फिलिपींस, कोरिया, चीन और आयरलैंड समेत नौ देशों ने मान्यता दी थी।

संबंधितपोस्ट

राज से परे वीरता: नेताजी की ‘आजाद हिंद फौज’ के साहस को सम्मानित करने वाले पदक

नेताजी की आजाद हिंद फौज के खजाने का क्या हुआ? क्यों खजाने की लूट पर जांच से बचते रहे जवाहर लाल नेहरू ?

प्रधानमंत्री मोदी ने नेताजी सुभाष चंद्र बोस को दी श्रद्धांजलि, 1943 में पोर्ट ब्लेयर में तिरंगा फहराने की घटना को किया याद

और लोड करें

दुनिया के उस समय के शक्तिशाली साम्राज्‍य के खिलाफ बनी यह सरकार सिर्फ कागजों पर ही नहीं थी बल्कि इस सरकार की अपनी सेना, बैंक, अखबार, मुद्रा, झंडा, राष्ट्रगान, डाक टिकट और गुप्‍तचर तंत्र भी मौजूद था। साथ ही, सरकार गठन के अगले दिन नेताजी ने आजाद हिंद फौज में महिला रेजिमेंट का गठन किया था और इसकी कमान कैप्टन लक्ष्मी स्वामीनाथन के हाथों में थी। इस रेजिमेंट को रानी झांसी रेजिमेंट भी कहा जाता था।

शिशिर कुमार बोस ने अपनी किताब ‘नेताजी सुभाष चंद्र बोस’ में लिखा है, “स्वाधीन सरकार की स्थापना की घोषणा के बाद नेताजी ने राष्ट्राध्यक्ष और प्रधानमंत्री के रूप में पद की शपथ भी ली। वह अनमोल घड़ी भावनाओं से इतनी ओतप्रोत थी कि नेताजी सुबक उठे और उनके गालों पर आंसू बहने लगे थे। 200 वर्षों में पहली बार भारत के स्वाधीनता सेनानियों को अपने स्वाधीन राष्ट्रत्व की अनुभूति हुई थी।”

‘भारत का मुखिया नहीं बल्कि प्रतिनिधि हूं’

इस सरकार के गठन के बाद नवंबर 1943 में नेताजी ने टोकियो में असेंबली ऑफ ग्रेटर ईस्ट एशियाटिक नेशन्स में हिस्सा लिया और इस सम्मलेन में ‘भारत के स्वाधीनता संग्राम के प्रति पूर्ण हमदर्दी और समर्थन’ का एक प्रस्ताव पारित किया गया। इतिहासकार प्रोफेसर कपिल कुमार बताते हैं कि इस सम्मेलन के दौरान नेताजी को भारत का मुखिया कहकर संबोधित किया गया था तो उन्होंने कहा था कि मैं तो भारत का प्रतिनिध हूं। बकौल प्रोफेसर कुमार, “नेताजी ने कहा था कि मुखिया तो भारत के लोग अंग्रेजों के जाने के बाद बनने वाली स्वतंत्र भारत की सरकार में चुनेंगे।” इसी सम्मेलन में जापान के तत्कालीन प्रधानमंत्री तोजो ने जापानी सेना के कब्जे वाले अंडमान व निकोबार द्वीपसमूह के प्रशासनिक क्षेत्राधिकार आजाद हिंद सरकार को देने का एलान किया था।

आजाद हिंद सरकार का अंडमान-निकोबार पर कब्जा

आजाद हिंद सरकार ने अपने पहले प्रदेश के तौर पर अंडमान और निकोबार द्वीपसमूह का क्षेत्राधिकार अधिग्रहण किया था। इसी द्वीप के पोर्ट ब्लेयर पर अंग्रेजों ने सेल्युलर जेल बनाई हुई थी जिसमें स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों को कालापानी की सजा दी जाती थी। इसके लिए नेताजी बोस 29 दिसंबर 1943 को अंडमान पहुंचे थे। शिशिर बोस ने ‘नेताजी सुभाष चंद्र बोस’ किताब में लिखा है, “नेताजी ने राष्ट्राध्यक्ष की हैसियत से जिमखाना मैदान में एक विशाल जनसमुदाय के सामने उन्होंने राष्ट्रीय तिरंगा फहराया।” शिशिर बोस लिखते हैं, “प्रवास के दौरान नेताजी और उनके दल ने रॉस द्वीप स्थित ब्रिटिश मुख्य आयुक्त के निवास स्थान में बसेरा किया और उस पर गर्वपूर्वक राष्ट्रीय तिरंगा लहरा उठा। नेताजी ने अंडमान को ‘शहीद द्वीपसमूह’ तथा निकोबार को ‘स्वराज द्वीपसमूह’ नया नाम दिया।”

सिंगापुर से रंगून शिफ्ट हुआ सरकार का मुख्यालय

जब यह तय किया गया था कि आजाद हिंद फौज बर्मा के रास्ते भारत में प्रवेश करेगी तो नेताजी ने 7 जनवरी 1944 को आजाद हिंद सरकार का मुख्यालय सिंगापुर की जगह भारत के और नजदीक रंगून में शिफ्ट कर दिया। साथ ही, शाहनवाज खान की कमान वाली नंबर 1 गुरिल्ला रेजिमेंट ‘सुभाष ब्रिगेड’ 400 मील पैदल चलकर रंगून पहुंची। फरवरी 1944 में अराकान के मोर्चे पर, चटगांव जानेवली सड़क पर आजाद हिंद फौज की लड़ाई हुई और यहां फौज दुश्मन की सेना से बेहतर साबित हुई। इस लड़ाई के बाद जापान की सेना ने भी आजाद हिंद फौज का लोहा मान लिया था।

इम्फाल की लड़ाई और आजाद हिंद सरकार के गवर्नर की नियुक्ति

नेताजी के नेतृत्व में लड़ाई लड़ रही आजाद हिंद फौज ने मार्च 1944 के मध्य में इम्फाल पर आक्रमण किया और इसमें आईएनए के साथ में अड्डा जमाए तीन जापानी डिवीजनों ने भाग लिया था। शिशिर बोस ने ‘नेताजी सुभाष चंद्र बोस’ में लिखा है, “नेताजी और आजाद हिंद फौज के लिए इसका मतलब था भावी स्वाधीनता संग्राम के लिए एक सैन्य शिविर बनाने और ब्रह्मपुत्र घाटी का रास्ता खोलने के लिए सशस्त्र क्रांतिकारियों का बलात भारत में प्रवेश।”

21 मार्च 1944 को नेताजी ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में एलान किया कि जापानी सेना के साथ लड़ रही आजाद हिंद फौज 18 मार्च को भारत में प्रवेश कर चुकी है। शिशिर बोस लिखते हैं, “अप्रैल के पहले हफ्ते में नेताजी ने अपने मंत्रिमंडल के सदस्य ए.सी. चटर्जी को मुक्त क्षेत्रों का नामजद गवर्नर नियुक्त किया। अंतरिम सरकार का प्रशासकीय खंड ‘आजाद हिंद दल’ फौज के साथ-साथ आगे बढ़ता मुक्त क्षेत्रों का शासन संभालने को तैयार था।”

‘आजाद हिंद बैंक’ की कहानी

नेताजी की इस सरकार ने एक बैंक का भी निर्माण किया था यह बैंक रंगून में था और इसे ‘आजाद हिंद बैंक’ कहा जाता है। इतिहासकार प्रोफेसर कपिल कुमार बताते हैं कि जापानी नहीं चाहते थे कि नेताजी अपना बैंक बनाएं और इसके लिए 3 दिनों तक बातचीत चलती रही थी। प्रोफेसर कपिल कुमार ने बताया हैं कि जापानियों ने नेताजी से कहा था कि बैंक के लिए पैसा कहां से आएगा इस पर नेताजी ने कहा था कि मेरे पास पैसा है जो मेरे भारतीयों ने दिया है। अगस्त 1945 के बाद भी यह बैंक काम करता रहा था।

रानी झांसी रेजिमेंट को लेकर भ्रांतियां

नेताजी अपने युग के बहुत आगे की सोच रखते थे और उस समय में उन्होंने महिला रेजिमेंट की स्थापना की थी। नेताजी ने कहा था कि मुझे ऐसी युवतियां चाहिए जो झांसी की रानी की तरह तलवार उठाकर लड़ सकें। हालांकि, कई वामपंथी इतिहासकारों और उनसे जुड़े लोगों ने भ्रांतियां फैला दी हैं कि इस रेजिमेंट ने कभी युद्ध में भाग नहीं लिया था। प्रोफेसर कपिल कुमार बताते हैं, “मुझे अपनी रिसर्च के दौरान तीन ऐसे वृतांत मिले जिससे स्पष्ट होता है कि रानी झांसी रेजिमेंट ने अंग्रेजी पैराट्रूपर्स का सामना किया। रंगून से लौटते समय अंग्रेजों के छापामारों से सामना किया और एक जगह पर 6 घंटों तक अंग्रेजी सेना को आगे बढ़ने से रोका रखा।”

आजाद हिंद सरकार का राष्ट्रगान

गुरुदेव रविंद्र नाथ टैगोर के बंगाली में लिखे गए ‘भारतो भाग्यो बिधाता’ का नेताजी ने आसान हिन्दुस्तानी भाषा में अनुवाद करवाया था। इसके अनुवाद की जिम्मेदारी आजाद हिंद रेडियो के मुमताज हुसैन और आजाद हिंद फौज के कर्नल आबिद हसन सफरानी को दी गई थी और अनुवाद के बाद यह सरकार का राष्ट्रगान बन गया था।

शुभ सुख चैन की बरखा बरसे, भारत भाग है जागा
पंजाब, सिन्ध, गुजरात, मराठा, द्राविड़ उत्कल बंगा
चंचल सागर, विन्ध्य, हिमालय, नीला यमुना गंगा
तेरे नित गुण गाएँ, तुझसे जीवन पाएँ
सब तन पाए आशा।
सूरज बन कर जग पर चमके, भारत नाम सुभागा,
जय हो! जय हो! जय हो! जय जय जय जय हो!

सब के दिल में प्रीत बसाए तेरी मीठी वाणी,
हर सूबे के रहनेवाले, हर मज़हब के प्राणी,
सब भेद और फरक मिटा के,
सब गोद में तेरी आके,
गूँथे प्रेम की माला।
सूरज बनकर जग पर चमके, भारत नाम सुभागा,
जय हो! जय हो! जय हो! जय जय जय जय हो!

शुभ सवेरे पंख पखेरे, तेरे ही गुण गाएं
बास भरी भरपूर हवाएँ, जीवन में रुत लाएं
सब मिल कर हिन्द पुकारे, जय आज़ाद हिन्द के नारे।
प्यारा देश हमारा।
सूरज बन कर जग पर चमके, भारत नाम सुभागा,
जय हो! जय हो! जय हो! जय जय जय जय हो!

स्रोत: Subhas Chandra Bose, Netaji, INA, Azad Hind Fauj, Azad Hind Sarkar, War of Independence, सुभाष चंद्र बोस, नेताजी, आजाद हिंद सरकार, आजाद हिंद फौज, स्वतंत्रता की लड़ाई
Tags: Azad Hind FaujAzad Hind SarkarINANetajiSubhas Chandra BoseWar of Independenceआजाद हिंद फौजआजाद हिंद सरकारनेताजीनेताजी सुभाष चंद्र बोससुभाष चंद्र बोसस्वतंत्रता आंदोलन
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

मुझे महान देश भारत से प्यार, लेकिन बहुत चिंतित हूं… तसलीमा नसरीन ने अमित शाह से की क्या अपील?

अगली पोस्ट

‘मैंने भगवान से कहा आपको अयोध्या मामले का हल ढूंढना होगा’… राम मंदिर फैसले पर CJI चंद्रचूड़ ने बताई ‘मन की बात’

संबंधित पोस्ट

कोर्ट ने भोजशाला को 'वाग्देवी मंदिर' माना है और हिंदू पक्ष को वहां पूजा-अर्चना का पूरा अधिकार देने की बात कही।
इतिहास

भोजशाला: इतिहास, संघर्ष और “विजेता भाव” की अनकही कहानी

16 May 2026

जब किसी आक्रांता ने किसी मंदिर को तोड़ा होगा, तब शायद उसे यह विश्वास रहा होगा कि उसने केवल पत्थर नहीं गिराए, बल्कि एक सभ्यता...

भोजशाला पर हिंदुओं की बड़ी जीत
इतिहास

धार की भोजशाला को इंदौर हाईकोर्ट ने माना वाग्देवी मंदिर माना, मुस्लिमों के नमाज़ के अधिकार का दावा ख़ारिज

15 May 2026

मध्य प्रदेश के धार स्थित ऐतिहासिक भोजशाला को लेकर वर्षों से चल रहे विवाद पर आज बड़ा न्यायिक फैसला आया है। मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने...

महाराणा प्रताप जयंती: भारत ने उस राजा की विरासत को पुनर्जीवित किया जिसने अधीनता के बजाय प्रतिरोध को चुना, पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि
इतिहास

महाराणा प्रताप जयंती: भारत ने उस राजा की विरासत को पुनर्जीवित किया जिसने अधीनता के बजाय प्रतिरोध को चुना, पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि

9 May 2026

भारत देशव्यापी श्रद्धांजलि के साथ महाराणा प्रताप जयंती मना रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस स्मरणोत्सव का नेतृत्व किया और मेवाड़ के शासक को...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

From Runways to Warships: India’s Firefighting Warrior Built for Bases & Battles| IAF | VayuShakti

00:05:40

Ethanol, EVs and Solar- How India’s Energy Game Is Changing | Modi on LPG & Crude Oil | war| Hormuz

00:05:21

Truth of IRIS Dena: 8 Days That Changed Narrative | War zone Reality, Not an Indian Navy Exercise

00:08:02

300 Million Euros for SCALP: Strategic Necessity or Costly Dependency on France300

00:04:06

Tejas Mk1A: 19th aircraft coupled but Not Delivered: What Is Holding Back the IAF Induction?

00:07:21
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited