TFIPOST English
TFIPOST Global
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    दिमागी नक्सल

    बंदूक से आगे की लड़ाई  ‘दिमागी नक्सल’ और राष्ट्र को दिग्भ्रमित करने वाले नैरेटिव का खेल

    राहुल गांधी के धरने पर जेपी नड्डा का हमला

    राहुल गांधी के धरने पर जेपी नड्डा का हमला, बोले- ‘कैमराजीवी’ बनकर कर रहे हैं सस्ती राजनीति

    बच्चे आपके, संस्कार किसके?

    बच्चे आपके, संस्कार किसके?

    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    Lalithaa Jewellery Mart IPO: A Look at India’s Gold and Jewellery Retail Boom

    Lalithaa Jewellery Mart IPO: A Look at India’s Gold and Jewellery Retail Boom

    1947 to 2026 Independence Day Nehru to Modi

    Independence Day 2026: सुई बनाने से स्पेस तक, 80 साल में कितना बदला भारत?

    GOBARdhan Scheme Gas Import Bill

    GOBARdhan Scheme: ₹23,731 करोड़ की योजना से कैसे घटेगा भारत का $5 Billion गैस Import Bill?

    Bihar Liquor Ban NCAER REPORT

    Bihar Liquor Ban: बिहार को फायदा हुआ या नुकसान? NCAER रिपोर्ट ने उठाए सवाल

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    Third Aircraft Carrier Indian Navy China Threat

    भारत को क्यों चाहिए तीसरा एयरक्राफ्ट कैरियर? Explainer

    Chinese CCTV RISK

    CCTV के अंदर छिपा चीन का ‘सिक्योरिटी रिस्क’: ब्रिटेन में खुलासा, भारत में कितनी बड़ी चुनौती?

    Territorial Army AI Cyber Security and Direct Entry

    टेरिटोरियल आर्मी में अब AI और साइबर एक्सपर्ट्स की सीधी एंट्री? रक्षा मंत्रालय की नई योजना से बदल जाएगा TA का रोल

    म्यांमार के राष्ट्रपति यू मिन आंग ह्लाइंग 30 जून से 3 जुलाई 2026 तक भारत दौर पर थे

    म्यांमार के रेयर अर्थ खनिज, भारत की रणनीति और चीन की चुनौती

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग

    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग, कई लोगों की मौत; जांच में जुटी पुलिस

    क्या यूरोप पर 'आक्रमण' शुरू हो चुका है

    क्या यूरोप पर ‘आक्रमण’ शुरू हो चुका है? स्यूटा से उठ रहे वे सवाल जिन्हें अब यूरोप नज़रअंदाज़ नहीं कर सकता

    ट्रंप का बड़ा दावा

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारत पाकिस्तान का विभाजन

    15 अगस्त के बाद…80 वर्ष पहले भारत विभाजित होकर स्वतंत्र तो हो गया.. परन्तु अब आगे क्या..?

    80 वां स्वतंत्रता दिवस: दक्षिण भारत के गुमनाम स्वतंत्रता सेनानियों को सलाम

    80 वां स्वतंत्रता दिवस: दक्षिण भारत के गुमनाम स्वतंत्रता सेनानियों को सलाम

    Jawaharlal Nehru

    नेहरू की वो 3 गलतियां जिन्होंने विभाजन की विभीषिका को जन्म दिया

    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य

    Mostbet Casino in the Czech Republic: What Players Actually Get

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
tfipost.in
  • राजनीति
    • सभी
    • चर्चित
    • बिहार डायरी
    • मत
    • समीक्षा
    दिमागी नक्सल

    बंदूक से आगे की लड़ाई  ‘दिमागी नक्सल’ और राष्ट्र को दिग्भ्रमित करने वाले नैरेटिव का खेल

    राहुल गांधी के धरने पर जेपी नड्डा का हमला

    राहुल गांधी के धरने पर जेपी नड्डा का हमला, बोले- ‘कैमराजीवी’ बनकर कर रहे हैं सस्ती राजनीति

    बच्चे आपके, संस्कार किसके?

    बच्चे आपके, संस्कार किसके?

    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • सभी
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
    Lalithaa Jewellery Mart IPO: A Look at India’s Gold and Jewellery Retail Boom

    Lalithaa Jewellery Mart IPO: A Look at India’s Gold and Jewellery Retail Boom

    1947 to 2026 Independence Day Nehru to Modi

    Independence Day 2026: सुई बनाने से स्पेस तक, 80 साल में कितना बदला भारत?

    GOBARdhan Scheme Gas Import Bill

    GOBARdhan Scheme: ₹23,731 करोड़ की योजना से कैसे घटेगा भारत का $5 Billion गैस Import Bill?

    Bihar Liquor Ban NCAER REPORT

    Bihar Liquor Ban: बिहार को फायदा हुआ या नुकसान? NCAER रिपोर्ट ने उठाए सवाल

    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • सभी
    • आयुध
    • रणनीति
    Third Aircraft Carrier Indian Navy China Threat

    भारत को क्यों चाहिए तीसरा एयरक्राफ्ट कैरियर? Explainer

    Chinese CCTV RISK

    CCTV के अंदर छिपा चीन का ‘सिक्योरिटी रिस्क’: ब्रिटेन में खुलासा, भारत में कितनी बड़ी चुनौती?

    Territorial Army AI Cyber Security and Direct Entry

    टेरिटोरियल आर्मी में अब AI और साइबर एक्सपर्ट्स की सीधी एंट्री? रक्षा मंत्रालय की नई योजना से बदल जाएगा TA का रोल

    म्यांमार के राष्ट्रपति यू मिन आंग ह्लाइंग 30 जून से 3 जुलाई 2026 तक भारत दौर पर थे

    म्यांमार के रेयर अर्थ खनिज, भारत की रणनीति और चीन की चुनौती

    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • सभी
    • AMERIKA
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग

    अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग, कई लोगों की मौत; जांच में जुटी पुलिस

    क्या यूरोप पर 'आक्रमण' शुरू हो चुका है

    क्या यूरोप पर ‘आक्रमण’ शुरू हो चुका है? स्यूटा से उठ रहे वे सवाल जिन्हें अब यूरोप नज़रअंदाज़ नहीं कर सकता

    ट्रंप का बड़ा दावा

    डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा

    अमेरिका-ईरान समझौते का दावा: ट्रंप ने संघर्ष खत्म होने और होर्मुज़ जलडमरूमध्य खुलने की घोषणा की

    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • सभी
    • इतिहास
    • संस्कृति
    भारत पाकिस्तान का विभाजन

    15 अगस्त के बाद…80 वर्ष पहले भारत विभाजित होकर स्वतंत्र तो हो गया.. परन्तु अब आगे क्या..?

    80 वां स्वतंत्रता दिवस: दक्षिण भारत के गुमनाम स्वतंत्रता सेनानियों को सलाम

    80 वां स्वतंत्रता दिवस: दक्षिण भारत के गुमनाम स्वतंत्रता सेनानियों को सलाम

    Jawaharlal Nehru

    नेहरू की वो 3 गलतियां जिन्होंने विभाजन की विभीषिका को जन्म दिया

    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    ‘विभाजन की विभीषिका स्मृति दिवस’ : भारत में कई ‘मिनी पाकिस्तान’ पैदा हो चुके हैं ?

    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • सभी
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य

    Mostbet Casino in the Czech Republic: What Players Actually Get

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    ऑनलाइन वीडियो देखने की आदतें कैसे बदल रही हैं: स्ट्रीमिंग से ऑफलाइन एक्सेस तक

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    बिना किसी ऐप के Instagram वीडियो और फोटो कैसे डाउनलोड करें

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    गेमिंग और हमारे देश के नौजवानों का नया रिश्ता: मस्ती से लेकर कमाई तक का पूरा चक्कर

    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
tfipost.in
tfipost.in
कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • रक्षा
  • विश्व
  • ज्ञान
  • बैठक
  • प्रीमियम

लोकतंत्र से परेशान नेपाल! क्या फिर से बनेगा हिंदू राष्ट्र? जानें समस्या और सियासत

Nepal Hindu Rashtra Protest: नेपाल की जनता आखिर लोकतंत्र से क्यों परेशान है? आइये जानें आखिर 17 साल बाद हिंदू राष्ट और राजशाही की मांग क्यों हो रही है।

Shyamdatt Chaturvedi द्वारा Shyamdatt Chaturvedi
10 April 2025
in विश्व
Nepal, Hindu Rashtra, Kathmandu, Democracy, Nepal Protest

Nepal Hindu Rashtra Protest In Kathmandu

Share on FacebookShare on X

संबंधितपोस्ट

नेपाल में संसद चुनाव के लिए मतदान शुरू, महीनों की अशांति के बाद जनता ने डाले वोट

जनआंदोलन के बाद ‘जनादेश’ की बारी: नेपाल की राजनीतिक संरचना की निर्णायक परीक्षा



मुनीर की ताजपोशी और अमेरिका-चीन की शह: पाकिस्तान में शुरू हुआ सत्ता-सेना गठबंधन का नया संस्करण, भारत को सीधे चुनौती

और लोड करें

Nepal Hindu Rashtra Protest: पहाड़ियों और तराइयों में बसा नेपाल इन दिनों एक आंदोलन का सामना कर रहा है। काठमांडू की सड़कों से लेकर जनकपुर की गलियां पोस्टर-बैनर से भर गई हैं। आंदोलन सरकार की नीतियों, देश के बिगड़ते हालात, स्थिरता को लेकर हैं। आंदोलनकारियों को इन तमाम समस्याओं का हल अपनी पुरानी व्यवस्था में दिख रहा हैं। इसी कारण जनता ने 2008 राजशाही लोकतंत्र अपनाया और अब 17 साल बाद फिर राजशाही के लिए नारे लगा रही है। ऐसे में सवाल उठते हैं कि आखिर जनता फिर से देश को इकलौता हिंदू राष्ट्र (Nepal People Demand Hindu Rashtra) क्यों बनाना चाहती है? सेक्युलर नेपाल में जनता को क्या मिला? और हिंदू राष्ट्र कैसे बन सकता है?

साल 2006 में आंदोलन हुआ तो जनता चाहती थी लोकतंत्र आए और उन्हें जनता की चुनी सरकार मिले। जहां उनकी सरकार उनके लिए फैसले करें। हालांकि, महज 17 साल में जनता का लोकतंत्र से पेट भर गया। ऐसा नहीं कि ये नाराजगी लोकतंत्र से है। असल में जनता की ये नाराजगी देश के उन सियासी दलों से है जो जनता के मत को किनारे रखकर सत्ता के लिए कुछ भी कर सकते हैं। देश की एक बड़ी आबादी को हाशिये पर रखा गया। उन्हें धर्मांतरण, भ्रष्टाचार, सेक्युलर राष्ट्र के नाम पर पीछे धकेला गया।

लगातार आए धर्मांतरण के केस (Conversion in Nepal)

साल 2021 में नेपाल में जनगणना कराई गई थी। रिपोर्ट आई तो साफ हुआ कि एक समय जो देश हिंदू राष्ट्र हुआ करता था वहां हिंदुओं की आबादी कम हो रही है। ईसाई और मुस्लिम आबादी बढ़ रही है। जबकि, बौद्धों की संख्या में भी कमी आ रही है। इसके पीछे नेपाल में धर्मांतरण भी एक बड़ा कारण है। सितंबर 2024 में ही चर्च में धर्मांतरण का मामला सामने आया था। वहीं फरवरी 2025 में हिंदू संगठना के बवाल के बाद 17 लोगों को धर्मांतरण करने के आरोप में काठमांडू से गिरफ्तार किया गया था।

  • हिंदू धर्म में 0.11 फीसदी की कमी
  • बौद्ध धर्म में 0.79 फीसदी की कमी
  • इस्लाम में 0.69 फीसदी की वृद्धि
  • किरात धर्म में 0.17फीसदी की वृद्धि
  • ईसाई धर्म में 0.36 फीसदी की वृद्धि

लोगों ने बताई..समस्याएं और भी हैं (Nepal People Problems)

नेपाल की बड़ी आबादी को धर्मांतरण के अलावा भी कई समस्याओं का सामना करना पड़ा रहा है। भ्रष्टाचार के कारण देश में नौकरियों का सही विभाजन नहीं हो रहा है। अच्छे खासा पढ़े लिखे लोगों को बेरोजगारी का सामना करना पड़ रहा है। वहीं अल्पसंख्यक सिंपैथी के दम पर उनसे आगे निकल रहे हैं। लेफ्ट की सरकार देश की संस्कृति का चाइना करण कर रही है। इससे भी लोगों में खासी नाराजगी है।

दैनिक भास्कर से बात करते हुए एक आंदोलनकारी ने कहा कि मैंने 2005 में लोकतंत्र के लिए आंदोलन (Hindu Rashtra Protest Nepal) किया था। अब राजशाही के लिए आंदोलन कर रहा हूं। मैंने दोनो राज देखे हैं। मुझे लगता है देश जब हिंदू राष्ट्र था, तब हम ज्यादा खुश थे। वहीं एक और आंदोलनकारी ने कहा कि पार्टियों से देश का भला होता तो हमें सड़कों पर नहीं उतरना पड़ता। हम इस व्यवस्था को बदलकर रहेंगे। जबकि, एक अन्य आंदोलनकारी ने कहा कि हमें फिर से हिंदू राष्ट्र ही चाहिए। लोग लोकतंत्र से नहीं उसकी खामियों से नाराज हैं। सही से लोकतंत्र (Democracy In Nepal) ले आते तो हमें ऐसा करने की जरूरत नहीं पड़ती। इन्होंने देश में अपने स्वार्थ के लिए भ्रष्टाचार फैला रखा है। बेरोजगारी चरम पर है।

17 साल में 14 सरकार

राजशाही के अंत के बाद नेपाल में 2008 में लोकतंत्र की नींव पड़ी थी। उसके बाद से तीन प्रमुख पार्टियां नेपाली कांग्रेस, नेपाल कम्युनिस्ट पार्टी (UML) और नेपाल कम्युनिस्ट पार्टी (माओवादी) चुनावों में बढ़कर हिस्सा ले रही हैं और सरकार बना रही है। हालांकि, अभी तक देश में 14 बार सरकार बदल चुकी है। लोकतंत्र आने के बाद लोगों को उम्मीद थी कि उन्हें जनता का शासन देखने को मिलेगी। हालांकि, विरोधी हो या समर्थक सभी लोग आपस में मिलकर सरकार बना चुके हैं।

कभी एकमात्र हिंदू राष्ट्र था

नेपाल साल 2006 तक दुनिया का एकमात्र हिंदू राष्ट्र (Hindu Rashtra) था। उस समय तक वहां राजशाही (Nepal People Demand Rajshahi) व्यवस्था हुआ करती थी। राजा को लोग भगवान विष्णु का अवतार तक मानते थे। देश के संविधान में भी हिंदू धर्म को “राष्ट्र धर्म” के रूप में स्वीकार किया गया था। हालांकि, 2006 में लोकतांत्रिक आंदोलन और माओवादी विद्रोह के कारण राजशाही समाप्त कर दी गई। नेपाल को इस आंदोलन के बाद धर्मनिरपेक्ष गणराज्य घोषित किया गया। साल 2015 में नया संविधान बनाया गया और इसे सेक्युलर राष्ट्र के रूप में स्वीकार कर लिया गया।

क्यों हो रही हिंदू राष्ट्र की मांग?

राजशाही के प्रति सहानुभूति: जनता के एक हिस्से में राजा को लेकर अब भी भरोसा है।
वामपंथी सरकारों से असंतोष: शासन से उपजी अस्थिरता और आर्थिक कठिनाइयों के कारण लोग परेशान हैं।

सियासी दलों की ‘तानाशाही’

अभी नेपाल की मौजूदा सरकार नेपाल कम्युनिस्ट पार्टी (UML) के लीडर केपी शर्मा ओली के नेतृत्व में चल रही है। इनका गठबंधन नेपाली कांग्रेस के साथ है। इतिहास में दोनों दल एक दूसरे के विरोधी रहे हैं। हालांकि, इन्होंने सरकार बनाने के लिए गठबंधन कर लिया। यही कारण है कि लोग लोकतंत्र के खिलाफत में आ गए हैं। देश में हो रहे आंदोलन का समर्थन करने वाले तीनों पार्टियों के खिलाफ हैं।

क्या कहता है नेपाल का संविधान?

साल 2015 में बना नेपाल का संविधान देश को धर्मनिरपेक्ष बताता है। संविधान की धारा 4 कहती है कि नेपाल एक धर्मनिरपेक्ष राष्ट्र है। हालांकि, इसी धारा में यह जोड़ा गया है कि धर्मनिरपेक्षता का अर्थ सांस्कृतिक और धार्मिक स्वतंत्रता का संरक्षण होगा।

हिंदू राष्ट्र का रास्ता आसान नहीं

नेपाल में तेजी से हिंदू राष्ट्र की मांग हो रही है। आंदोलन में शामिल लोगों का एक हिस्सा हिंदू राष्ट्र के साथ राजशाही का भी समर्थन कर रहा है। ऐसे में भविष्य में कोई बड़ा जनमत या जन आंदोलन होता है जिस कारण देश के राजनीतिक समीकरण बदलते जाएं तो संभव है कि देश हिंदू राष्ट्र बन जाए। हालांकि, इसके रास्ते में कई चुनौतियां भी हैं।

  • संविधान में संशोधन के लिए दो-तिहाई बहुमत चाहिए।
  • राजनीतिक दलों में इस मुद्दे पर एकजुटता नहीं है।
  • मानवाधिकार संगठन धार्मिक पक्षपात वाली व्यवस्था के खिलाफ हैं।

संसद का सियासी गणित

नेपाल में आखिरी चुनाव साल 2022 में हुए थे। 275 सीटों वाली संसद में सरकार बनाने के लिए 138 सांसदों की जरूरत होती है। हालांकि, इस चुनाव में किसी को बहुमत हासिल नहीं हुआ। नेपाली कांग्रेस को 89, नेपाली कांग्रेस (UML) को 78 और CPN(MC) को 32 सांसद मिले थे। इसके अलावा RSP को 20, RPP को 14, JSP को 12, यूनिफाइड सोशलिस्ट को 10, जनमत पार्टी को 6 सांसद मिले थे।

सांसदों की संख्या के आधार पर देखा जाए तो नेपाल में 5वें नंबर का दल RPP खुलकर राजतंत्र की बहाली की बात कर रहा है। उनके पास पिछले चुनाव के आधार पर नेपाल में 5 फीसदी वोट हैं। पूर्व राजा ज्ञानेंद्र शाह खुलकर तो इसका समर्थन नहीं करते हैं। हालांकि, पार्टी उनका पूरा समर्थन करती है।

सियासी दलों के लिए धर्म संकट

नेपाल की 80% से अधिक आबादी हिंदू है। इसके अलावा 20 फीसदी के आसपास बौद्ध, मुसलमान, किरात और ईसाई हैं। ऐसे में देश को हिंदू राष्ट्र बनाने का मुद्दा सियासी दलों के लिए केवल इमोशनल ही नहीं रणनीतिक भी है। अभी देश में चल रहे आंदोलन (Nepal Hindu Rashtra Protest) का अंत क्या होगा। इसे लेकर तो कुछ साफ नहीं कहा जा सकता है। हालांकि, एक बात साफ है कि सियासी दलों की मिली जुली सरकार से लोग परेशान हैं। वो चाहते हैं देश में स्थिरता के लिए उसका हिंदू राष्ट्र होना जरूरी है।

Tags: DemocracyHindu RashtraKathmanduNepalNepal Protest
शेयरट्वीटभेजिए
पिछली पोस्ट

MS Dhoni बने चेन्नई सुपरकिंग्स के कप्तान, IPL से बाहर हुए ऋतुराज गायकवाड़

अगली पोस्ट

भारतीय रेलवे का ‘नव युग’: मोदी सरकार की वो 20 उपलब्धियाँ जिसने किया रेलवे का कायाकल्प

संबंधित पोस्ट

अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग
AMERIKA

अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना में घर के अंदर अंधाधुंध फायरिंग, कई लोगों की मौत; जांच में जुटी पुलिस

6 August 2026

अमेरिका के नॉर्थ कैरोलिना राज्य के कैसवेल काउंटी में बुधवार सुबह एक घर में हुई गोलीबारी से इलाके में सनसनी फैल गई। घटना में कई...

क्या यूरोप पर 'आक्रमण' शुरू हो चुका है
चर्चित

क्या यूरोप पर ‘आक्रमण’ शुरू हो चुका है? स्यूटा से उठ रहे वे सवाल जिन्हें अब यूरोप नज़रअंदाज़ नहीं कर सकता

31 July 2026

ज़रा कल्पना कीजिए...आप एक सुबह उठते हैं और देखते हैं कि हजारों लोग आपके शहर में प्रवेश कर चुके हैं। सड़कों पर भारी भीड़ है,...

ट्रंप का बड़ा दावा
AMERIKA

डोनाल्ड ट्रंप के भारत दौरे पर लगी मुहर, मार्को रुबियो बोले- जल्द आएंगे अमेरिकी राष्ट्रपति

27 June 2026

अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप जल्द भारत का दौरा करेंगे। अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने इसकी पुष्टि की है। रुबियो ने एक इंटरव्यू में...

और लोड करें

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

I agree to the Terms of use and Privacy Policy.
This site is protected by reCAPTCHA and the Google Privacy Policy and Terms of Service apply.

इस समय चल रहा है

Why India Needs a Bigger Navy | More Ships, More Presence, More Maritime Power

Why India Needs a Bigger Navy | More Ships, More Presence, More Maritime Power

00:05:33

India’s Fighter Force Needs More Than Jets | Here’s Why 150 Trainers Matter ? IAF | HAWK | HAL

00:04:44

RAW Chief’s Dhaka Visit: Is India Rebuilding Security Ties With Bangladesh? Reset or Routine?

00:03:30

Kargil From the Sky: Inside IAF’s Operation Safed Sagar

00:05:36

India Eyes Sixth-Generation Fighters: Why FCAS Matters Beyond AMCA

00:05:03
फेसबुक एक्स (ट्विटर) इन्स्टाग्राम यूट्यूब
टीऍफ़आईपोस्टtfipost.in
हिंदी खबर - आज के मुख्य समाचार - Hindi Khabar News - Aaj ke Mukhya Samachar
  • About us
  • Careers
  • Brand Partnerships
  • उपयोग की शर्तें
  • निजता नीति
  • साइटमैप

©2026 TFI Media Private Limited

कोई परिणाम नहीं मिला
सभी परिणाम देखें
  • राजनीति
    • चर्चित
    • मत
    • समीक्षा
  • अर्थव्यवस्था
    • वाणिज्य
    • व्यवसाय
  • रक्षा
    • आयुध
    • रणनीति
  • विश्व
    • अफ्रीका
    • अमेरिकाज़
    • एशिया पैसिफिक
    • यूरोप
    • वेस्ट एशिया
    • साउथ एशिया
  • ज्ञान
    • इतिहास
    • संस्कृति
  • बैठक
    • खेल
    • चलचित्र
    • तकनीक
    • भोजन
    • व्यंग
    • स्वास्थ्य
  • प्रीमियम
TFIPOST English
TFIPOST Global

©2026 TFI Media Private Limited